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खतरा: बच्चों को भी शिकार बनाने लगा ब्लैक फंगस, अहमदाबाद में 15 साल का लड़का संक्रमित

Sat, 22 May 2021 04:13 PM IST
प्रशांत कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अहमादाबाद
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अहमादाबाद Published by: प्रशांत कुमार Updated Sat, 22 May 2021 04:13 PM IST
सार

कोविड महामारी के बाद ब्लैक फंगस लोगों पर सितम ढा रहा है। ब्लैक फंगस ना केवल बुजुर्गों को अपनी चपेट में ले रहा है, बल्कि बच्चों को भी नहीं छोड़ रहा है। देश के अलग-अलग हिस्सों में इसकी चपेट में बच्चे भी आ रहे हैं।

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15 yrs old boy diagnosed with mucormycosis black fungus in ahmedabad
ब्लैक फंगस का इलाज (फाइल फोटो) - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

ब्लैक फंगस के शिकार केवल बुजुर्ग ही नहीं हो रहे हैं, बल्कि यह बच्चों पर भी काल बनकर टूट रहा है। कोरोना संक्रमण से ठीक होने वाले मरीज म्यूकोर्मिकोसिस (ब्लैक फंगस) के शिकार हो रहे हैं। सबसे हैरानी की बात है कि यह बच्चों को भी नहीं छोड़ रहा है। गुजरात में यह नया मामला सामने आया है। अहमदाबाद में पीडियाट्रिक विभाग में 15 साल का एक लड़का पीड़ित पाया गया है। निजी अस्पताल  में बच्चा को भर्ती कराया गया है।  पीडियाट्रिक डॉक्टर अभिषेक बंसल ने बताया कि, अहमदाबाद में पीडियाट्रिक म्यूकोर्मिकोसिस का यह पहला मामला है। बच्चे की सर्जरी कर दी गई है। 

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डॉक्टर ने बताया कि 15 वर्षीय लड़के की रिपोर्ट पिछले दिनों ही निगेटिव आई थी, डिस्चार्ज किए जाने पर पता चला कि, उसे म्यूकोर्मिकोसिस (ब्लैक फंगस) है। जिसके चलते ऑपरेशन किया गया। ऑपरेशन के बाद लड़के की स्थिति सामान्य है। दो से तीन दिन के अंदर छुट्टी दे दी जाएगी। 
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ब्लैक के साथ व्हाइट फंगस के भी मिल रहे मरीज
ब्लैक फंगस के अलावा व्हाइट फंगस भी लोगों को अपनी चपेट में लेता जा रहा है। अहमदाबाद में पिछले दिनों व्हाइट फंगस के दो मरीज सामने आए हैं। अहमदाबाद के गेमर्स मेडिकल कॉलेज एंड सिविल हॉस्पिटल की ईएंडटी डिपार्टमेंट की हेड डॉ नीना भालोदिया ने बताया कि पिछले हफ्ते तीन में से 2 मरीज व्हाइट फंगस के मिले हैं। दोनों का इलाज कर बचा लिया गया है। यह दोनों इंफेक्शन उन लोगों में ज्यादा दिखे हैं, जिनकी इम्यूनी सिस्टम कमजोर  है। हालांकि बाजार में इसकी दवा उपलब्ध है। शुरुआत में लक्षण की पहचान होने से इसका इलाज संभव है। 

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