बंगाल में पगड़ी के अपमान पर सिखों का विरोध प्रदर्शन, सीएम से मांगा इस्तीफा
भाजपा रैली के दौरान पुलिस ने सिख व्यक्ति से की थी हाथापाई
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पश्चिम बंगाल के हावड़ा में भाजपा के प्रदर्शन के दौरान सिख व्यक्ति की पिटाई करने और पुलिस द्वारा उसकी पगड़ी खींचने के विरोध में सिख समुदाय ने कोलकाता में रैली निकाली और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी से इस्तीफा मांगा। सिखों ने शुक्रवार रात हुई घटना के विरोध में बंगाली में नारे लगाए। प्रदर्शनकारियों ने कहा, ममता बनर्जी को यह बताना चाहिए कि क्यों आपकी पुलिस ने एक सिख की पगड़ी खींची। आप वजह बताएं या मुख्यमंत्री की कुर्सी छोडे़ं। हमारे समुदाय के सदस्य के साथ जिस तरह का दुर्व्यवहार किया गया, वह बेहद निंदनीय है। हम उन पुलिसकर्मियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई चाहते हैं, जिन्होंने यह काम किया है। हम अपने समुदाय के लिए यहां इकट्ठा हुए हैं और हमारा किसी दल से संबंध नहीं है।
दरअसल, आठ अक्तूबर को भाजपा युवा मोर्चा की रैली के दौरान 43 वर्षीय बलविंदर सिंह के साथ पुलिस ने हाथापाई की थी और इसमें उसकी पगड़ी खींची गई थी। इस मामले पर पुलिस ने कहा था कि बलविंदर के पास हथियार था और झड़प में पगड़ी अपने आप गिर गई थी। इस घटना के बाद भाजपा ने पश्चिम बंगाल सरकार पर सिखों की भावनाएं आहत करने का आरोप लगाया था।
हरभजन सिंह ने की कार्रवाई की मांग
क्रिकेटर हरभजन सिंह ने भी घटना की निंदा करते हुए सीएम से मामले में दखल देने की मांग की है। हरभजन ने ममता बनर्जी को टैग करते हुए ट्वीट किया, कृपया मामले में दखल दें। ऐसा नहीं होना चाहिए था।
पुलिस की सफाई, सभी धर्मों का सम्मान
उधर, पुलिस ने बलविंदर सिंह की फोटो शेयर करते हुए ट्वीट किया, पश्चिम बंगाल पुलिस सभी धर्मों का सम्मान करती है। पुलिस अधिकारी ने गिरफ्तारी से पहले उन्हें पगड़ी पहनने को कहा था। राज्य में कानून व्यवस्था बरकरार रखना हमारा कर्तव्य है। अटैच फोटो पुलिस स्टेशन ले जाते समय खींची गई थी।
घटना से पूरी दुनिया के सिखों में रोष: सिरसा
नई दिल्ली। दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधन समिति के अध्यक्ष व अकाली दल के प्रवक्ता मनजिंदर सिंह सिरसा ने कहा, बलविंदर सिंह पर बर्बर हमले और पगड़ी की बेअदबी से पूरी दुनिया में सिख समुदाय में रोष है। मैं मुख्यमंत्री ममता बनर्जी से अनुरोध करता हूं कि दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ जल्द से जल्द सख्त कार्रवाई की जाए, नहीं तो हम प्रदर्शन से लेकर कोर्ट तक हर कदम उठाएंगे। पुलिस की सफाई पर सिरसा ने कहा कि इससे सिखों की पीड़ा कम नहीं होगी। हम दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई चाहते हैं।