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Delhi Rain : लोगों की जान पर भारी पड़ी दो दिन की बारिश, घर से लेकर बाहर तक मुसीबतों का अंबार, आज भी यलो अलर्ट

Mon, 10 Jul 2023 04:07 AM IST
दुष्यंत शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली Published by: दुष्यंत शर्मा Updated Mon, 10 Jul 2023 04:07 AM IST
सार

सीलमपुर में बारिश के बचने के लिए छज्जे के नीचे खड़े पिता-पुत्र जख्मी हो गए। घायलों को अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती कराया गया गया है। शहर का शायद ही ऐसा कोई कोना बचा जहां जलभराव न हुआ हो। आलम यह था कि सड़कें व फुटपाथ तक नजर नहीं आ रहे थे।

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Delhi Rain: Two days of heavy rain on the lives of people affected
Heavy Rain in Delhi-NCR - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

तेज बारिश के दौरान रविवार सुबह मोती नगर में एक मकान की छत गिर गई, जबकि सीलमपुर में छज्जा गिर गया। मोती नगर हादसे में दो बच्चे व दमकलकर्मी मलबे में दबकर जख्मी हो गए। वहीं, सीलमपुर में बारिश के बचने के लिए छज्जे के नीचे खड़े पिता-पुत्र जख्मी हो गए। घायलों को अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती कराया गया गया है। जांच में पुलिस को पता चला है कि दोनों ही मकान जर्जर थे। राजधानी में रविवार को घुमड़-घुमड़ के बादल बरसे तो हर जगह सिर्फ पानी नजर आया। शहर का शायद ही ऐसा कोई कोना बचा जहां जलभराव न हुआ हो। आलम यह था कि सड़कें व फुटपाथ तक नजर नहीं आ रहे थे। अंडरपास तालाब सरीखे नजर आए। जगह-जगह लोगों के वाहन बंद हो गए।

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पुलिस के अनुसार, मोती नगर में सुबह करीब 9:34 बजे हादसा हुआ। मछली मार्केट, जखीरा फ्लाईओवर के नीचे करीब 50 गज का जर्जर मकान खाली था। सुबह के समय कुछ बच्चे बारिश के दौरान मकान में खेल रहे थे। अचानक एक कमरे की छत भरभराकर गिर गई। 
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स्थानीय लोगों ने मामले की सूचना पुलिस के अलावा दमकल विभाग को दी। फौरन पुलिस, दमकल विभाग की तीन गाड़ियां, दो एंबुलेंस, आपदा प्रबंधन व पीसीआर की तीन गाड़ियां मौके पर पहुंच गईं। मलबे से आलम (8) और मारलुद्दीन (8) को निकालकर आचार्य भिक्षु अस्पताल भेजा गया। यहां उनका इलाज किया जा रहा है। वहीं, लोगों ने आशंका जताई कि मलबे में कुछ और बच्चे दबे हो सकते हैं। आनन फानन में मलबा हटाते समय मोती नगर फायर स्टेशन का दमकलकर्मी दलजीत (46) अचानक गिरे मलबे में दबकर जख्मी हो गया। उसे भी अस्पताल में भर्ती कराया गया। सुबह करीब 11:35 बजे रेस्क्यू ऑपरेशन पूरा कर लिया गया। मलबे में और कोई दबा हुआ नहीं मिला। 

इधर, बारिश से बचने के लिए सीलमपुर के डी-101 मकान के छज्जे के नीचे पिता-पुत्र खड़े हो गए। अचानक छज्जा जमींदोज हो गया और दोनों बुरी तरह जख्मी हो गए। पिता जयकुमार (48) और बेटे यश (8) को जीटीबी अस्पताल ले जाया गया, जहां दोनों की हालत गंभीर बनी हुई है। मकान श्याम एंक्लेव, कड़कड़डूमा निवासी चमनलाल का है। मकान जर्जर होने से 15-16 साल से बंद है।

कुतुब मीनार की बाहर की दीवार गिरी
तेज बारिश से कुतुब मीनार चहारदीवारी से सटी पुरानी दीवार का कुछ हिस्सा गिर गया। इससे आसपास खड़े वाहन क्षतिग्रस्त हो गए। एएसआई दिल्ली सर्किल के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि कुतुब मीनार से सटी पुरानी इमारत का हिस्सा गिरा है। इसमें किसी के हताहत होने की खबर नहीं है। वहीं, कुतुब मीनार के सीए ने स्मारक के किसी भी हिस्से को हुए नुकसान से इंकार किया है। 

