पश्चिम बंगाल भाजपा अध्यक्ष दिलीप घोष के काफिले पर हमला, गाड़ियों के शीशे चकनाचूर
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पश्चिम बंगाल के भाजपा अध्यक्ष दिलीप घोष के काफिले पर गुरुवार को हमला किया गया है। घोष पर यह हमला तब किया गया जब वह अलीपुरद्वार जिले से गुजर रहे थे। इस दौरान कुछ उपद्रवियों ने उनके काफिले पर पत्थर फेंके। इस घटना में किसी को चोट नहीं आई है, कुछ गाड़ियों के शीशे फूट गए।
वहीं, इस हमले के बाद दिलीप घोष ने कहा है कि जब उनका काफिला अलीपुरद्वार क्षेत्र से गुजर रहा था, उस दौरान उन्हें काले झंडे दिखाए गए। उन्होंने बताया कि पत्थर लगने से गाड़ियों के शीशे चकनाचूर हो गए हैं। इसके अलावा गाड़ियों को बुरी तरह नुकसान हुआ है। गनीमत है कि किसी को चोट नहीं पहुंची है। घोष ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर हमले का आरोप लगाया है।
West Bengal: Convoy of state BJP chief Dilip Ghosh was attacked near Alipurduar.
— ANI (@ANI) November 12, 2020
Protestors also showed black flags and raised 'go back' slogans. pic.twitter.com/zpwrQ2ta3y
बताया गया है कि बंगाल भाजपा अध्यक्ष जिस गाड़ी में बैठे हुए थे, वह आगे निकल गई और पीछे आ रही गाड़ी हमले की चपेट में आ गई। इस घटना के बाद राज्य में सियासत गरमा गई है। राज्य में टीएमसी पर पहले से ही भाजपा कार्यकर्ताओं पर हमले करने के आरोप लगते रहे हैं।
दिलीप घोष के काफिले में कालचिनी के विधायक विल्सन चंपामारी भी यात्रा कर रहे थे। इस दौरान हमले में उनकी गाड़ी को नुकसान पहुंचा है। हालांकि, यह अभी तक स्पष्ट नहीं है कि बंगाल भाजपा अध्यक्ष के काफिले पर हमले के पीछे कौन है।
दिलीप घोष के काफिले पर यह हमला तब हुआ है, जब हाल ही में उन्होंने तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) कैडर को चेतावनी देते हुए कहा था कि अगर वह ठीक तरीके से नहीं चलते हैं तो उन्हें अस्पताल या श्मशान जाना पड़ेगा।
पूर्वी मिदनापुर जिले के हल्दिया शहर में एक रैली को संबोधित करते हुए, पश्चिम बंगाल भाजपा प्रमुख ने कहा था, विधानसभा चुनाव राज्य पुलिस के साथ नहीं बल्कि केंद्रीय बलों की मौजूदगी में होगा। टीएमसी कार्यकर्ताओं को सुधरना होगा और लोगों को परेशान करना बंद करना होगा।
उन्होंने कहा था कि यदि वे ऐसा नहीं करते हैं, तो उनके हाथ, पैर और पसली टूट जाएगी और उन्हें अस्पताल जाना होगा। इसके बाद भी अगर वह अपनी हरकतों से बाज नहीं आते हैं, तो उन्हें श्मशान जाना होगा।
घोष के इस बयान के बाद, टीएमसी ने उन पर पर निशाना साधा और कहा कि राज्य के भाजपा प्रमुख राजनीतिक माहौल को खराब कर रहे हैं, जबकि इस तरह के बयानों से पता चलता है कि भाजपा पश्चिम बंगाल में आतंक के शासन को लाने की कोशिश कर रही है।