Reserved Category: सम-कुलपति पद पर आरक्षित वर्ग के प्रोफेसरों की नियुक्ति की मांग, फोरम ने कुलपति को लिखा पत्र
University Administration: फोरम ऑफ एकेडमिक्स फॉर सोशल जस्टिस ने विश्वविद्यालय प्रशासन से मांग की है कि सम-कुलपति के पदों पर आरक्षित वर्ग के प्रोफेसरों की नियुक्ति सुनिश्चित की जाए। इस संबंध में फोरम ने कुलपति को पत्र लिखकर आरक्षण नीति को प्रभावी रूप से लागू करने की अपील की है।
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Pro-Vice-Chancellor: डीयू में सम उपकुलपति व दक्षिणी परिसर के निदेशक के पद खाली हैं। इस पर आरक्षित वर्ग के प्रोफेसर को नियुक्त करने की मांग की गई है। डीयू के फोरम ऑफ एकेडमिक्स फॉर सोशल जस्टिस शिक्षक संगठन ने इस संबंध में कुलपति प्रो. योगेश सिंह को पत्र लिखा है। उसमें मांग की गई है कि विश्वविद्यालय की टीम में एससी-एसटी, ओबीसी, पीडब्ल्यूडी शिक्षकों को उचित प्रतिनिधित्व दिया जाए।
डीयू अपने 103वें वर्ष में प्रवेश कर गया है, लेकिन किसी एससी-एसटी के प्रोफेसर को सम उपकुलपति, निदेशका दक्षिणी परिसर व अन्य पदों पर नियुक्त नहीं किया गया है। डीयू में हाल ही में निदेशक दक्षिणी परिसर का पद खाली हुआ है और सम कुलपति का पद भी लंबे समय से खाली है।
प्रशासनिक पदों पर आरक्षित वर्ग को प्रतिनिधित्व देने की उठी मांग
फोरम के चेयरमैन डॉ. हंसराज सुमन ने प्रो. योगेश सिंह को लिखे पत्र में कहा कि इतने वर्षों में अभी तक किसी कॉलेजों में भी एससी-एसटी वर्ग से प्रिंसिपल को नियुक्त नहीं किया गया है।
डॉ सुमन ने बताया अप्रैल 2025 में एससी-एसटी के कल्याणार्थ संसदीय समिति ने डीयू में दौरा किया था। समिति ने भी इन वर्षों के प्रोफेसरों को प्रशासनिक पदों पर उचित प्रतिनिधित्व दिए जाने को कहा था, लेकिन अभी तका किसी प्रोफेसर को कोई पद नहीं दिया गया। उन्होंने कहा कि कुलपति की सम उपकुलपति या दक्षिण परिसर निर्देशक के पद पर अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति समुदाय के किसी उपयुक्त प्रोफेसर की नियुक्ति पर विचार करना चाहिए।
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