सुंदर नगर में दीवार गिरी, एक की मौत
निजामुद्दीन थाना इलाके में सुंदर नगर में दीवार गिरने से दो युवक मलबे में दब गए। दोनों को एम्स के ट्रामा सेंटर में भर्ती कराया गया है। बताया जा रहा है कि इनमें से एक की मौत हो गई है। निजामुद्दीन थाना पुलिस मामले की जांच कर रही है।

वेटनरी अस्पताल की दीवार गिरी, महिला  की मौत, मासूम जख्मी
तीस हजारी इलाके में रविवार को बारिश के दौरान वेटनरी अस्पताल की दीवार गिरने से प्रीति (30) की मौत हो गई जबकि गुंजन (10) गंभीर रूप से घायल हो गई। गुंजन का अरुणा आसफ अली अस्पताल में इलाज चल रहा है। शुरुआती जांच में पुलिस को पता चला है कि दोनों लघुशंका के लिए अस्पताल के पीछे गए थे। इस दौरान तेज बारिश के कारण अचानक दीवार गिर गई। पुलिस व दमकल कर्मियों ने मलबा हटाकर शव को निकाला। पुलिस के अनुसार, रविवार शाम करीब 5:07 बजे सूचना मिली कि सेंट स्टीफन अस्पताल के नजदीक वेटनरी अस्पताल के पीछे वाली दीवार बारिश में गिर गई है। पुलिस के अलावा दमकल विभाग की गाड़ियां वहां पहुंची। दीवार का मलबा हटाकर मासूम और महिला को निकाला गया। महिला परिवार के साथ गन्नौर, सोनीपत में रहती थी। वहीं, मासूम पुल मिठाई, रेलवे कालोनी दिल्ली में रहती थी।

पेड़ उखड़कर ऑटो पर गिरा, चालक की मौत
रोहिणी इलाके में रविवार शाम चार बजे खेल परिसर के पास एक पेड़ जड़ से उखड़कर ऑटो पर गिर गया। हादसे में चालक की मौत हो गई, जबकि उसमें सवार बुजुर्ग व युवती बाल-बाल बच गए। चालक की शिनाख्त रोहिणी सेक्टर-16 निवासी राजेंद्र कुमार के रूप में हुई है।

बालकनी का हिस्सा गिरा, एक मजदूर की मौत
मुकुंदपुर इलाके में रविवार दोपहर एक मकान के बालकनी का हिस्सा गिरने से सीवेज पाइप लाइन का काम कर रहे एक मजदूर की मौत हो गई, जबकि मकान मालिक घायल हो गया। पुलिस ने मकान मालिक के खिलाफ लापरवाही से मौत का मामला दर्ज कर लिया है। 

मृत मजदूर की पहचान समता विहार मुकुंदपुर निवासी अब्दुल मुनाफ के रूप में हुई है। वह मूलत: गांव-बजेड़ा कला, हापुड़ यूपी का रहने वाला था। पुलिस अधिकारी ने बताया कि दिल्ली जल बोर्ड की ओर से मुकुंदपुर में सीवेज पाइपलाइन का काम कराया जा है। काम को निजी ठेकेदार नावेद कर रहा है। रविवार दोपहर कुछ मजदूर वीर बाजार रोड गली नंबर 10 के सामने काम कर रहे थे। घर का मालिक विक्रांत अपने मकान की पहली मंजिल के बालकनी से बाहर निकला। तभी बालकनी का एक हिस्सा ढह गया। 

बालकनी का टूटा हुआ हिस्सा वहां काम कर रहे मजदूरों पर गिरा। जिससे एक मजदूर घायल हो गया। साथ ही मकान मालिक को भी चोट लगी। पुलिस ने घायल अब्दुल मुनाफ और मकान मालिक विक्रांत को बाबू जगजीवन राम अस्पताल लेकर गई। जहां डॉक्टरों ने अब्दुल मुनाफ को मृत घोषित कर दिया। 

कैफे-दुकान में करंट से दो ने दम तोड़ा
बारिश के दौरान अलग-अलग घटनाओं में कैफे व मिठाई की दुकान में करंट लगने से दो कर्मचारियों की माैत हो गई। पुलिस ने दोनों ही मामलों में लापरवाही से मौत का मामला दर्ज किया है। पुलिस के अनुसार, मूलरूप से फिरोजाबाद निवासी महिपत (28) शकरपुर में रहता था। उसकी पत्नी और ढाई व डेढ़ साल के दो बच्चे हैं। महिपत लक्ष्मी नगर मेट्रो स्टेशन के नजदीक गणेश कॉर्नर पर नौकरी कर रहा था। शनिवार दोपहर दूसरी मंजिल पर महिपल मिक्सी में काजू पीस रहा था। अचानक उसे करंट लगा और वह अचेत हो गया। पुलिस ने शॉप मालिक राकेश गुप्ता और उसके बेटे नवीश गुप्ता के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। वहीं, सत्येंद्र नेगी (60) प्रीत विहार के ए-ब्लाॅक में साॅल्ट कैफे में नौकरी करते थे। शनिवार को वह कैफे की रसोई में बर्तन रख रहे थे। इस दौरान गीजर के बोर्ड से करंट लगने से मौत हो गई।

