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कोरोना से मौत : 96 मृतकों के परिजनों को नहीं मिला मुआवजा, जिले में 414 लोगों की हुई है मौत
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पंचकूला। कोरोना में जान गंवाने वालों के परिजनों को सरकारी मदद के रूप में मिलने वाला मुआवजा देरी से मिल रहा है। अभी तक लोगों को मुआवजा क्यों नहीं मिल रहा है, इसकी जानकारी भी नहीं दी गई है। इस कारण 96 मृतकों के परिजनों को 50 हजार रुपये का मुआवजा मिलने में देरी हो रही है। पंचकूला में अब तक कोरोना से 414 लोगों की मौत हुई है। इसमें 333 लोगों के परिजनों ने मुआवजे के लिए अप्लाई किया है। जिसमें से 219 को मुआवजा दिया गया है। 96 कोरोना मृतकों के परिजनों को मुआवजा नहीं मिला है।
जानकारी के अनुसार प्रशासन के कर्मचारियों की तरफ से कागजी प्रक्रिया पूरी नहीं करने के कारण इस तरह के हालात बने हैं। कालका निवासी रोहित मरवाहा ने बताया कि उनके पिता की कोरोना से 14 सितंबर 2020 को मौत हो चुकी है। इसके लिए उन्होंने फार्म जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी के यहां जनवरी में भरा था। फार्म भरने के बाद अभी तक उन्हें मुआवजा राशि नहीं मिली है। उनका कहना है कि सरकार की तरफ से भले ही कोरोना में जान गंवाने वाले लोगों के परिजनों को मुआवजा देने की बात कही है, लेकिन यह मुआवजा अभी तक नहीं मिला है।
इसके लिए दो बार डीसी ऑफिस आकर पता किया तो विभाग की तरफ से सही जानकारी नहीं दी गई। इस तरह के हालात में कोई जानकारी भी नहीं दी जा रही है। उन्होंने बताया कि इस मुआवजे को हासिल करने के लिए संबंधित परिवार को मृतक का कोविड-19 मृत्यु प्रमाण पत्र, आधार कार्ड, लाभार्थी के बैंक खाता संबंधी जानकारी संलग्न करके आवेदन संबंधित जिला आपदा अधिकारी को दिया गया। इसके बाद इस पर कोई सुनवाई नहीं हुई है। वहीं इसी तरह रोजाना लोग मुआवजे के लिए डीसी ऑफिस का चक्कर काट रहे हैं लेकिन यह मुआवजा लोगों को मिल नहीं रहा है।
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कोरोना से मौत होने पर संबंधित परिजनों को मुआवजा दिया जा रहा है। जो भी लाभार्थी हैं अगर उनके कागज पूरे होंगे तो 30 दिन के अंदर मुआवजा दिया जाएगा। जिनके कागज नहीं पूरे होंगे उनको दोबारा बुलाकर कागजात जांच के बाद कागजात पूरे करवाए जाएंगे। - महावीर कौशिक, उपायुक्त, जिला प्रशासन
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जानकारी के अनुसार प्रशासन के कर्मचारियों की तरफ से कागजी प्रक्रिया पूरी नहीं करने के कारण इस तरह के हालात बने हैं। कालका निवासी रोहित मरवाहा ने बताया कि उनके पिता की कोरोना से 14 सितंबर 2020 को मौत हो चुकी है। इसके लिए उन्होंने फार्म जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी के यहां जनवरी में भरा था। फार्म भरने के बाद अभी तक उन्हें मुआवजा राशि नहीं मिली है। उनका कहना है कि सरकार की तरफ से भले ही कोरोना में जान गंवाने वाले लोगों के परिजनों को मुआवजा देने की बात कही है, लेकिन यह मुआवजा अभी तक नहीं मिला है।
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इसके लिए दो बार डीसी ऑफिस आकर पता किया तो विभाग की तरफ से सही जानकारी नहीं दी गई। इस तरह के हालात में कोई जानकारी भी नहीं दी जा रही है। उन्होंने बताया कि इस मुआवजे को हासिल करने के लिए संबंधित परिवार को मृतक का कोविड-19 मृत्यु प्रमाण पत्र, आधार कार्ड, लाभार्थी के बैंक खाता संबंधी जानकारी संलग्न करके आवेदन संबंधित जिला आपदा अधिकारी को दिया गया। इसके बाद इस पर कोई सुनवाई नहीं हुई है। वहीं इसी तरह रोजाना लोग मुआवजे के लिए डीसी ऑफिस का चक्कर काट रहे हैं लेकिन यह मुआवजा लोगों को मिल नहीं रहा है।
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कोरोना से मौत होने पर संबंधित परिजनों को मुआवजा दिया जा रहा है। जो भी लाभार्थी हैं अगर उनके कागज पूरे होंगे तो 30 दिन के अंदर मुआवजा दिया जाएगा। जिनके कागज नहीं पूरे होंगे उनको दोबारा बुलाकर कागजात जांच के बाद कागजात पूरे करवाए जाएंगे। - महावीर कौशिक, उपायुक्त, जिला प्रशासन