Vasanthi Devi: शिक्षाविद् और मानवाधिकार कार्यकर्ता वसंती देवी का निधन, 87 वर्ष की आयु में ली आखिरी सांस
Vasanthi Devi: जानी-मानी शिक्षाविद् और मानवाधिकार कार्यकर्ता प्रो. वी. वसंती देवी का 1 अगस्त को निधन हो गया। 87 वर्ष की आयु में उन्होंने आखिरी सांस ली।
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Chennai: जानी-मानी शिक्षाविद् और मानवाधिकार कार्यकर्ता प्रो. वी. वसंती देवी का 1 अगस्त को दिल का दौरा पड़ने से निधन हो गया। उन्होंने 87 वर्ष की आयु में आखिरी सांस ली। परिवार से जुड़े एक सूत्र के अनुसार, मदुरै के विलाचेरी स्थित अपने निवास पर दोपहर के समय तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें अस्पताल ले जाया जा रहा था, लेकिन रास्ते में ही उनका निधन हो गया। वे एक पुत्र और एक पुत्री को पीछे छोड़ गई हैं।
वसंती देवी के बारे में
प्रो. वसंती देवी मनोन्मणियम सुन्दरनर विश्वविद्यालय (तिरुनेलवेली, तमिलनाडु) की दूसरी कुलपति रही थीं। इसके अलावा, उन्होंने तमिलनाडु राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष के रूप में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। शिक्षा के क्षेत्र में उनके योगदान के साथ-साथ वे सामाजिक न्याय और मानवाधिकारों की सशक्त आवाज मानी जाती थीं।
साल 2016 के विधानसभा चुनाव में उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री जे. जयललिता के खिलाफ आर. के. नगर सीट से चुनाव भी लड़ा था, हालांकि उन्हें सफलता नहीं मिली।
मुख्यमंत्री एम. के. स्टालिन ने उनके निधन पर शोक व्यक्त करते हुए कहा, "वरिष्ठ शिक्षाविद् प्रोफेसर वसंती देवी के निधन की खबर सुनकर अत्यंत दुख हुआ। उनके परिवार, छात्रों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और शिक्षा-जगत से जुड़े सभी लोगों के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं हैं।"
डीएमके सांसद कनिमोई ने भी गहरा दुख प्रकट करते हुए कहा कि वसंती देवी ने तमिलनाडु योजना आयोग की सदस्य समेत कई महत्वपूर्ण पदों पर कार्य किया। उन्होंने कहा, "शिक्षा के क्षेत्र में उनका कार्य उल्लेखनीय और प्रेरणादायक रहा है।"
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