फिर बंद हुआ मिंटो ब्रिज आईटीओ की हालत खराब
रविवार को भी मिंटो ब्रिज को बंद करना पड़ा। रामलीला मैदान में झील जैसा नजर आया। मंडी हाउस से कनाट प्लेस आने वाले बाराखंबा रोड, दूसरी तरफ फिरोजशाह रोड, अशोक रोड, संसद मार्ग सभी जगह पानी भरा था। आईटीओ की हालत सबसे ज्यादा खराब थी। यहां पर सड़क व फुटपाथ से ऊपर जाकर पानी आयकर विभाग कार्यालय व पीडब्ल्यूडी परिसर में भर गया था। आईटीओ मेट्रो स्टेशन के प्रवेश द्वार तक पानी पहुंच गया था। मथुरा रोड व रेलवे पुल के नीचे भयावह स्थिति थी। प्रगति मैदान टनल में डेढ़ फुट तक पानी भर गया था। 

तालाब बनीं सड़कें, फुटपाथ तक हुए गायब
बस, कार व ऑटो के भीतर तक पानी घुस गया। करीब 25 जगहों पर सड़कों पर पेड़ गिर गिरे तो जगह-जगह सिग्नल खराब होने से जाम लग गया। केंद्रीय व दिल्ली सरकार के मंत्रियों के घरों तक में पानी घुस गया। इधर, लुटियन जोन के ऐसे इलाके जहां कभी जलभराव नहीं होता, वहां भी पानी की लहरें नजर आईं। दूतावास इलाके में शांति पथ, अफ्रीका एवेन्यू की सड़कें घंटों लबालब रहीं। उपराष्ट्रपति निवास स्थान के आसपास की सड़कें भी जलमग्न हो गईं। कनाट प्लेस सर्कल में भी पानी से लोगों को परेशानी उठानी पड़ी। ब्यूरो

आठ किमी का सफर साढ़े पांच घंटे में तय
राजधानी में रविवार को बारिश-जलभराव के कारण ट्रैफिक व्यवस्था बुरी तरह चरमरा गई। सड़कों पर इतना पानी भर गया था कि ट्रैफिक को संभालना मुश्किल था। हालत ये हो गए थे कि रिंग रोड पर आईपी फ्लाईओवर के नीचे तैनात ट्रैफिक कर्मियों ने यहां तक कह दिया कि वे ट्रैफिक को नहीं चला सकते। कोई कहीं से भी जा सकता है। आखिर ट्रैफिक पुलिसकर्मी भी तो इंसान हैं। अमर उजाला के फोटो जर्नलिस्ट विवेक निगम ने मूसलाधार बारिश के बीच सड़कों का जायजा लिया तो लक्ष्मी नगर से मंदिर मार्ग आने में साढ़े पांच घंटे का समय लग गया, जबकि लक्ष्मी नगर से मंदिर मार्ग की दूरी करीब 8 किमी की है। 

नई दिल्ली। राजधानी में रविवार को घुमड़-घुमड़ के बादल बरसे तो हर जगह सिर्फ पानी नजर आया। शहर का शायद ही ऐसा कोई कोना बचा जहां जलभराव न हुआ हो। आलम यह था कि सड़कें व फुटपाथ तक नजर नहीं आ रहे थे। अंडरपास तालाब सरीखे नजर आए। जगह-जगह लोगों के वाहन बंद हो गए। सभी पुलिस उपायुक्त/यातायात, सहायक आयुक्त/यातायात और यातायात निरीक्षकों को आदेश किया गया कि वे चौराहों पर यातायात का स्वत: नियमन सुनिश्चित करने के लिए अधिक से अधिक संख्या में पुलिसकर्मी और क्रेनों को बुलाएं। यातायात व्यवस्था को संभालने के लिए लगभग 3450 यातायात पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया था। यातायात कर्मियों ने रेन कोट और गम बूट का उपयोग करके पूरी दिल्ली में यातायात को नियंत्रित किया।

