{"_id":"696980b3e06d7060520b8365","slug":"census-household-count-begins-april-1st-population-count-in-second-phase-2026-01-16","type":"story","status":"publish","title_hn":"जनगणना: एक अप्रैल से घरों की गणना, दूसरे चरण में आबादी की गिनती; तैयार होंगी 18 भाषाओं में निर्देश पुस्तिकाएं","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
जनगणना: एक अप्रैल से घरों की गणना, दूसरे चरण में आबादी की गिनती; तैयार होंगी 18 भाषाओं में निर्देश पुस्तिकाएं
Fri, 16 Jan 2026 05:35 AM IST
निर्मल कांत
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली।
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली।
Published by: निर्मल कांत
Updated Fri, 16 Jan 2026 05:35 AM IST
सार
आजादी के बाद देश में आठवीं बार होने जा रही जनगणना के पहले चरण की तैयारियां तेज हो गई हैं, 32 लाख से ज्यादा निर्देश पुस्तिकाएं 18 भाषाओं में तैयार की जाएंगी। जनगणना कराने वालों को यह पुस्तिकाएं उनके अधिकार, कानूनी पहलू और मकानों की सूचीकरण की प्रक्रिया समझाने में मदद करेंगी। जियो-टैगिंग और रियल टाइम मॉनिटरिंग के साथ क्या इस बार पूरी आबादी की सही गणना हो पाएगी? पढ़िए रिपोर्ट-
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : एडॉब स्टॉक
विस्तार
आजादी के बाद देश में आठवीं बार होने जा रही जनगणना के पहले चरण के लिए 32 लाख से ज्यादा निर्देश पुस्तिकाएं तैयार होंगी। यह 18 भाषाओं में छापी जाएंगी। इसमें मकानों की सूचीकरण करने के नियम व तौर तरीके दर्ज होंगे।
यह देश में 30 लाख से ज्यादा जनगणना कराने वालों को वितरित होंगी। इसमें जनगणना कराने वालों की भूमिका, उनके अधिकार, कानूनी पहलू दर्ज होंगे। जनगणना कराने वाले जब घर-घर दस्तक देंगे तो उनके साथ यह निर्देश पुस्तिकाएं होंगी जो उनके काम को आसान बनाएंगी। जनगणना से जनकल्याण इस स्लोगन के साथ जनगणना के इस अभियान की तैयारियां तेज हो गई हैं। जिन भाषाओं में पुस्तिका तैयार की जाएगी उनमें हिंदी, बंगाली, अंग्रेजी, आसामी, गारो, गुजराती, कन्नड़, खासी, कोंकणी, मलयालम, मणिपुरी, मराठी, नेपाली, उड़िया, पंजाबी, तमिल, तेलुगु व उर्दू शामिल हैं। पहले चरण में मकानों की गिनती और आवास में रहने वालों की जानकारी का काम इस साल एक अप्रैल से शुरू होना है। इसके बाद, दूसरे चरण में फरवरी 2027 में आबादी की गणना होगी।
ये भी पढ़ें: Weather: उत्तर भारत में हाड़ कंपाती सर्दी, पहाड़ों पर बारिश का अलर्ट; कई राज्यों में एक हफ्ते तक सताएगा कोहरा
विज्ञापन
पहले चरण में हर भवन का होगा जियो-टैग
पहले चरण में हर भवन को जियो-टैग किया जाएगा। चाहे वह बंद या खाली ही क्यों न हों। जनगणना 2027 के लिए सेंसस मैनेजमेंट एंड मॉनिटरिंग सिस्टम तैयार किया गया है। यह जनगणना के काम को वास्तविक समय में देखेगा।
विज्ञापन
यह देश में 30 लाख से ज्यादा जनगणना कराने वालों को वितरित होंगी। इसमें जनगणना कराने वालों की भूमिका, उनके अधिकार, कानूनी पहलू दर्ज होंगे। जनगणना कराने वाले जब घर-घर दस्तक देंगे तो उनके साथ यह निर्देश पुस्तिकाएं होंगी जो उनके काम को आसान बनाएंगी। जनगणना से जनकल्याण इस स्लोगन के साथ जनगणना के इस अभियान की तैयारियां तेज हो गई हैं। जिन भाषाओं में पुस्तिका तैयार की जाएगी उनमें हिंदी, बंगाली, अंग्रेजी, आसामी, गारो, गुजराती, कन्नड़, खासी, कोंकणी, मलयालम, मणिपुरी, मराठी, नेपाली, उड़िया, पंजाबी, तमिल, तेलुगु व उर्दू शामिल हैं। पहले चरण में मकानों की गिनती और आवास में रहने वालों की जानकारी का काम इस साल एक अप्रैल से शुरू होना है। इसके बाद, दूसरे चरण में फरवरी 2027 में आबादी की गणना होगी।
विज्ञापन
ये भी पढ़ें: Weather: उत्तर भारत में हाड़ कंपाती सर्दी, पहाड़ों पर बारिश का अलर्ट; कई राज्यों में एक हफ्ते तक सताएगा कोहरा
विज्ञापन
पहले चरण में हर भवन का होगा जियो-टैग
पहले चरण में हर भवन को जियो-टैग किया जाएगा। चाहे वह बंद या खाली ही क्यों न हों। जनगणना 2027 के लिए सेंसस मैनेजमेंट एंड मॉनिटरिंग सिस्टम तैयार किया गया है। यह जनगणना के काम को वास्तविक समय में देखेगा।
विज्ञापन
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन