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UP Board 12th Second Topper: पिता किसान, मां शिक्षामित्र, अब बेटे ने किया कमाल, IIT करके IAS अफसर बनने का सपना
Tue, 25 Apr 2023 05:58 PM IST
हिमांशु मिश्रा
एजुकेशन डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
एजुकेशन डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: हिमांशु मिश्रा
Updated Tue, 25 Apr 2023 05:58 PM IST
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सौरभ गंगवार
- फोटो :
अमर उजाला
विस्तार
यूपी बोर्ड इंटरमीडिएट में दूसरे स्थान पर संयुक्त रूप से दो परीक्षार्थी रहे है। इसमें पीलीभीत के सौरभ गंगवार और इटावा की अनामिका शामिल हैं। दोनों को 97.20 प्रतिशत अंक मिले। 'अमर उजाला डॉट कॉम' ने पीलीभीत के सौरभ गंगवार से विशेष बातचीत की। हमने सौरभ की सफलता की कहानी जानने की कोशिश की। आइए जानते हैं कि कैसे सौरभ ने पढ़ाई की और अब आगे क्या करना चाहते हैं?
पिता किसान, मां हैं शिक्षामित्र
सौरभ के पिता नरेंद्र गंगवार पेशे से किसान हैं। सौरभ बताते हैं कि उनके यहां करीब छह एकड़ खेती होती है। मां मीना देवी शिक्षामित्र हैं। अमर उजाला डॉट कॉम से बातचीत में सौरभ ने कहा, 'मुझे परिवार से हमेशा सपोर्ट मिला। मम्मी-पापा ने हर कदम पर मेरा साथ दिया। मैं उनको कभी भी निराश नहीं करना चाहता हूं। मैं पूरी मेहनत और ईमानदारी से पढ़ाई करूंगा, ताकि मां-पापा का नाम रोशन कर सकूं।' सौरभ अपने माता-पिता के इकलौते बेटे हैं।
सौरभ के पिता नरेंद्र गंगवार पेशे से किसान हैं। सौरभ बताते हैं कि उनके यहां करीब छह एकड़ खेती होती है। मां मीना देवी शिक्षामित्र हैं। अमर उजाला डॉट कॉम से बातचीत में सौरभ ने कहा, 'मुझे परिवार से हमेशा सपोर्ट मिला। मम्मी-पापा ने हर कदम पर मेरा साथ दिया। मैं उनको कभी भी निराश नहीं करना चाहता हूं। मैं पूरी मेहनत और ईमानदारी से पढ़ाई करूंगा, ताकि मां-पापा का नाम रोशन कर सकूं।' सौरभ अपने माता-पिता के इकलौते बेटे हैं।
JEE मेंस क्वालीफाई कर चुके, अब एडवांस की तैयारी
सौरभ देश के टॉप आईआईटी संस्थान से इंजीनियरिंग करना चाहते हैं। कहते हैं, 'मैंने इसी साल जेईई मेंस क्वालीफाई कर लिया है। अब एडवांस की तैयारी कर रहा हूं। मेरी पूरी कोशिश होगी कि मैं एडवांस में अच्छे रैंक लाकर टॉप आईआईटी संस्थान से कम्यूटर इंजीनियरिंग की पढ़ाई करूं। इसके लिए मैं पूरी मेहनत कर रहा हूं।'
सौरभ देश के टॉप आईआईटी संस्थान से इंजीनियरिंग करना चाहते हैं। कहते हैं, 'मैंने इसी साल जेईई मेंस क्वालीफाई कर लिया है। अब एडवांस की तैयारी कर रहा हूं। मेरी पूरी कोशिश होगी कि मैं एडवांस में अच्छे रैंक लाकर टॉप आईआईटी संस्थान से कम्यूटर इंजीनियरिंग की पढ़ाई करूं। इसके लिए मैं पूरी मेहनत कर रहा हूं।'
IAS अफसर बनने का है सपना
सौरभ ने कहा, 'मैं आईआईटी से इंजीनियरिंग करने के बाद सिविल सर्विसेज की तैयारी करूंगा। मेरा सपना है कि मैं एक आईएएस अफसर बनूं और देश की सेवा करूं। यही मेरी मम्मी और पापा का भी सपना है।'
सौरभ ने कहा, 'मैं आईआईटी से इंजीनियरिंग करने के बाद सिविल सर्विसेज की तैयारी करूंगा। मेरा सपना है कि मैं एक आईएएस अफसर बनूं और देश की सेवा करूं। यही मेरी मम्मी और पापा का भी सपना है।'
पढ़ाई का समय नहीं, टॉपिक तय रहता था
अपनी सफलता का राज बताते हुए सौरभ ने कहा कि हमेशा लोगों को खुद के साथ ईमानदार रहना चाहिए। सौरभ आगे कहते हैं, 'मैं पढ़ाई के लिए समय सीमा तय नहीं करता था, बल्कि टॉपिक तय करता था। जो टॉपिक तय करता था, उसे एक दिन के अंदर तैयार कर लेता था। इससे परीक्षा के समय मुझपर ज्यादा बोझ नहीं होता था। परीक्षा के समय मैं केवल रिवीजन करता था।'
अपनी सफलता का राज बताते हुए सौरभ ने कहा कि हमेशा लोगों को खुद के साथ ईमानदार रहना चाहिए। सौरभ आगे कहते हैं, 'मैं पढ़ाई के लिए समय सीमा तय नहीं करता था, बल्कि टॉपिक तय करता था। जो टॉपिक तय करता था, उसे एक दिन के अंदर तैयार कर लेता था। इससे परीक्षा के समय मुझपर ज्यादा बोझ नहीं होता था। परीक्षा के समय मैं केवल रिवीजन करता था।'
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