54 जगहों पर लगा जबरदस्त जाम
यातायात पुलिस ने बताया कि रविवार को दिल्ली में 54 जगहों पर जबरदस्त जाम लगा। नई दिल्ली में ही अशोक होटल, आरएमएल, चाणक्यपुरी, जीसस मेरी कॉलेज, तीन मूर्ति, केंद्रीय सचिवालय, सुनेहरी मस्जिद, रेल भवन, मोती लाल नेहरू मार्ग व अकबर रोड पर जाम लगा था।

आज भी यलो अलर्ट जारी
मौसम विभाग ने सोमवार के लिए भी यलो अलर्ट जारी किया है। सुबह बादल छाए रहेंगे और दोपहर बाद बारिश हो सकती है। अधिकतम तापमान बढ़कर 31 व न्यूनतम तापमान 24 डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है। वहीं, विभाग ने 15 जुलाई तक हल्की बारिश के आसार जताए हैं।

ट्रेनों की रफ्तार भी थमी, यात्री परेशान
दो दिनों से हो रही बारिश ने ट्रेनों की रफ्तार भी थाम दी है। नियमित ट्रेनों की समय-सारणी बिगड़ी हुई है। लंबी दूरी की ट्रेनें जहां धीमी रफ्तार में चल रही हैं तो वहीं ज्यादातर लोकल ट्रेनों को निरस्त कर दिया गया है। इससे यात्रियों को दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है। 

सबसे ज्यादा मुसीबत वाशिंग यार्ड में पानी भरने से हो रही है। नई दिल्ली और पुरानी दिल्ली स्टेशनों पर पानी की निकासी के लिए आठ पंप लगाए गए हैं। इसके बावजूद सदर बाजार व सब्जी मंडी के रास्ते पानी का बहाव थम नहीं रहा है। इसके अलावा अंबाला रेल मंडल में भी बारिश ने ट्रेनों की आवाजाही को प्रभावित कर रहा है। 
चंडीगढ़, अंबाला, सहनेवाल, नांगलडैम के लिए आवाजाही 

करने वाली 30 से अधिक ट्रेनें प्रभावित हैं। इनमें कई ट्रेनें 
निरस्त है तो कई परिवर्तित मार्ग से चल रही हैं। इस रूट पर सोमवार को भी कई ट्रेन निरस्त रहेंगी। दिल्ली, गाजियाबाद, सोनीपत, पानीपत समेत आसपास चलने वाली 50 से अधिक लोकल ट्रेनें  भी निरस्त हैं।

आज 15 लोकल ट्रेनें रहेंगी निरस्त
बारिश की वजह से सोमवार को पुरानी दिल्ली और नई दिल्ली से चलने वाली 15 लोकल ट्रेनों को उत्तर रेलवे ने निरस्त कर दिया है। इसका असर दैनिक यात्रियों पर पड़ेगा। इसमें मुख्य रूप से गाजियाबाद, पलवल, सोनीपत, रेवाड़ी की पैसेंजर ट्रेनें शामिल हैं। यमुना भी अपने उफान पर है, सोमवार को अगर खतरे के निशान तक पानी पहुंचता है तो फिर लोहे के पुल से ट्रेनों की आवाजाही बाधित होने की उम्मीद है। जंगपुरा रेलवे लाइन के समीप भी पानी का लेवल बढ़ रहा है। दैनिक यात्री संघ के महासचिव बालकृष्ण अमरसरिया ने बताया कि बारिश में लोकल ट्रेनें ही सबसे पहले निरस्त की जाती हैं। इसका खामियाजा दिल्ली-आसपास के यात्रियों को भुगतना पड़ता है।


प्रदूषण धुला, एनसीआर में गाजियाबाद साफ
दिल्ली-एनसीआर में दो दिनों की बारिश से प्रदूषण का स्तर कम हो गया है। रविवार को सबसे साफ गाजियाबाद रहा। यहां वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 42 दर्ज किया गया। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अनुसार दिल्ली में एक्यूआई 64 दर्ज किया गया जो शनिवार के मुकाबले 7 अंक कम है।  फरीदाबाद में एक्यूआई 77, ग्रेटर नोएडा में 45, गुरुग्राम में 95 और नोएडा में 65 दर्ज किया गया। 

हालांकि, मौसम साफ होने के बाद प्रदूषण स्तर में मामूली बढ़त का अनुमान है। अगले छह दिनों की बात करें तो एक्यूआई संतोषजनक से मध्यम श्रेणी में रहने का अनुमान है। रविवार को दिल्ली में मुख्य सतही हवा दक्षिण पूर्व दिशाओं से 16 से 12 किमी प्रति घंटे की गति से हवा चली।

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