Kerala: पशु चिकित्सा विश्वविद्यालय में छात्र की मौत, कांग्रेस ने CBI जांच की मांग की; भाजयुमो का प्रदर्शन
Kerala: कांग्रेस ने केरल के पशु चिकित्सा विश्वविद्यालय में छात्र की मौत के मामले की जांच सीबीआई से कराने की मांग की है। वहीं, भाजपा युवा मोर्चा के सदस्यों ने मामले को लेकर सचिवालय तक विरोध मार्च निकाला। इस दौरान उन पर पानी की बौछारें कीं गईं।
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केरल के वायनाड के पशु चिकित्सा एवं पशु विज्ञान विश्वविद्यालय में हाल में हुई एक छात्र की मौत का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। कांग्रेस नेता वीडी सतीशन ने रविवार को मामले की जांच सीबीआई से कराने की मांग की। इसको लेकर उन्होंने मुख्यमंत्री पिनरई विजयन को पत्र लिखा है।
'फांसी पर लटकाने से पहले बेरहमी से पीटा'
पत्र में उन्होंने कहा कि यह जानकारी सामने आ रही है कि छात्र सिद्धार्थ जेएस (20 वर्षीय) पर बर्बर हमला हुआ था, जिसके कारण उसकी 18 फरवरी को मौत हुई। छात्र के माता-पिता आरोप लगा रहे हैं कि स्टुडेंट फेडरेशन ऑफ इंडिया (एसएफआई) के नेताओं के नेतृत्व एक भीड़ ने उसे फांसी पर लटकाने से पहले बेरहमी से पीट-पीटकर मार डाला। उसे कई दिनों तक भोजन-पानी नहीं दिया। सतीशन ने पत्र में कहा, यह गंभीर मामला है। शिक्षक भी इस बर्बरता का हिस्सा थे।
'पुलिस जांच में आरोपियों को बचाने का प्रयास'
विधानसभा में विपक्ष के नेता सतीशन ने यह भी आरोप लगाया कि जिले के माकपा के वरिष्ठ नेताओं ने जांच अधिकारियों को धमकी दी थी। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस की जांच में गंभीर खामियां थीं और उन्होंने (पुलिस) मामले में आरोपियों को बचाने का प्रयास किया।
सीबीआई को सौंपा जाए मामला: सतीशन
सतीशन ने कहा, "पुलिस से निष्पक्ष जांच की उम्मीद नहीं कर सकते। केरल में ऐसी घटना दोबारा नहीं होनी चाहिए। परिजन केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) से जांच की मांग कर रहे हैं। राज्य सरकार को सभी वजहों पर विचार करना चाहिए और घटना के पीछे के तथ्यों व साजिश को सामने लाने के लिए मामले को सीबीआई को सौंपना चाहिए।"
बीए द्वितीय वर्ष का छात्र था सिद्धार्थ
सिद्धार्थ पशु चिकित्सा विज्ञान एवं पशुपालन से स्नातक की पढ़ाई कर रहा था और द्वितीय वर्ष का छात्र था। 18 फरवरी को उसका शव छात्रावास के बाथरूम में लटका मिला था। पुलिस ने इस मामले में सभी 18 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। उनमें से 15 को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। मृतक के माता-पिता का दावा है कि सिद्धार्थ के कॉलेज के कुछ साथियों ने उन्हें बताया कि एसएफआई के कुछ स्थानीय नेताओं और कार्यकर्ताओं ने उसकी पीट-पीटकर हत्या की।
शव पर चोट के निशान और खाली पेट
पिता ने कहा कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के अनुसार उनके बेटे के शरीर पर चोट के निशान थे और खाली पेट था। जिससे संकेत मिलता है कि उसे बेरहमी से पीटा गया और खाना भी नहीं दिया गया। माता-पिता के दावों के बाद राज्य में इस मामले पर राजनीति भी तेज हो गई। कांग्रेस और भाजपा ने सत्तारूढ़ माकपा की छात्र शाखा एसएफआई पर सिद्धार्थ को पीट-पीटकर मार डालने का आरोप लगाया। वहीं, एसएफआई ने इन आरोपों को खारिज किया।
भाजपा युवा मर्चा ने किया प्रदर्शन
वहीं, भाजपा युवा मोर्चा (भाजयुमो) ने पुलिस पर मामले की जांच में ढिलाई बरतने का आरोप लगाते हुए सचिवालय तक विरोध मार्च निकाला। इस दौरान पार्टी के सदस्यों के खिलाफ पुलिस ने पानी की बौछारों का इस्तेमाल किया।
#WATCH | Thiruvananthapuram, Kerala: Police use water cannons against the members of BJP Yuva Morcha during their protest march to the Secretariat alleging police lapses in the investigation of the death of JS Sidhharth.
— ANI (@ANI) March 3, 2024
Sidhharth was a student in Govt. Veterinary College,… pic.twitter.com/tl601gxKSz