Hijab Controversy: विवाद के बीच कर्नाटक में खुले स्कूल, हाईकोर्ट की रोक के बावजूद हिजाब में दिखीं छात्राएं, स्कूल में उतारने पड़े
Karnataka Hijab Controversy Updates: राज्य में आज यानी 14 फरवरी, 2022 से हाई स्कूलों को फिर से खोल दिया गया है। सरकार और जिला प्रशासन की ओर से पर्याप्त सुरक्षा बंदोबस्त किए गए हैं। प्रशासन ने सभी हाई स्कूल, और उनके आसपास के क्षेत्रों में धारा-144 लागू कर दी है। हालांकि, हाईकोर्ट की रोक के बावजूद कई छात्राएं हिजाब में नजर आईं।
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Hijab Row: कर्नाटक में हिजाब विवाद (Karnataka Hijab Controversy) के बीच कक्षा 10वीं तक के लिए हाई स्कूल सोमवार, 14 फरवरी को फिर से खुल गए हैं। सोमवार सुबह कई शहरों में छात्र-छात्राएं यूनिफॉर्म पहनकर स्कूल जाते नजर आए। हालांकि, हाईकोर्ट की रोक के बावजूद उडुपी में कई स्कूल छात्राएं हिजाब और बुर्का पहनकर स्कूल जाती दिखीं।
वहीं, कुछ जगह स्कूलों में हाईकोर्ट के अंतरिम आदेश के अनुसार, हिजाब वाली छात्राओं को परिसर में प्रवेश नहीं देने पर अभिभावकों को स्कूल शिक्षकों में बहस भी देखने को मिली। हालांकि, स्कूल प्रबंधन ने सभी को हिजाब उतारने के बाद ही परिसर और कक्षाओं में प्रवेश दिया।
#WATCH | K'taka: Argument b/w parents & a teacher outside Rotary School in Mandya as she asked students to take off hijab before entering campus
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A parent says,"Requesting to allow students in classroom, hijab can be taken off after that but they're not allowing entry with hijab" pic.twitter.com/0VS57tpAw0 — ANI (@ANI) February 14, 2022
उधर, सावधानी बरतते हुए रविवार को ही उडुपी जिला प्रशासन ने सभी हाई स्कूल, और उनके आसपास के क्षेत्रों में धारा-144 (Section 144) लागू कर दी थी। यह आदेश 14 फरवरी को सुबह छह बजे से 19 फरवरी की शाम छह बजे तक प्रभावी रहेगा। सरकार और जिला प्रशासन की ओर से पर्याप्त सुरक्षा बंदोबस्त किए गए हैं। वहीं, मुख्यमंत्री ने राज्य में शांति व्यवस्था कायम रहने की उम्मीद जताई है।
यह कदम एहतियात के तौर पर उठाया गया है, क्योंकि राज्य में हिजाब बनाम भगवा गमछे का विवाद सियासी और धार्मिक रंग लेता जा रहा था। इससे पहले राज्य सरकार ने स्कूलों को बंद रखने का आदेश दिया हुआ था। घोषित छुट्टियां के पूरी होने के बाद अब सोमवार को स्कूल फिर से खुल गए हैं।
तहसीलदार ने किया स्कूलों का दौरा
उडुपी के तहसीलदार प्रदीप कुरुदेकर ने कुछ स्कूलों का दौरा भी किया। उन्होंने कहा कि मुस्लिम छात्राओं से कक्षाओं में प्रवेश करने से पहले हिजाब हटाकर उच्च न्यायालय के अंतरिम आदेश का पालन करवाया गया है। वहीं, हिंदू छात्रों के भगवा गमछे में स्कूल आने की कोई रिपोर्ट नहीं मिली।
मठ प्रमुख ने की शांति की अपील
इस बीच, उडुपी के पेजावर मठ के प्रमुख स्वामी विश्वप्रसन्ना तीर्थ ने एक बयान जारी कर सभी वर्गों से अराजकता से बचने और शांति बनाए रखने की अपील की। उन्होंने समाज में शांति व्यवस्था के लिए सभी से सहयोग और संयम रखने का अनुरोध किया।
शांति समिति की बैठकें करने के निर्देश : सीएम
उधर, हुबली में कर्नाटक के सीएम बसवराज बोम्मई ने रविवार को मीडिया से बातचीत में कहा कि राज्य में सोमवार से 10वीं तक के स्कूल खुलेंगे। मैंने डीसी, एसपी और स्कूल प्रशासन को शांति समिति की बैठक आयोजित करने के निर्देश दिए हैं। वहीं, उच्च कक्षाओं और डिग्री कॉलेजों के स्कूल स्थिति की समीक्षा के बाद फिर से खोले जाएंगे।
Hijab Row : विरोध-प्रदर्शन और रैलियों पर प्रतिबंध
इससे पहले रविवार को उडुपी के डीसी एम कूर्मा राव ने जिला पुलिस अधीक्षक को सभी हाई स्कूलों के आसपास 200 मीटर के दायरे में धारा 144 लगाने का आदेश दिया था। आदेश के अनुसार, स्कूल परिसर के आसपास पांच या अधिक सदस्यों के एकत्रित होने की अनुमति नहीं है। विरोध-प्रदर्शन और रैलियों सहित सभी प्रकार की सभाओं पर प्रतिबंध लगाया गया है। वहीं, नारे लगाने, गाने बजाने और भाषण देने पर सख्ती से रोक है।
Hijab Controversy: प्री-यूनिवर्सिटी कॉलेज 15 तक बंद
इससे पहले राज्य के प्राथमिक और माध्यमिक शिक्षा मंत्री बीसी नागेश ने बताया था कि हाईस्कूल की कक्षाएं सोमवार, 14 फरवरी से शुरू कराई जाएंगी। जबकि, प्री यूनिवर्सिटी और डिग्री कॉलेजों को वापस से खोलने पर सरकार सोमवार को फैसला कर सकती है। प्री-यूनिवर्सिटी और डिग्री कॉलेज फिलहाल, 15 फरवरी तक बंद रहेंगे।
Hijab Row : कर्नाटक उच्च न्यायालय में 15 को होनी है सुनवाई
हिजाब और ड्रेस कोड मामले को लेकर कर्नाटक उच्च न्यायालय में अगली सुनवाई मंगलवार, 15 फरवरी को होनी है। इससे पहले सोमवार, 14 फरवरी को हुई सुनवाई में हिजाब के पक्ष में कई तथ्य प्रस्तुत किए गए। जबकि, इससे पहले 10 फरवरी की सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने अंतरिम आदेश जारी कर फैसला आने तक स्कूल-कॉलेजों में हिजाब समेत अन्य धार्मिक कपड़े पहनने पर रोक लगा दी थी। साथ ही हाईकोर्ट ने स्कूल-कॉलेज पुन: खोलने को कहा था।
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