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Panchkula News: एचएसवीपी में करोड़ों के गबन मामले में दो आरोपी गिरफ्तार
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पंचकूला। राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) पंचकूला ने हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) के करोड़ों रुपये गबन मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में हरिंद्र पाल सिंह उर्फ लक्की निवासी सेक्टर-26 और नच्छत्तर सिंह निवासी बड़ी कुंडी जिला पंचकूला शामिल हैं। दोनों को गिरफ्तार कर शुक्रवार को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें तीन दिन के पुलिस रिमांड पर भेजा गया।
हरिंद्र पाल सिंह की भूमिका
पूछताछ में सामने आया कि वर्ष 2015-16 में आरोपी बलविंद्र सिंह (प्राइवेट व्यक्ति) ने रामनिवास, लेखाकार, एचएसवीपी के साथ मिलकर 35 करोड़ रुपये हरिंद्र पाल सिंह के खाते में ट्रांसफर कराए। इस गबन की राशि से आरोपी ने पंचकूला सेक्टर-26 में प्लॉट, मकान निर्माण, जीरकपुर में दुकान, कार और तीन स्कूल बसें खरीदीं। इसके अलावा सेक्टर-26 पंचकूला में प्लॉट खरीदने पर भी करोड़ों रुपये खर्च किए गए।
नच्छत्तर सिंह की भूमिका
नच्छत्तर सिंह ने पूछताछ में कबूला कि मई 2016 में उसके खाते में 3.46 करोड़ रुपये एचएसवीपी के खाते से आए, जिनमें से 3.20 करोड़ रुपये उसने बलविंद्र सिंह और रामनिवास को सौंप दिए और 20 लाख रुपये खुद रखे। बाद में उसके एक अन्य खाते में करीब 4 करोड़ रुपये और ट्रांसफर हुए, जिनमें से 50 लाख रुपये उसने अपने पास रखे। शेष राशि से पंजाब में फ्लैट बुक कराए गए और अन्य फर्मों में निवेश किया गया।
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सरकारी अफसर भी शामिल
जांच में यह भी खुलासा हुआ कि आरोपी सुनील बंसल, सीनियर लेखा अधिकारी (एचएसवीपी) ने धोखाधड़ी से खोले गए एक खाते (पंजाब नेशनल बैंक, मनीमाजरा) को अपनी सेवानिवृत्ति से ठीक एक दिन पहले 27 फरवरी 2019 को बंद करवा दिया। सेक्टर-7 में मामला दर्ज किया गया था और आगामी जांच एसीबी को सौंप दी गई थी।
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हरिंद्र पाल सिंह की भूमिका
पूछताछ में सामने आया कि वर्ष 2015-16 में आरोपी बलविंद्र सिंह (प्राइवेट व्यक्ति) ने रामनिवास, लेखाकार, एचएसवीपी के साथ मिलकर 35 करोड़ रुपये हरिंद्र पाल सिंह के खाते में ट्रांसफर कराए। इस गबन की राशि से आरोपी ने पंचकूला सेक्टर-26 में प्लॉट, मकान निर्माण, जीरकपुर में दुकान, कार और तीन स्कूल बसें खरीदीं। इसके अलावा सेक्टर-26 पंचकूला में प्लॉट खरीदने पर भी करोड़ों रुपये खर्च किए गए।
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नच्छत्तर सिंह की भूमिका
नच्छत्तर सिंह ने पूछताछ में कबूला कि मई 2016 में उसके खाते में 3.46 करोड़ रुपये एचएसवीपी के खाते से आए, जिनमें से 3.20 करोड़ रुपये उसने बलविंद्र सिंह और रामनिवास को सौंप दिए और 20 लाख रुपये खुद रखे। बाद में उसके एक अन्य खाते में करीब 4 करोड़ रुपये और ट्रांसफर हुए, जिनमें से 50 लाख रुपये उसने अपने पास रखे। शेष राशि से पंजाब में फ्लैट बुक कराए गए और अन्य फर्मों में निवेश किया गया।
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सरकारी अफसर भी शामिल
जांच में यह भी खुलासा हुआ कि आरोपी सुनील बंसल, सीनियर लेखा अधिकारी (एचएसवीपी) ने धोखाधड़ी से खोले गए एक खाते (पंजाब नेशनल बैंक, मनीमाजरा) को अपनी सेवानिवृत्ति से ठीक एक दिन पहले 27 फरवरी 2019 को बंद करवा दिया। सेक्टर-7 में मामला दर्ज किया गया था और आगामी जांच एसीबी को सौंप दी गई थी।