फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Panchkula News ›   Three fake call centres busted in Panchkula IT Park, 85 cyber fraudsters arrested

Panchkula News: पंचकूला के आईटी पार्क में तीन फर्जी कॉल सेंटरों का भंडाफोड़, 85 साइबर ठग गिरफ्तार

Fri, 22 Aug 2025 02:18 AM IST
Chandigarh Bureau चंडीगढ़ ब्यूरो
Updated Fri, 22 Aug 2025 02:18 AM IST
विज्ञापन
Three fake call centres busted in Panchkula IT Park, 85 cyber fraudsters arrested
पंचकूला। पंचकूला और साइबर हरियाणा की पुलिस टीम ने वीरवार को तीन फर्जी कॉल सेंटरों का भंडाफोड़ करते हुए 85 साइबर ठगों को गिरफ्तार किया है। ठगी के आरोपियों में 12 से ज्यादा लड़कियां भी शामिल हैं। आरोपी सेक्टर-22 आईटी पार्क में फर्जी कॉल सेंटर चला रहे थे। गिरफ्तार किए गए साइबर ठगों में कॉल सेंटरों के मालिक और कर्मचारी शामिल हैं। आरोपियों के खिलाफ एक मामला चंडीमंदिर थाना और दो मामले सेक्टर-20 साइबर क्राइम थाने में दर्ज किए गए हैं। पुलिस ने इन फर्जी कॉल सेंटरों से करीब 12 लाख की नकदी, 145 से ज्यादा लैपटॉप और करीब 140 मोबाइल बरामद किए हैं। पुलिस की कार्रवाई बुधवार रात से वीरवार तक चली।
विज्ञापन

इन फर्जी कॉल सेंटरों में संगठित तरीके से देश-विदेश खासतौर पर अमेरिका और यूरोप के नागरिकों को ठगी का शिकार बनाया जा रहा था। पुलिस जांच से सामने आया है कि कॉल सेंटरों में कार्यरत सभी आरोपी अंग्रेजी बोलने में माहिर हैं। लोगों को झांसा देने के लिए खुद को विभिन्न सेवा प्रदाताओं और हेल्प डेस्क स्टाफ के रूप में काम करते थे। वहीं, लोगों को मुफ्त सुविधाओं और योजनाओं का लालच देकर ठगी को अंजाम देते थे। इनमें ओबामा वेलफेयर इनिशिएटिव जैसी फर्जी स्कीमें भी शामिल थीं, जिन्हें भारत की बीपीएल योजना से जोड़कर पीड़ितों का विश्वास जीता जाता था। एक बार विश्वास हासिल हो जाने के बाद पीड़ितों से उनका व्यक्तिगत और बैंकिंग डाटा लेते थे, जिसे बाद में संगठित अपराधियों को बेच दिया जाता था। इसके अलावा कॉल सेंटर कर्मचारियों द्वारा पीड़ितों को ऑनलाइन कूपन खरीदने के लिए मजबूर किया जाता था, जिन्हें आगे चलकर बिटकॉइन में परिवर्तित कर हवाला नेटवर्क के माध्यम से धन प्राप्त किया जाता था।
विज्ञापन

बॉक्स

फर्जी कॉल सेंटरों से ये बरामदगी

डीसीपी क्राइम एंड ट्रैफिक मनप्रीत सूदन ने बताया कि कार्रवाई के दौरान पुलिस ने भारी मात्रा में डिजिटल उपकरण और नकदी बरामद की। सर्टीस आईटी सर्विस कॉल सेंटर से 85 लैपटॉप, 62 मोबाइल फोन और 8.40 लाख रुपये नकद बरामद किए हैं। वहीं, आईस्पेश टेक्नोलॉजी प्राइवेट लिमिटेड से 62 लैपटॉप, 60 मोबाइल फोन और 73 हजार रुपये की नकदी और तीसरे कॉल सेंटर से 18 मोबाइल फोन, 21 सीपीयू, एक लैपटॉप और 3.20 लाख रुपये की नकदी जब्त की है। इस मामले में पंचकूला पुलिस द्वारा तीन अलग-अलग प्राथमिकी एफआईआर दर्ज की गई है और आरोपियों से पूछताछ जारी है। पुलिस का मानना है कि इस कार्रवाई से साइबर अपराधियों के एक बड़े गिरोह का पर्दाफाश हुआ है, जिसकी जड़ें भारत से बाहर तक फैली हो सकती हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


बॉक्स
पुलिस ने इनसे जुड़े अन्य नेटवर्क की गहन जांच में जुटी
डीसीपी क्राइम एंड ट्रैफिक मनप्रीत सूदन ने बताया कि इन तीनों कॉल सेंटरों का भंडाफोड़ करने में तीन टीमों ने महत्वपूर्ण भूमिका रही। इनमें साइबर थाना पुलिस, थाना चंडीमंदिर, क्राइम ब्रांच सेक्टर-26 और साइबर हरियाणा एवं डिटेक्टिव स्टाफ के अधिकारी शामिल थे। टीमों की आपसी समन्वय और त्वरित कार्रवाई से न केवल तीनों कॉल सेंटरों पर एक साथ छापेमारी संभव हो पाई बल्कि 85 व्यक्तियों को मौके पर ही हिरासत में लिया गया। पुलिस अब इनसे जुड़े अन्य नेटवर्क की गहन जांच में जुटी है। इस मामले में करीब दस मुख्य आरोपियों को खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed