{"_id":"5f17d73e8ebc3e9ff91e9d08","slug":"air-force-commander-conference-begins-may-decide-on-deploying-rafale-in-ladakh","type":"story","status":"publish","title_hn":"रक्षा मंत्री राजनाथ ने एलएसी पर चीनी खतरे से किया आगाह, कहा- तैयार रहे वायुसेना","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
रक्षा मंत्री राजनाथ ने एलएसी पर चीनी खतरे से किया आगाह, कहा- तैयार रहे वायुसेना
Wed, 22 Jul 2020 11:36 AM IST
अनवर अंसारी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: अनवर अंसारी
Updated Wed, 22 Jul 2020 11:36 AM IST
विज्ञापन
वायु सेना के शीर्ष कमांडरों की कांफ्रेंस शुरू
- फोटो : ANI
भारत और चीन के बीच जारी सीमा विवाद के बीच रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह वायुसेना कमांडर्स की कांफ्रेंस में शामिल हुए। इस कांफ्रेंस की अध्यक्षता वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल आरकेएस भदौरिया ने की। रक्षा मंत्री ने लद्दाख में वायुसेना की भूमिका की जमकर तारीफ की और कहा कि हमें सतर्क रहने की जरूरत है।
विज्ञापन
राजनाथ सिंह ने कहा कि अगर भारत और चीन के बीच युद्ध जैसी स्थिति बनती है तो वायुसेना को शॉर्ट नोटिस पर ही अपने हथियारों को तैनात कर लेना है। इस बैठक में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और सभी सात कमांडर-इन-चीफ भी शामिल हुए।
विज्ञापन
रक्षा मंत्री राजनाथ ने बैठक को लेकर कहा कि आज वायुसेना कमांडर सम्मेलन के उद्घाटन सत्र को संबोधित किया। कुछ सबसे चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में वायुसेना की भूमिका को राष्ट्र द्वारा सम्मानित किया जाता है। कोविड-19 महामारी के दौरान देश की प्रतिक्रिया काफी सराहनीय रही है।
विज्ञापन
भारत सरकार ने कांफ्रेंस से संबंधित जानकारी देते हुए कहा कि वायुसेना कमांडर्स को संबोधित करते हुए रक्षा मंत्री ने पिछले कुछ महीनों के दौरान वायुसेना की अभियान क्षमताओं की जमकर तारीफ की।
सरकार ने बताया कि रक्षा मंत्री ने इस बात को रेखांकित किया कि भारतीय वायुसेना ने जिस कुशलता के साथ बालाकोट में हवाई हमलों को अंजाम दिया और पूर्वी लद्दाख में विकट परिस्थितियों के बीच जिस तरह इसने फॉरवर्ड लोकेशन पर हथियारों की तैनाती की, उससे दुश्मन को एक कड़ा संदेश गया।