{"_id":"6ae75764e5d31765cf1000ed","slug":"fake-20-rupee-coins-racket-busted-four-arrested-ashram-news-c-340-1-del1011-161756-2026-11-01","type":"story","status":"publish","title_hn":"Delhi News: 20 रुपये के नकली सिक्कों का भंडाफोड़, चार गिरफ्तार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Delhi News: 20 रुपये के नकली सिक्कों का भंडाफोड़, चार गिरफ्तार
विज्ञापन
मुंडका मेट्रो स्टेशन के पास कार से 5,000 नकली सिक्के बरामद
संवाद न्यूज एजेंसी
नई दिल्ली। दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा ने 20 रुपये के नकली सिक्के बनाने, सप्लाई करने और उन्हें बाजार में चलाने वाले गिरोह का भंडाफोड़ कर चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने मुंडका मेट्रो स्टेशन के पास एक कार से 5,000 नकली सिक्के बरामद किए हैं, जिनकी कुल कीमत करीब एक लाख रुपये है। पकड़े गए आरोपियों में पारस जैन, उपकार लूथरा उर्फ अभय प्रताप सिंह, अनुराग पाल उर्फ लंकेश और जनार्दन कुमार चौरसिया उर्फ संतोष शामिल हैं।
क्राइम ब्रांच के पुलिस उपायुक्त हर्ष इंदौरा ने बताया कि 8 सितंबर को सूचना मिलने पर अपराध शाखा की टीम ने मुंडका औद्योगिक क्षेत्र मेट्रो स्टेशन के पास पारस जैन की कार को रोककर तलाशी ली। कार में पॉलीथिन थैलियों से नकली सिक्के मिले। पूछताछ में पारस ने बताया कि उसने यह खेप उपकार लूथरा से ली थी, जो एक लाख रुपये कीमत के नकली सिक्के 70 हजार रुपये में उपलब्ध कराता था।
फैक्टरी सोनीपत से सहारनपुर ले जाने की तैयारी थी
उपकार लूथरा का रिकॉर्ड जांचने पर पुलिस को पता चला कि वह पहले भी नकली मुद्रा और इसी तरह के मामलों में शामिल रहा है। जांच में सामने आया कि पारस जैन की गिरफ्तारी के बाद उपकार अपने सहयोगियों के साथ नकली सिक्के बनाने की फैक्टरी हरियाणा के सोनीपत से यूपी के सहारनपुर ले जाने की तैयारी कर रहा था। इसी दौरान सहारनपुर पुलिस की एसओजी टीम ने उपकार और उसके सहयोगियों को गिरफ्तार कर लिया। दिल्ली पुलिस ने अदालत से पेशी वारंट हासिल कर सहारनपुर जेल से उपकार, अनुराग पाल, जनार्दन कुमार चौरसिया, कुलदीप और हिमांशु उर्फ गुल्लू को तीस हजारी अदालत के सामने लाया गया। पूछताछ के बाद उपकार, अनुराग और जनार्दन की संलिप्तता मिलने पर तीनों को गिरफ्तार कर लिया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
नई दिल्ली। दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा ने 20 रुपये के नकली सिक्के बनाने, सप्लाई करने और उन्हें बाजार में चलाने वाले गिरोह का भंडाफोड़ कर चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने मुंडका मेट्रो स्टेशन के पास एक कार से 5,000 नकली सिक्के बरामद किए हैं, जिनकी कुल कीमत करीब एक लाख रुपये है। पकड़े गए आरोपियों में पारस जैन, उपकार लूथरा उर्फ अभय प्रताप सिंह, अनुराग पाल उर्फ लंकेश और जनार्दन कुमार चौरसिया उर्फ संतोष शामिल हैं।
क्राइम ब्रांच के पुलिस उपायुक्त हर्ष इंदौरा ने बताया कि 8 सितंबर को सूचना मिलने पर अपराध शाखा की टीम ने मुंडका औद्योगिक क्षेत्र मेट्रो स्टेशन के पास पारस जैन की कार को रोककर तलाशी ली। कार में पॉलीथिन थैलियों से नकली सिक्के मिले। पूछताछ में पारस ने बताया कि उसने यह खेप उपकार लूथरा से ली थी, जो एक लाख रुपये कीमत के नकली सिक्के 70 हजार रुपये में उपलब्ध कराता था।
विज्ञापन
फैक्टरी सोनीपत से सहारनपुर ले जाने की तैयारी थी
उपकार लूथरा का रिकॉर्ड जांचने पर पुलिस को पता चला कि वह पहले भी नकली मुद्रा और इसी तरह के मामलों में शामिल रहा है। जांच में सामने आया कि पारस जैन की गिरफ्तारी के बाद उपकार अपने सहयोगियों के साथ नकली सिक्के बनाने की फैक्टरी हरियाणा के सोनीपत से यूपी के सहारनपुर ले जाने की तैयारी कर रहा था। इसी दौरान सहारनपुर पुलिस की एसओजी टीम ने उपकार और उसके सहयोगियों को गिरफ्तार कर लिया। दिल्ली पुलिस ने अदालत से पेशी वारंट हासिल कर सहारनपुर जेल से उपकार, अनुराग पाल, जनार्दन कुमार चौरसिया, कुलदीप और हिमांशु उर्फ गुल्लू को तीस हजारी अदालत के सामने लाया गया। पूछताछ के बाद उपकार, अनुराग और जनार्दन की संलिप्तता मिलने पर तीनों को गिरफ्तार कर लिया गया।
विज्ञापन