फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Balasore train accident: We have 40 to 41 unclaimed bodies says AIIMS Bhubaneswar Director

बालासोर ट्रेन हादसा: एम्स भुवनेश्वर के निदेशक बोले- हमारे पास अब भी 41 शव लावारिस, DNA नमूनों से कर रहे पहचान

Sat, 22 Jul 2023 04:47 PM IST
निर्मल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भुवनेश्वर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भुवनेश्वर Published by: निर्मल कांत Updated Sat, 22 Jul 2023 04:47 PM IST
सार

Balasore Train Accident: एम्स भुवनेश्वर के निदेशक डॉ. आशुतोष बिस्वास ने कहा कि उनके पास 40 से 41 लावारिस शव हैं और लोग उनके पास आ रहे हैं और वह डीएनए नमूनों का मिलान करने के शव उन्हें सौंप रहे हैं। 

विज्ञापन
Balasore train accident: We have 40 to 41 unclaimed bodies says AIIMS Bhubaneswar Director
ओडिशा रेल दुर्घटना (फाइल) - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

ओडिशा के बालासोर ट्रेन हादसे को डेढ़ महीने से भी ज्यादा समय हो चुका है। लेकिन, अब तक कई शवों की पहचान नहीं हो पाई है। इस बीच, एम्स भुवनेश्वर के निदेशक डॉ. आशुतोष बिस्वास ने कहा कि उनके पास 40 से 41 लावारिश शव हैं और लोग उनके पास आ रहे हैं और वह डीएनए नमूनों का मिलान करने के शव उन्हें सौंप रहे हैं। 

विज्ञापन


 

इससे पहले शुक्रवार को रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने राज्यसभा को बताया कि 'सिग्नलिंग-सर्किट-परिवर्तन' में चूक के कारण गलत सिग्नल दिया गया और इसी वजह से दो जून को ओडिशा के बालासोर जिले में दुखद ट्रिपल ट्रेन दुर्घटना हुई। इस हादसे में 295 लोगों की जान चली गई थी। वैष्णव ने कहा कि रेलवे में पिछले पांच साल में सिग्नल फेल होने के 13 मामले सामने आए हैं, लेकिन इंटरलॉकिंग सिग्नल प्रणाली में खराबी के कारण कोई घटना नहीं हुई। रेल मंत्री ने बालासोर में हुई रेल दुर्घटना को लेकर विभिन्न सदस्यों के सवालों के लिखित जवाब में यह जानकारी दी।
 

विज्ञापन
विज्ञापन

2 जून को हुई दुखद ट्रिपल ट्रेन दुर्घटना में चेन्नई जाने वाली कोरोमंडल एक्सप्रेस, हावड़ा जाने वाली शालीमार एक्सप्रेस और एक मालगाड़ी शामिल थी। वैष्णव ने कहा कि 295 यात्रियों की जान चली गई, जबकि 176 को गंभीर चोटें आईं, 451 को साधारण चोटें आईं और 180 को प्राथमिक उपचार मिला और वे घर चले गए।
 

विज्ञापन

रेल मंत्री सदन को बताया कि पिछले पांच साल में सिग्नल फेल होने के 13 मामले सामने आए हैं। उन्होंने बताया कि बालासोर दुर्घटना में मारे गए 41 लोगों के अवशेषों की अभी तक पहचान नहीं हो सकी है। उन्होंने कहा कि अज्ञात यात्रियों के शव एम्स, भुवनेश्वर में चिकित्सकीय रूप से निर्धारित तरीके से रखे गए हैं और सीएफएसएल, नई दिल्ली में विश्लेषण के लिए उनके डीएनए नमूने लिए गए हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed