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वायु प्रदूषण: दिल्ली एनसीआर में निर्माण कार्य पर प्रतिबंध के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट पहुंचा बिल्डर्स का संगठन
Sun, 05 Dec 2021 09:35 PM IST
गौरव पाण्डेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: गौरव पाण्डेय
Updated Sun, 05 Dec 2021 09:35 PM IST
सार
वायु प्रदूषण के चलते दिल्ली-एनसीआर में निर्माण कार्यों पर प्रतिबंध के फैसले के खिलाफ इलाके के बिल्डर्स के एक संगठन ने सुप्रीम कोर्ट का रुख किया है।
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सर्वोच्च न्यायालय
- फोटो : पीटीआई
विस्तार
दिल्ली और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) में निर्माण कार्यों पर रोक के सुप्रीम कोर्ट के आदेश को लेकर निर्माताओं के एक संगठन ने शीर्ष अदालत का दरवाजा खटखटाया है। 'डेवलपर्स एंड बिल्डर्स फोरम' नामक संगठन ने सुप्रीम कोर्ट से इस आदेश को रद्द करने की मांग की है। 60 से अधिक बिल्डर्स सदस्य वाले इस फोरम ने कहा है कि हम धूल प्रदूषण को कम करने के लिए आधुनिक निर्माण प्रौद्योगिकी का उपयोग करते हैं और इस संबंध में बनाए गए सभी नियमों का पालन करते हैं।
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फोरम ने सुप्रीम कोर्ट से कहा है कि संबंधित डाटा और आंकड़ों को देखते हुए अदालत को निर्माण कार्यों पर लगाए गए प्रतिबंध के निर्देश पर फिर से विचार करना चाहिए। इसने कहा कि यह निर्देश सभी हिस्सेदारों का पक्ष जाने बिना जारी किया गया है। निर्देश में विभिन्न निर्माण गतिविधियों के बीच अंतर को ध्यान में भी नहीं रखा गया है। यह निर्देश आवासीय व अन्य छोटे निर्माण कार्य पर भी प्रतिबंध लगाता है जिनके बारे में यह कहा ही नहीं जा सकता है इससे बड़ा प्रदूषण हो सकता है।
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सुप्रीम कोर्ट इस याचिका पर सोमवार को विचार कर सकता है। शीर्ष अदालत ने एनसीआर में केंद्र और राज्य सरकारों को शुक्रवार को निर्देश दिया था कि प्रदूषण को कम करने के लिए एनसीआर व आस-पास के इलाकों में वायु गुणवत्ता प्रबंधन के लिए आयोग के आदेशों को लागू किया जाए। इसके अलावा अदालत ने एक प्रस्ताव भी मांगा था जिसके अनुसार सभी औद्योगिक इकाइयां निश्चित समयावधि के अंदर पीएनजी या स्वच्छ ईंधन का इस्तेमाल करने लगेंगी या उन्हें बंद कर दिया जाएगा।
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