{"_id":"5de4f4f78ebc3e54ef7ae6b2","slug":"bjp-mp-nishikant-dubey-said-sustainable-development-more-important-than-gdp","type":"story","status":"publish","title_hn":"भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने जीडीपी पर कहा- यह बाइबल, रामायण या महाभारत नहीं है","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने जीडीपी पर कहा- यह बाइबल, रामायण या महाभारत नहीं है
Mon, 02 Dec 2019 04:56 PM IST
देव कश्यप
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: देव कश्यप
Updated Mon, 02 Dec 2019 04:56 PM IST
विज्ञापन
Nishikant Dubey
- फोटो : ANI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
संसद के शीतकालीन सत्र का आज 11वां दिन है। संसद में हैदराबाद में महिला पशु चिकित्सक के साथ सामूहिक दुष्कर्म के बाद उसकी निर्मम हत्या कर की गूंज के साथ-साथ कई मुद्दे उठे। संसद में पीएम मोदी और अमित शाह को घुसपैठिया बताने के कांग्रेस सांसद अधीर रंजन चौधरी के बयान का मुद्दा भी उठा। इसके बाद गिरती जीडीपी का मुद्दा भी उठा।
जीडीपी के मुद्दे पर लोकसभा में भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने कहा कि जीडीपी 1934 में आई इससे पहले कोई जीडीपी नहीं थी... केवल जीडीपी को बाइबल, रामायण या महाभारत मान लेना सत्य नहीं है और भविष्य में जीडीपी का बहुत ज्यादा उपयोग नहीं होगा।
उन्होंने कहा कि आज नई थ्योरी है आम आदमी का स्थायी आर्थिक कल्याण, हो रहा है या फिर नहीं हो रहा है। जीडीपी से ज्यादा महत्वपूर्ण है लोगों का सतत विकास। लोगों को खुशी मिल रही है या नहीं मिल रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन
जीडीपी के मुद्दे पर लोकसभा में भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने कहा कि जीडीपी 1934 में आई इससे पहले कोई जीडीपी नहीं थी... केवल जीडीपी को बाइबल, रामायण या महाभारत मान लेना सत्य नहीं है और भविष्य में जीडीपी का बहुत ज्यादा उपयोग नहीं होगा।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि आज नई थ्योरी है आम आदमी का स्थायी आर्थिक कल्याण, हो रहा है या फिर नहीं हो रहा है। जीडीपी से ज्यादा महत्वपूर्ण है लोगों का सतत विकास। लोगों को खुशी मिल रही है या नहीं मिल रही है।
विज्ञापन
Nishikant Dubey, BJP MP in Lok Sabha: Aaj ki nai theory hai ki sustainable economic welfare aam aadmi ka ho raha hai ke nahi ho raha. GDP se zyada important hai ke sustainable development, happiness ho raha hai ke nahi ho raha. https://t.co/GE0LNeyLO6
— ANI (@ANI) December 2, 2019