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25 करोड़ रुपये से अधिक लागत वाली प्रमुख विकास परियोजनाओं को जल्द पूरा करें : डॉ. साकेत
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लघु सचिवालय में अधिकारियों को निर्देश देते डा. साकेत कुमार। विज्ञप्ति
कैथल। प्रशासनिक सचिव डॉ. साकेत कुमार ने लघु सचिवालय के सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक के दौरान कहा कि जिले में चल रही विकास परियोजनाओं को गति देते हुए निर्धारित समय सीमा में पूरा करना सुनिश्चित करें। निर्माण कार्यों में आने वाली तकनीकी समस्याओं का संबंधित विभागों के साथ समन्वय स्थापित कर शीघ्र समाधान किया जाए, ताकि परियोजनाओं का लाभ लोगों को समय पर मिल सके। बैठक में डीसी अपराजिता सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे। डॉ. साकेत कुमार ने 25 करोड़ रुपये से अधिक लागत वाली और अन्य प्रमुख विकास परियोजनाओं की स्थिति का समीक्षा की।
इनमें राजौंद में राजकीय कॉलेज, कैथल शहर में निर्माणाधीन सिटी स्क्वायर, संस्कृत विश्वविद्यालय भवन, मेडिकल कॉलेज सहित विभिन्न परियोजनाएं शामिल रहीं। इस अवसर पर जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी गुलजार मलिक, डीएमसी कपिल शर्मा, कैथल एसडीएम संजय कुमार, गुहला एसडीएम मनीष यादव, सीटीएम कैप्टन प्रमेश सिंह और डीएसपी बीरभान सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
96 प्रतिशत से अधिक आयुष्मान कार्ड बनाए जा चुके
उन्होंने कहा कि एनडीपीएस अधिनियम के तहत दर्ज मामलों में नियमानुसार त्वरित और सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। इसके साथ ही उन्होंने सेवा के अधिकार अधिनियम के तहत नागरिकों को मिलने वाली सेवाओं की भी समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सरकारी सेवाओं का लाभ लोगों तक समयबद्ध तरीके से पहुंचाया जाए। विकास कार्यों में किसी भी स्तर पर अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए। यदि किसी परियोजना में तकनीकी या प्रशासनिक अड़चन आती है, तो संबंधित विभाग आपसी तालमेल से उसका समाधान करें। बैठक में आयुष्मान भारत योजना के तहत स्वास्थ्य सेवाओं की उपलब्धता, उपचार पैकेजों और कार्ड बनाने की प्रगति से संबंधित जानकारी भी साझा की गई। सिविल सर्जन डाॅ. रेणु चावला ने बताया कि 96 प्रतिशत से अधिक आयुष्मान कार्ड बनाए जा चुके हैं और पात्र लोगों को योजना का लाभ उपलब्ध करवाया जा रहा है।
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इनमें राजौंद में राजकीय कॉलेज, कैथल शहर में निर्माणाधीन सिटी स्क्वायर, संस्कृत विश्वविद्यालय भवन, मेडिकल कॉलेज सहित विभिन्न परियोजनाएं शामिल रहीं। इस अवसर पर जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी गुलजार मलिक, डीएमसी कपिल शर्मा, कैथल एसडीएम संजय कुमार, गुहला एसडीएम मनीष यादव, सीटीएम कैप्टन प्रमेश सिंह और डीएसपी बीरभान सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
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96 प्रतिशत से अधिक आयुष्मान कार्ड बनाए जा चुके
उन्होंने कहा कि एनडीपीएस अधिनियम के तहत दर्ज मामलों में नियमानुसार त्वरित और सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। इसके साथ ही उन्होंने सेवा के अधिकार अधिनियम के तहत नागरिकों को मिलने वाली सेवाओं की भी समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सरकारी सेवाओं का लाभ लोगों तक समयबद्ध तरीके से पहुंचाया जाए। विकास कार्यों में किसी भी स्तर पर अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए। यदि किसी परियोजना में तकनीकी या प्रशासनिक अड़चन आती है, तो संबंधित विभाग आपसी तालमेल से उसका समाधान करें। बैठक में आयुष्मान भारत योजना के तहत स्वास्थ्य सेवाओं की उपलब्धता, उपचार पैकेजों और कार्ड बनाने की प्रगति से संबंधित जानकारी भी साझा की गई। सिविल सर्जन डाॅ. रेणु चावला ने बताया कि 96 प्रतिशत से अधिक आयुष्मान कार्ड बनाए जा चुके हैं और पात्र लोगों को योजना का लाभ उपलब्ध करवाया जा रहा है।

लघु सचिवालय में अधिकारियों को निर्देश देते डा. साकेत कुमार। विज्ञप्ति
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