Sunny Hinduja: ‘एस्पिरेंट्स’ के संदीप भैया अब बने आईएसआई एजेंट, कई बायोपिक करना चाहते हैं सनी हिंदुजा
Sunny Hinduja Interview: वेब सीरीज ‘एस्पिरेंट्स’ से अपनी पहचान बनाने वाले अभिनेता सनी हिंदुजा अब एक दम अलग और नए किरदार में नजर आने वाले हैं। जानिए अपनी अब तक की जर्नी को लेकर उन्होंने क्या कुछ कहा।
विस्तार
पॉपुलर वेब सीरीज 'एस्पिरेंट्स' का संदीप भैया का किरदार आज भी ऑडियंस के दिलों में एक खास जगह बनाए हुए है। इस किरदार को निभाने वाले अभिनेता सनी हिंदुजा अब एक नए रोल में नजर आएंगे। वो आगामी वेब सीरीज 'सारे जहां से अच्छा' में पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई के एजेंट के किरदार में दिखेंगे। सीरीज का ट्रेलर सामने आने के बाद कई लोगों ने मजाकिया अंदाज में कमेंट किया कि ‘संदीप भैया तो आईएएस बनने की तैयारी कर रहे थे, अब पाकिस्तानी आईएसआई ज्वाइन कर लिया।’ अब अमर उजाला डिजिटल से बातचीत में अभिनेता ने इस पर बड़ी दिलचस्पी से जवाब दिया।
'एक्टर हमेशा भूखा रहता है...'
अमर उजाला डिजिटल से बातचीत में सनी हिंदुजा ने कहा कि देखिए, एक्टर होता है तो भूखा होता है, मतलब हमेशा अच्छे रोल्स का इंतजार करता रहता है। मैं भी उसी कड़ी में हूं। अच्छे राइटर्स, अच्छे मेकर्स और अच्छे प्लेटफॉर्म्स के लिए इंतजार करना पड़ता है।
लोगों का प्यार गहरा होता है, भले नाम न जानें
एक्टर ने आगे कहा कि ट्रोलर्स के जो चुटकुले बनते हैं, उन्हें देखकर लगता है कि लोगों की मोहब्बत कितनी गहरी है। भले वे मेरा नाम भी सही से न जानते हों। कोई मुझे संदीप भैया बुलाता है, कोई ‘सनी’ ही समझ लेता है। अब कुछ लोग मुझे पाकिस्तानी आईएसआई एजेंट समझ बैठे हैं, मजाक अलग है लेकिन ये भी एक तरह का प्यार ही है।
लोगों से मिले प्यार को खास मानते हैं सनी
जब उनसे पूछा गया कि क्या उन्हें कभी ऐसा महसूस हुआ कि उन्हें वह रोल नहीं मिला जिसकी वे हकदार थे और क्या वे अभी भी उस खास मौके का इंतजार कर रहे हैं। इस पर सनी ने जवाब देते हुए कहा कि सच्चाई ये है कि मैं आज जिस पोजीशन पर हूं, वह बहुत खास है। इतना प्यार मिलता है कि मेरा पैशन और प्रोफेशन दोनों साथ-साथ चल रहे हैं। अगर ये मुझे नहीं मिला होता, तो मैं बस एक्टिंग करता रहता, लेकिन इतनी जल्दी प्यार और पहचान मिलना मेरे लिए बड़ी खुशी की बात है।
बायोपिक्स करना चाहते हैं सनी हिंदुजा
अभिनेता ने आगे कहा कि हां, ऐसा बिल्कुल नहीं है कि मैं संतुष्ट हूं। मैं चाहता हूं कि मैं बायोपिक्स करूं, अलग-अलग किरदार निभाऊं, खुद को एक्सप्लोर करूं। लेकिन जो भी रोल मिले, उसमें पूरी मेहनत और लगन से काम करना चाहिए। छोटे या बड़े रोल से फर्क नहीं पड़ता, जो दिल से निभाए वही कामयाब होता है।
हर किरदार में देना चाहिए सर्वश्रेष्ठ
सनी ने यह भी बताया कि एक्टिंग में सही स्क्रिप्ट, टीम और रोल मिलना कितना जरूरी है। उन्होंने कहा कि जब आपको अच्छी स्क्रिप्ट मिलती है और रोल में जान डालने का मौका मिलता है, तो आपको वह काम पूरे दिल से करना होता है। चाहे वह आईएएस बनने की कोशिश कर रहा संदीप भैया हो या एक जासूस जैसा पाकिस्तानी आईएसआई एजेंट, हर किरदार में आपको अपना सर्वश्रेष्ठ देना होता है।