फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Congress alleges that the Governor of Manipur is involved in unconstitutional acts

Manipur: कांग्रेस का आरोप- असांविधानिक कृत्यों में लिप्त हैं मणिपुर के राज्यपाल, हाईकोर्ट पहुंची पार्टी

Tue, 03 Feb 2026 12:21 PM IST
संध्या न्यूज डेस्क, अमर उजाला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला Published by: संध्या Updated Tue, 03 Feb 2026 12:21 PM IST
सार

मणिपुर में एक बार फिर राजनैतिक माहौल गर्म है। कांग्रेस कमेटी प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष के. मेघचंद्र ने राज्यपाल अजय कुमार भल्ला के खिलाफ हाई कोर्ट में याचिका दायर की है।

विज्ञापन
Congress alleges that the Governor of Manipur is involved in unconstitutional acts
अजय कुमार भल्ला, मणिपुर के राज्यपाल - फोटो : ANI

विस्तार

मणिपुर में कांग्रेस और राज्यपाल अजय कुमार भल्ला को लेकर घमासान देखने को मिल रहा है। मणिपुर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष के. मेघचंद्र ने राज्यपाल के खिलाफ मणिपुर हाई कोर्ट में याचिका दायर की है। कांग्रेस कमेटी का आरोप है कि राज्यपाल असांविधानिक कृत्यों में लिप्त हैं। याचिका में  संविधान के अनुच्छेद 174(1) के तहत राज्यपाल की शक्तियों को रद्द करने और अनुच्छेद 174(2) के तहत 12वीं मणिपुर विधानसभा के बाकी कार्यकाल को भंग करने की मांग की है।

विज्ञापन


मेघचंद्र ने 29 जनवरी को हाईकोर्ट में एक रिट याचिका दायर की। याचिका में भारतीय संविधान के अनुच्छेद 174 के तहत राज्यपाल के कार्यों को चुनौती दी गई है, ताकि मुख्य न्यायाधीश एक उचित डिवीजन बेंच के जरिए इस पर विचार कर सकें।
विज्ञापन


याचिका में क्या मांग की गई 

रिट याचिका में कहा गया है, "मणिपुर PCC अध्यक्ष के. मेघचंद्र ने मणिपुर के राज्यपाल के अनुच्छेद 174(1) के तहत असंवैधानिक कृत्यों और संविधान के अनुच्छेद 174(2) के तहत 12वीं मणिपुर विधानसभा के बाकी कार्यकाल को भंग करने के लिए मणिपुर हाई कोर्ट में याचिका दायर की है"
विज्ञापन
विज्ञापन


इस मामले में याचिकाकर्ता की ओर से वरिष्ठ वकील एन. भूपेंद्र मेइतेई पेश हो रहे हैं, जबकि भारत संघ और अन्य प्रतिवादियों का प्रतिनिधित्व भारत के उप सॉलिसिटर जनरल ख. समरजीत कर रहे हैं, जिनकी सहायता एन. नोंगदंबा कर रहे हैं। इस बीच, मणिपुर सरकार का प्रतिनिधित्व एडवोकेट जनरल लेनिन हिजाम और डिप्टी गवर्नमेंट एडवोकेट ओ. रारन कुमार ने किया।

कोर्ट ने याचिका पर क्या कहा 

कोर्ट ने कहा कि यह मामला भारतीय संविधान के अनुच्छेद 174 की व्याख्या से संबंधित है। इसे मणिपुर हाई कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश ए. गुनेश्वर शर्मा को भेजा गया है, ताकि वे एक उचित डिवीजन बेंच के ज़रिए रिट याचिका में शामिल महत्वपूर्ण मुद्दों पर विचार कर सकें। रिट याचिका में कहा गया है, "फाइल देखने पर पता चलता है कि यह मामला भारत के संविधान के अनुच्छेद 174 की व्याख्या से जुड़ा है। मणिपुर हाई कोर्ट रूल्स, 2019 के चैप्टर IV-A के नियम 3 उप-नियम (1) (d) के तहत शक्ति का इस्तेमाल करते हुए, इस मामले को माननीय मुख्य न्यायाधीश के पास भेजा जा रहा है ताकि इसे उचित डिवीजन बेंच के सामने रखा जा सके, क्योंकि इस रिट याचिका में महत्वपूर्ण मुद्दे शामिल हैं।"


कोर्ट ने साफ किया कि इस मामले में अभी तक किसी भी प्रतिवादी को कोई कानूनी नोटिस जारी नहीं किया गया है, रजिस्ट्री को सिर्फ़ मामले की लिस्टिंग के संबंध में आगे के प्रशासनिक आदेशों के लिए फाइल को मणिपुर हाई कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश के सामने रखने का निर्देश दिया गया है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed