फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

कमेंट

कमेंट X

😊अति सुंदर 😎बहुत खूब 👌अति उत्तम भाव 👍बहुत बढ़िया.. 🤩लाजवाब 🤩बेहतरीन 🙌क्या खूब कहा 😔बहुत मार्मिक 😀वाह! वाह! क्या बात है! 🤗शानदार 👌गजब 🙏छा गये आप 👏तालियां ✌शाबाश 😍जबरदस्त
Hindi News ›   Education ›   Tejasvi Manoj, 17, named Time’s Kid of the Year 2025 for protecting seniors from online fraud

Tejasvi Manoj: कौन हैं तेजस्वी मनोज, जिन्हें मिला टाइम्स का किड ऑफ द ईयर खिताब? बुजुर्गों की ऐसे करती हैं मदद

Fri, 12 Sep 2025 02:34 PM IST
आकाश कुमार एजुकेशन डेस्क, अमर उजाला
एजुकेशन डेस्क, अमर उजाला Published by: आकाश कुमार Updated Fri, 12 Sep 2025 02:34 PM IST
सार

Tejasvi Manoj: टेक्सास की 17 वर्षीय भारतीय-अमेरिकी तेजस्वी मनोज को टाइम पत्रिका ने किड ऑफ द ईयर 2025 चुना है। उन्होंने बुजुर्गों को ऑनलाइन धोखाधडी से बचाने के लिए शील्ड सीनियर्स वेबसाइट बनाई, जो एआई से संदेशों की पहचान और रिपोर्टिंग में मदद करती है।
 

विज्ञापन
Tejasvi Manoj, 17, named Time’s Kid of the Year 2025 for protecting seniors from online fraud
तेजस्वी मनोज - फोटो : लिंक्डइन

विस्तार

Time’s Kid of the Year 2025: टेक्सास के फ्रिस्को की 17 साल की भारतीय-अमेरिकी तेजस्वी मनोज को टाइम पत्रिका ने 2025 का किड ऑफ द ईयर चुना है। उनका मिशन बहुत अहम है, वह उन बुजुर्गों की सुरक्षा के लिए काम कर रही हैं, जो अक्सर ऑनलाइन धोखाधडी का शिकार बन जाते हैं।

विज्ञापन

शील्ड सीनियर्स वेबसाइट से की जाती है मदद

उनकी पुरस्कार जीतने वाली परियोजना शील्ड सीनियर्स एक खास वेबसाइट है। यह 60 साल से ऊपर के लोगों की मदद करती है ताकि वे धोखाधडी वाले संदेशों को पहचान सकें, उनका विश्लेषण कर सकें और रिपोर्ट भी कर सकें। इस वेबसाइट के शुरुआती परीक्षण चरण में उपयोगकर्ता संदिग्ध ईमेल या टेक्स्ट अपलोड कर सकते हैं। इसके बाद आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) उन संदेशों को स्कैन करता है और अगर वे फर्जी साबित होते हैं, तो उन्हें रिपोर्ट करने के लिए लिंक भी देता है।

टाइम ने घोषणा में कहा, “अमेरिका के बुजुर्गों को सुरक्षा की बहुत जरूरत है और तेजस्वी इसे पूरा करने के लिए पूरी तरह समर्पित हैं।”

तेजस्वी न केवल इस साल की किड ऑफ द ईयर बनीं, बल्कि वह टाइम फॉर किड्स सर्विस स्टार का सम्मान पाने वाली पहली शख्सियत भी हैं। यह सम्मान उन युवाओं को दिया जाता है जो समाज पर सकारात्मक असर डाल रहे हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

आठवीं से ही कोडिंग सीखना शुरू कर दिया था

उनकी यात्रा आठवीं कक्षा से शुरू हुई थी, जब उन्होंने कोडिंग सीखना शुरू किया। 2024 तक उन्होंने कांग्रेसनल ऐप चैलेंज में सराहना हासिल कर ली थी। 2025 की शुरुआत में, उन्होंने टेक्सास के प्लानो में एक TEDx टॉक दिया, जिसमें उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि “डिजिटल पुल” बनाने की जरूरत है, ताकि तकनीक हर पीढी के लिए आसान और सुरक्षित बन सके।

तकनीक के अलावा, तेजस्वी अपने स्कूल ऑर्केस्ट्रा में वायलिन बजाती हैं, स्काउटिंग अमेरिका से जुडी हैं, गैर-लाभकारी संस्था विभा के साथ भूटानी शरणार्थियों को गणित और अंग्रेजी पढाती हैं और नॉर्थ टेक्सास फूड बैंक यंग एडवोकेट्स काउंसिल में भी सेवा देती हैं।

उन्होंने टाइम को बताया, “मैंने छठी कक्षा से ही वॉलंटियर का काम शुरू किया। मुझे लगता है कि यह बहुत जरूरी है। अगर आप खुद खुशकिस्मत हैं, तो आपको यह भी देखना चाहिए कि दूसरे लोग भी प्यार और खुशकिस्मत महसूस करें।”

विज्ञापन

शील्ड सीनियर्स को बडे स्तर पर चलाना चाहती हैं तेजस्वी मनोज

अभी शील्ड सीनियर्स एक निःशुल्क एआई इंजन पर चल रहा है और निजी परीक्षण में है। तेजस्वी चाहती हैं कि इसे बडे स्तर पर चलाने के लिए फंड जुटाया जाए ताकि यह वाणिज्यिक एआई सिस्टम पर काम कर सके और ज्यादा लोगों तक पहुंच सके।

उन्होंने कहा, “जैसे ही हमें ज्यादा लोगों तक पहुंच के लिए फंड मिलेगा, हम इसे सबके लिए उपलब्ध कर देंगे।” साथ ही उन्होंने परिवारों से अपील की कि वे अपने बुजुर्ग प्रियजनों का ध्यान रखें और यह सुनिश्चित करें कि वे ऑनलाइन सुरक्षित रहें।

विज्ञापन
विज्ञापन

सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें शिक्षा समाचार आदि से संबंधित ब्रेकिंग अपडेट।

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed