Delhi: एक हजार से अधिक स्कूलों में चलाया गया साइबर अपराध पर जागरूकता अभियान; दिल्ली पुलिस की पहल
बढ़ते साइबर अपराध को देखते हुए दिल्ली पुलिस ने शुक्रवार को शहर के करीब 1,000 स्कूलों के लाखों छात्रों को जागरूक किया। छात्रों को टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन का उपयोग करने, अपनी डिजिटल पहचान की सुरक्षा करने और संदिग्ध ऑनलाइन गतिविधियों के प्रति सतर्क रहने की सलाह दी गई।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
Delhi: दिल्ली पुलिस ने शुक्रवार को अपनी 'साइबर संवाद 2.0' पहल के तहत स्कूली शिक्षकों और छात्रों के लिए साइबर अपराध पर बड़े पैमाने पर वर्चुअल जागरूकता सत्र आयोजित किया। इस दौरान शहर के 1,000 से अधिक स्कूलों के लाखों छात्र जुड़े और साइबर अपराध से जुड़ा ज्ञान हासिल किया।
दिल्ली पुलिस ने बताया कि यह कार्यक्रम शिक्षा निदेशालय, जीएनसीटीडी और भारतीय साइबर अपराध समन्वय केंद्र (आई4सी) के सहयोग से पुलिस मुख्यालय में सुबह 11.30 बजे से दोपहर 1 बजे तक आयोजित किया गया।
साइबर सुरक्षा पर नुक्कड़ नाटक के जरिए बढ़ाया ज्ञान
पुलिस ने बताया कि एनडीएमसी स्कूलों के लगभग 250 छात्र और शिक्षक कार्यक्रम में प्रत्यक्ष रूप से शामिल हुए, जबकि अन्य अपने संस्थानों से ऑनलाइन माध्यम से शामिल हुए। दीप ग्रुप द्वारा साइबर सुरक्षा पर एक नुक्कड़ नाटक ने प्रतिभागियों को आकर्षित किया और आम ऑनलाइन खतरों पर प्रकाश डाला।
टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन का उपयोग करने की सलाह
पुलिस ने बच्चों को निशाना बनाकर किए जा रहे उभरते साइबर अपराधों पर एक विस्तृत प्रशिक्षण सत्र आयोजित किया और साइबरबुलिंग, स्टॉकिंग, ग्रूमिंग, डिजिटल गिरफ्तारी, साइबर गुलामी और ऑनलाइन नौकरी धोखाधड़ी जैसे मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने छात्रों को टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन का उपयोग करने, अपनी डिजिटल पहचान की सुरक्षा करने और संदिग्ध ऑनलाइन गतिविधियों के प्रति सतर्क रहने की सलाह दी।
कमेंट
कमेंट X