नक्सली क्षेत्रों में विस्फोटकों को ढूंढने में CRPF की मदद करेगा रोबोट
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के महानिदेशक के दुर्गा प्रसाद ने सोमवार को यहां कहा कि रोबोटिक उपकरण की क्षमता के बारे में आईआईटी मुंबई से परामर्श लिया जा रहा है। मंगलवार को सेवानिवृत्त हो रहे दुर्गा ने कहा कि इस उपकरण के इस्तेमाल से कचरे या पक्की सड़क के नीचे छिपा कर रखे बम का आसानी से पता लगाया जा सकता है और उसे निष्क्रिय किया जा सकता है। इस तरह इसके विस्फोट से जवानों को मौत के मुंह में जाने या जख्मी होने से बचाया जा सकता है।
रोबोट का परीक्षण चल रहा है
एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि रोबोट अभी परीक्षण के दौर में है। बाद में इसे दूर दराज के गश्ती दलों को सौंप दिया जाएगा ताकि वह विस्फोटकों का पता लगाने में इसका इस्तेमाल कर सकें और बम को सुरक्षित जगह पर निष्क्रिय कर सकें। दुर्गा प्रसाद ने कहा कि रोबोट का परीक्षण चल रहा है और जल्द ही इसका मौके पर परीक्षण करने के बाद इसे बल को सौंप दिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि हम जवानों को विशेष प्रकार के बूट भी मुहैया करवाएंगे। उसका परीक्षण भी हैदराबाद के एक संस्थान में चल रहा है। करीब तीन लाख जवानों का एक साल तक नेतृत्व करने वाले प्रसाद ने कहा कि सीआरपीएफ ने झारखंड, छत्तीसगढ़ जैसे राज्यों के सुरक्षा और पुलिस बलों के साथ संयुक्त अभ्यास किया है ताकि नक्सलियों के खिलाफ ऑपरेशन में प्रभावी तरीके से निपटा जाए।