फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Big allegation of Union Jal Shakti Minister– Non-BJP ruled states not supporting Jal Jeevan Mission

Jal Jeevan Mission: जलशक्ति मंत्री का बड़ा आरोप- जल जीवन मिशन को सहयोग नहीं कर रहे गैर भाजपा शासित राज्य

Wed, 07 Jun 2023 04:08 PM IST
Amit Sharma Digital अमित शर्मा
Updated Wed, 07 Jun 2023 04:08 PM IST
विज्ञापन
सार
Jal Jeevan Mission: केंद्रीय जलशक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा कि अब तक केवल तीन करोड़ परिवारों तक ही नल से जल उपलब्ध कराया जाता था, लेकिन इसमें नौ करोड़ की वृद्धि करते हुए अब 12 करोड़ से अधिक परिवारों को नल से जल उपलब्ध कराया जा रहा है...
loader
Big allegation of Union Jal Shakti Minister– Non-BJP ruled states not supporting Jal Jeevan Mission
Jal Jeevan Mission - फोटो : Amar Ujala/Rahul Bisht

विस्तार

केंद्र ने ‘हर घर नल से जल योजना’ के अंतर्गत 2024 तक देश के सभी ग्रामीण घरों में जल उपलब्ध कराने का निर्णय किया था। केंद्र सरकार के आंकड़ों के अनुसार अब तक 62 फीसदी ग्रामीण घरों में नल से जल पहुंचाने का लक्ष्य हासिल कर लिया गया है। गोवा, हरियाणा और पुडुचेरी सहित सात राज्यों में हर घर को नल से जल पहुंचाने का लक्ष्य हासिल कर लिया गया है, तो कई राज्यों में यह लक्ष्य आधे से भी कम हासिल किया जा सका है। केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने आरोप लगाया है कि राजस्थान जैसे कुछ गैर भाजपा शासित राज्य इस योजना को लागू करने में पूरा सहयोग नहीं दे रहे हैं, जिससे लक्ष्य हासिल करने में कठिनाई आ रही है। हालांकि, उन्होंने दावा किया है कि अगले दो वर्ष में देश के हर ग्रामीण घरों की नल से जल योजना से जोड़ दिया जायेगा।  

देश में ग्रामीण इलाकों में कुल 19.45 करोड़ घर हैं। 15 अगस्त 2019 को केवल 3.23 करोड़ यानी लगभग 16 फीसदी घरों में नल से जल उपलब्ध कराया जा रहा था। अब 12.21 करोड़ यानी लगभग 62.79 फीसदी घरों में नल से जल उपलब्ध कराया जा रहा है।

यह भी पढ़ें: Punjab News: मोहाली पहुंचे केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत, कहा- अब 15 पैसे नहीं... पहुंच रहा पूरा रुपया

कितने घरों को नल से जल मिल रहा

गुजरात, गोवा, हरियाणा, तेलंगाना और पुडुचेरी सहित सात राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में शत-प्रतिशत घरों में नल के माध्यम से जल पहुंचाया जा रहा है। पंजाब में 99 फीसदी, हिमाचल प्रदेश में 98 फीसदी, बिहार में 96 फीसदी, उत्तर प्रदेश में 46 फीसदी, आंध्रप्रदेश 69 फीसदी और महाराष्ट्र में 76 फीसदी घरों को नल के माध्यम से जल उपलब्ध हो रहा है। राजस्थान (39%), मध्यप्रदेश (49%), छत्तीसगढ़ (46%), झारखंड (36%) और पश्चिम बंगाल (33%) घरों को नल से जल पहुंचा पा रहे हैं जो कि आधे से भी कम है।

केंद्र ने दिया कितना हिस्सा

केंद्र सरकार हर घर जल योजना के लिए राज्यों को आर्थिक मदद भी पहुंचा रही है। 2021-22 में राज्यों ने इस मद में केंद्र से 10,916 करोड़ रुपये की आर्थिक मदद प्राप्त की थी। 2021-22 में केंद्र की यह मदद चार गुना के करीब बढ़कर 40 हजार करोड़ रुपये से कुछ अधिक हो गई। 2022-23 में यह सहायता राशि 54,744 करोड़ रुपये हो गई। इस वित्त वर्ष के शुरुआत के दो महीनों में ही 4732 करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता दी जा चुकी है।

केंद्रीय मंत्री ने कहा

केंद्रीय जलशक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा कि अब तक केवल तीन करोड़ परिवारों तक ही नल से जल उपलब्ध कराया जाता था, लेकिन इसमें नौ करोड़ की वृद्धि करते हुए अब 12 करोड़ से अधिक परिवारों को नल से जल उपलब्ध कराया जा रहा है। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में हर घर को नल से जल उपलब्ध कराया जायेगा। अनुमान है कि यह लक्ष्य समय के अंदर यानी 2024 तक पूरा कर लिया जाएगा।

उन्होंने कहा कि पीएम मोदी की सरकार आने के पहले जल पर 26,278 करोड़ रुपये का खर्च किया जाता था। अब यह खर्च बढ़कर  2.80 लाख करोड़ रुपये कर दिया गया है। इसका असर हर क्षेत्र में दिखाई पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि सात राज्यों के साथ इसी वर्ष कई अन्य राज्य और केंद्र शासित प्रदेश सभी परिवारों तक पहुंचाने में सफल रहेंगे।

उन्होंने कहा कि एक करोड़ से अधिक जल सम्बंधित कार्यों के साथ सभी स्थानों पर पेयजल आपूर्ति कराने का प्रयास किया जा रहा था। 11 करोड़ शौचालयों के निर्माण के साथ 53 फीसदी गांव ओपन डेफिकेशन फ्री हो चुके हैं।

शेखावत ने दावा किया कि प्रधानमंत्री मोदी के सत्ता में आने से पहले देश में निराशाजनक स्थिति पैदा हो गई थी। सभी मोर्चे पर देश असफल होता प्रतीत हो रहा था, ऐसे माहौल में जनता ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अवसर देकर एक बड़े बदलाव की शुरुआत की। नौ साल बाद इसका परिणाम सामने आ रहा है और देश हर मोर्चे पर सफलता के नए प्रतिमान गढ़ रहा है। उन्होंने दावा किया कि आने वाले समय में विकास की यह गति जारी रहेगी।

दिल्ली के आंकड़े क्यों नहीं

शेखावत ने कहा कि जल जीवन मिशन योजना देश के ग्रामीण क्षेत्रों के लिए लागू किया गया है। दिल्ली को इस योजना के अंतर्गत पूर्ण शहरीकृत क्षेत्र माना गया है। हालांकि, कृषि सहित कई अन्य संदर्भों में दिल्ली की कुछ एरिया को ग्रामीण क्षेत्र के अंतर्गत माना जाता है। उन्होंने कहा कि दिल्ली में भी जल उपलब्धता सुनिश्चित कराने की कोशिश की जा रही है। दिल्ली में प्रदूषित जल सप्लाई करने की कई घटनाएं सामने आई हैं। उन्होंने कहा कि जल मुख्य रूप से राज्य का विषय है और वे उम्मीद करते हैं कि दिल्ली सरकार लोगों को साफ पानी उपलब्ध कराने की कोशिश करेगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

Next Article

Followed