Assam: फुलेर्तल में बाढ़ पीड़ितों से मिले राहुल गांधी, कहा- मैं लोगों के साथ हूं, संसद में उनका सिपाही हूं
राहुल गांधी के सिलचर पहुंचने पर मणिपुर के पूर्व मुख्यमंत्री ओकराम इबोबी सिंह ने उनका स्वागत किया। उसके बाद कांग्रेस नेता फुलेर्तल के थलाई में युवा देखभाल केंद्र में राहत शिविर का दौरा किया।
विस्तार
असम भीषण बाढ़ की चपेट में है। यहां के 28 जिलों में भारी बारिश और बाढ़ के चलते 23 लाख लोग प्रभावित हुए हैं। अब तक 78 लोगों की मौत हो चुकी है। ब्रह्मपुत्र समेत राज्य भर में कई प्रमुख नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं। इन सबके बीच कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने फुलेर्तल में बाढ़ पीड़ितों से मुलाकात की।
लोकसभा में विपक्ष के नेता ने सोमवार को कहा कि वह असम के लोगों के साथ हैं और संसद में उनके सिपाही हैं। उन्होंने केंद्र से राज्य को तुरंत हरसंभव सहायता मुहैया कराने का अनुरोध किया।
#WATCH | Assam: Congress MP Rahul Gandhi visits the relief camp at Thalai In Youth Care Center, Fulertal pic.twitter.com/IueaGcQpr7
विज्ञापन विज्ञापन— ANI (@ANI) July 8, 2024
राहुल गांधी के सिलचर पहुंचने पर मणिपुर के पूर्व मुख्यमंत्री ओकराम इबोबी सिंह ने उनका स्वागत किया। उसके बाद कांग्रेस नेता ने असम में कछार जिले के फुलेर्तल में एक बाढ़ राहत शिविर का दौरा किया। उसके बाद सोशल मीडिया एक्स पर कहा, ‘मैं असम के लोगों के साथ हूं, मैं संसद में उनका सिपाही हूं और मैं केंद्र सरकार से राज्य को तुरंत हरसंभव मदद मुहैया कराने का अनुरोध करता हूं।’
Assam: Congress MP Rahul Gandhi visited relief camp at Thalai In Youth Care Center, Fulertal, earlier today
— ANI (@ANI) July 8, 2024
(Source: Congress) pic.twitter.com/v7o7qkioF3
उन्होंने कहा कि असम को कम समय में राहत, पुनर्वास और मुआवजे की आवश्यकता है तथा दीर्घावधि में बाढ़ पर नियंत्रण पाने के लिए पूरे पूर्वोत्तर का एक जल प्रबंधन प्राधिकरण चाहिए। उन्होंने कहा कि असम में बाढ़ से मची तबाही ने दिल चीर कर रख दिया है। बाढ़ ने आठ वर्षीय अविनाश जैसे मासूम बच्चे को हमसे छीन लिया है। पूरे राज्य में सभी शोक संतप्त परिवारों के प्रति मेरी हार्दिक संवेदनाएं हैं।
तीन दिन बाद मिला था अविनाश
अविनाश और उसके पिता गुवाहाटी शहर में एक स्कूटर पर जाते समय एक खुले नाले में गिर गए थे। इस हादसे में उसके पिता तो बच गए, लेकिन बच्चे का शव तीन दिन बाद रविवार को चार किलोमीटर दूर नाले से बरामद किया गया।
राहुल ने कहा कि असम कांग्रेस के नेताओं ने उन्हें जमीनी स्थिति से अवगत कराया है कि 24 लाख से अधिक लोग बाढ़ से प्रभावित हैं। 53,000 तथा उससे अधिक लोग विस्थापित हो गए हैं और 60 से अधिक लोगों की मौत हो गई है। उन्होंने कहा कि यह संख्या भाजपा की ‘डबल इंजन’ सरकार के घोर और गंभीर कुप्रबंधन को दर्शाती है जो बाढ़ मुक्त असम के वादे के साथ सत्ता में आई थी।
कांग्रेस नेता ने पड़ोसी मणिपुर में हिंसा के बाद कछार जिले के थालैन में विस्थापित राज्य के लोगों के एक शिविर का भी दौरा किया और उनसे बातचीत की।
भूपेन बोरा ने ज्ञापन सौंपा
इससे पहले, यहां कुंभीग्राम हवाई अड्डे पर असम प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष भूपेन बोरा तथा राज्य व जिले के अन्य वरिष्ठ पार्टी नेताओं ने राहुल की अगवानी की। वह असम के बाद मणिपुर के जिरिबाम जिले के दौरे पर गए। बोरा ने राहुल को एक ज्ञापन सौंपते हुए उनसे राज्य में आयी विनाशकारी बाढ़ का मुद्दा केंद्र सरकार के समक्ष उठाने का अनुरोध किया ताकि लोगों को पर्याप्त राहत और बाढ़ के कारण हुई गंभीर क्षति के लिए मुआवजा मिल सके।
बोरा ने कहा, ‘हमारी पीड़ा को केंद्र तक पहुंचाने के लिए हम आपके आभारी रहेंगे।’ उन्होंने कहा कि असम को इस गंभीर स्थिति से निपटने के लिए एक पैकज मिलना चाहिए क्योंकि राज्य सरकार केंद्र से पर्याप्त निधि हासिल करने में नाकाम रही है जो डबल इंजन की सरकार के लिए दोहरी नाकामी है।
डबल इंजन पर हमला
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि पिछले पांच वर्ष में भाजपा की ‘डबल इंजन’ सरकार ने तटबंध की मरम्मत और पुनर्निर्माण को कोई महत्व नहीं दिया है। उन्होंने दावा किया, ‘इन पांच वर्षों में असम में भाजपा सरकार ने केंद्र सरकार से बाढ़ संबंधी राहत व पुनर्निर्माण के लिए 10,785 करोड़ रुपये देने का अनुरोध किया लेकिन उसे महज 250 करोड़ रुपये मिले।’
बोरा ने यह भी दावा किया कि असम में बाढ़ की समस्या का समाधान पर्वतों में हैं और पर्वतीय क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर वनों की कटाई के कारण नदियों में काफी गाद जमा हो जाती है जिससे नदी का तल ऊपर उठ जाता है और असम की नदियों की जल वहन की क्षमता कम हो जाती है।
उन्होंने कहा, ‘मानसून के दौरान और जलवायु परिवर्तन के कारण अत्यधिक बारिश हो रही है जिससे पानी का बहाव नदियों की वहन क्षमता से अधिक हो गया है।’
बोरा ने कहा कि इस समस्या का दीर्घकालीन समाधान पूरे पूर्वोत्तर का एक जल प्रबंधन प्राधिकरण बनाना है जिसे संसद द्वारा बाढ़ को नियंत्रण करने के लिए हर आवश्यक अधिकार प्राप्त हो। उन्होंने कहा कि अल्पावधि समाधान तटबंध जैसे मौजूदा बाढ़ प्रबंधन बुनियादी ढांचा मजबूत करना और प्रभावित लोगों को तत्काल राहत एवं पुनर्वास उपलब्ध कराना है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि पार्टी के नेता, सांसद, विधायक और जिला समित व अन्य पार्टी संगठन बाढ़ प्रभावित इलाकों का दौरा कर रहे रहे हैं तथा लोगों की मदद कर रहे हैं। राहुल जिरिबाम से सिलचर हवाई अड्डा लौटेंगे और फिर मणिपुर के अगले चरण के दौरे के लिए इंफाल जाएंगे।