32064 अभ्यर्थियों ने दी ग्रुप सी की परीक्षा, नकल कराने के संदेह में चार गिरफ्तार
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समूह ‘ग’ के तहत सहायक अध्यापक (एलटी) के 1272 रिक्त पदों की लिखित परीक्षा रविवार को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। लेकिन इस दौरान चार लोगों को नकल कराने के संदेह में हिरासत में लिया गया।
बता दें कि, प्रदेश में 96 सेंटरों पर 32064 अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी, जबकि 7212 अभ्यर्थी अनुपस्थित रहे। किसी भी सेंटर से परीक्षा के दौरान गड़बड़ी की शिकायत नहीं मिली। चयन आयोग ने परीक्षा संपन्न होने के बाद वेबसाइट पर आंसर-की जारी कर दी है।
साथ ही परीक्षा से संबंधित आपत्तियां दर्ज कराने के लिए 28 जनवरी तक का समय निर्धारित किया गया है। रविवार को पूरे प्रदेश में निर्धारित सेंटरों पर सुबह 10 से 12 बजे तक परीक्षा हुई। इसमें कुल 39276 अभ्यर्थियों में से 32064 परीक्षा देने के लिए पहुंचे।
देहरादून में 13 सेंटरों पर सात हजार से अधिक अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी। पहली बार चयन आयोग की ओर से अभ्यर्थियों की सुविधा के लिए सभी 13 जिलों में परीक्षा सेंटर बनाए गए थे। गढ़वाल मंडल के 53 सेंटरों पर 17991 और कुमाऊं मंडल के 43 सेंटरों में 14073 अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी। 12 विषयों में सहायक अध्यापकों के लिए आयोजित परीक्षा में विषयवार प्रश्न पत्र थे। प्रत्येक प्रश्न पत्र के चार सेट परीक्षा में दिए गए। आयोग ने 48 सेटों की आंसर-की वेबसाइट पर जारी कर दी है।
माध्यमिक शिक्षा के सबसे ज्यादा रिक्त पद
माध्यमिक शिक्षा विभाग में सहायक अध्यापक के 1214 पद, जनजाति कल्याण विभाग में 55 व स्पोर्ट्स कालेज पिथौरागढ़ में तीन पदों के लिए यह परीक्षा आयोजित की गई थी। लंबे समय से अभ्यर्थी परीक्षा का इंतजार कर रहे थे। पहले आयोग ने 17 दिसंबर को परीक्षा तिथि तय की थी, लेकिन आखिरी वक्त पर चयन आयोग ने परीक्षा स्थगित कर दी।
नारसन में चार हिरासत में
प्रदेश में रविवार को हुई एलटी परीक्षा में नकल कराने के संदेह में पुलिस ने एक इंस्टीट्यूट पर छापा मारकर संचालक समेत चार लोगों को हिरासत में लिया। इसके विरोध में परिजनों और स्थानीय लोगों ने पुलिस के खिलाफ प्रदर्शन किया।
प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि रविवार सुबह दस बजे से एलटी की परीक्षा शुरू होनी थी। परीक्षा से करीब पांच घंटे पहले तड़के पांच बजे पुलिस टीम नारसन स्थित ओजस्व कैरियर इंस्टीट्यूट में पहुंची। यह इंस्टीट्यूट प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कराता है।
पुलिस ने परीक्षा में नकल कराने के संदेह में इंस्टीट्यूट संचालक मुकेश कुमार, इंस्टीट्यूट के कर्मचारी मुकुल, गुरुबचन और इंस्टीट्यूट से कोचिंग कर रहे अवनीश को हिरासत में ले लिया। इसकी भनक जैसे ही हिरासत में लिए गए लोगों के परिजनों और आसपास के लोगों को लगी तो वह मौके पर पहुंचे और पुलिस की कार्रवाई का विरोध कर दिया।
इंस्टीट्यूट संचालक की पत्नी निशा ने पुलिस पर आरोप लगाया कि उनके पति को बिना किसी सुबूत के पुलिस ने हिरासत में लिया है। इस संबंध में चौकी इंचार्ज एमएम भट्ट का कहना है कि इंस्टीट्यूट में लगे सीसीटीवी कैमरे की डीबीआर कब्जे में ले ली गई है। उसकी जांच पड़ताल के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
सभी सेंटरों पर परीक्षा शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराई गई। कुल अभ्यर्थियों में से 82 प्रतिशत ही परीक्षा में उपस्थित हुए। किसी भी सेंटर से परीक्षा को लेकर कोई शिकायत नहीं मिली है। परीक्षा की आंसर-की जारी कर दी गई है। उत्तर कुंजी का मिलान करने से यदि किसी अभ्यर्थी को आपत्ति है तो वह 28 जनवरी तक आनलाइन आपत्ति दर्ज कर सकता है।
- संतोष बड़ोनी, सचिव, अधीनस्थ सेवा चयन आयोग
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