फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

कमेंट

कमेंट X

😊अति सुंदर 😎बहुत खूब 👌अति उत्तम भाव 👍बहुत बढ़िया.. 🤩लाजवाब 🤩बेहतरीन 🙌क्या खूब कहा 😔बहुत मार्मिक 😀वाह! वाह! क्या बात है! 🤗शानदार 👌गजब 🙏छा गये आप 👏तालियां ✌शाबाश 😍जबरदस्त
Hindi News ›   Education ›   Left Wins Big in JNU IC Elections, Dean of Students Issues Official Notification

JNU IC Elections: आईसी चुनाव में वामपंथी संगठनों ने मारी बाजी, जेएनयू डीन ऑफ स्टूडेंट्स ने जारी की अधिसूचना

Thu, 06 Nov 2025 09:10 AM IST
शाहीन परवीन अमर उजाला ब्यूरो
अमर उजाला ब्यूरो Published by: शाहीन परवीन Updated Thu, 06 Nov 2025 09:10 AM IST
सार

JNU IC Election 2025: जेएनयू में आयोजित आईसी चुनाव के नतीजों में वामपंथी संगठनों ने शानदार प्रदर्शन किया है। डीन ऑफ स्टूडेंट्स ने आधिकारिक अधिसूचना जारी कर परिणामों की पुष्टि की, जिससे कैंपस में वाम संगठनों के समर्थकों में खुशी की लहर दौड़ गई है।

विज्ञापन
Left Wins Big in JNU IC Elections, Dean of Students Issues Official Notification
जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय, JNU - फोटो : Adobe Stock

विस्तार

JNU IC Election 2025: जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) आंतरिक समिति (IC) चुनाव 2025-26 में वामपंथी छात्र सगठनों ने बाजी मारी है। पिछली बार की तरह आईसी चुनाव में भी वामपंथी छात्र संगठनों का दबदबा बरकरार रहा।

विज्ञापन


स्नातक श्रेणी से गर्विता गांधी, परास्नातक से श्रुति वर्मा और पीएचडी श्रेणी के लिए परन अमितवा का चयन हुआ। चुनाव परिणाम के संबंध में जेएनयू डीन ऑफ स्टूडेंट्स प्रो. मनुराधा चौधरी ने अधिसूचना जारी कर दी है। आईसी चुनाव का आयोजन प्रशासन की ओर से कराया जाता है। उम्मीदवार किस संगठन से आते हैं इसकी जानकारी अधिसूचना में नहीं दी गई है। इस बार जेएनयू छात्र संघ और आईसी चुनाव का आयोजन एक साथ कराया गया।

विज्ञापन

निष्पक्ष समिति में तीन छात्र प्रतिनिधि चुने गए

जेएनयू के एक अधिकारी ने बताया कि स्नातक श्रेणी के लिए दो उम्मीदवार, परास्नातक श्रेणी के लिए तीन उम्मीदवार और पीएचडी श्रेणी के लिए दो उम्मीदवार चुनावी मैदान में थे। वर्ष 2017 में आईसी का गठन किया गया था।

विज्ञापन
विज्ञापन


कोविड के बाद पिछले वर्ष से दोबारा आईसी चुनाव की शुरुआत हुई थी। पिछली बार वामपंथी छात्र संगठनों का प्रतिनिधित्व करने वाले छात्र जीते थे। इस बार भी उन्होंने जीत दर्ज की है। इससे पहले एबीवीपी के उम्मीदवार निर्विरोध चुने जा रहे थे जिसकी वजह वामपंथी छात्र संगठनों का आईसी चुनाव प्रक्रिया में शामिल नहीं होना था।


अधिकारी ने बताया कि यह एक निष्पक्ष समिति होती है जिसमें नौ सदस्य होते है।आईसी को आंतरिक शिकायत समिति भी कहा जाता है। इसमें छात्रों का प्रतिनिधित्व करने वाले तीन सदस्यों का चयन चुनाव के जरिये होता है। समिति के बाकी छह सदस्य प्रशासन की ओर से चयनित किए जाते है।

विज्ञापन
विज्ञापन

सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें शिक्षा समाचार आदि से संबंधित ब्रेकिंग अपडेट।

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed