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खुलासा: चीनी गिरोह ने पांच लाख भारतीयों से ठगे 150 करोड़, 24 दिन में दोगुने का झांसा देकर बनाया शिकार

Wed, 09 Jun 2021 09:29 PM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली Published by: शाहरुख खान Updated Wed, 09 Jun 2021 09:29 PM IST
सार

साइबर सेल ने दो सीए समेत 11 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपी कई एप के जरिए ठगी व डाटा चुरा रहे थे। इस वर्ष की शुरूआत में भी साइबर सेल ने इसी तरह ठगी व डाटा चुराने वाले गिरोह का पर्दाफाश कर दो चीनी एप्लीकेशन पर एक्शन लिया था। 
 

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Chinese gang cheated five lakh Indians of 150 crores 11 people including two CA were arrested
आरोपी - फोटो : अमर उजाला।

विस्तार

दिल्ली पुलिस की साइबर सेल ने एक ऐसे चीनी गिरोह का पर्दाफाश किया है जो करीब पांच लाख भारतीयों से 150 करोड़ रुपये ठग चुके हैं। पीड़ित भारतीयों की संख्या कई लाख व ठगी की रकम 250 करोड़ हो सकती है। आरोपी 24 दिन में पैसे को दोगुना करने का झांसा देते थे। चीनी गिरोह भारतीयों को ठगने के साथ-साथ उनका डाटा भी चुरा भी रहे हैं। 
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साइबर सेल ने दो सीए समेत 11 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपी कई एप के जरिए ठगी व डाटा चुरा रहे थे। इस वर्ष की शुरूआत में भी साइबर सेल ने इसी तरह ठगी व डाटा चुराने वाले गिरोह का पर्दाफाश कर दो चीनी एप्लीकेशन पर एक्शन लिया था। 
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साइबर सेल डीसीपी अन्येश रॉय ने बताया कि मई के दूसरे सप्ताह में अलग-अलग नामों न्यू बल्र्ड, ईजी प्लान, सन फैक्टरी एप भारतीय बाजार में सर्कुलेट की जा रही थीं। ये एप भारत में तेज से डाउनलोड हो रही थीं। करीब ड़ेढ महीने में 50 लाख रुपये भारतीयों ने इन एप को डाउनलोड कर लिया था। 
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साइबर सेल ने एक एप को डाउन लोड कर फोरेंसिक लैब में विश्लेषण किया पता लगा कि ये एप चीन से ऑपरेट हो रही हैं और उनका सर्वर भी चीन में है। इन एप के जरिए लोगों को रुपये 24 दिन में डबल करने लालच दिया जा रहा था। एप डाउनलोड करने वालों को डाटा चोरी हो रहा है। ये भारतीयों से कम से कम 300 रुपये निवेश कराते थे। 

साथ में और लोगों को निवेश करने के लिए प्रेरित करने पर मुनाफा देने का भी झांसा देते थे। साइबर सेल ने नकली ग्राहक बनकर एप को डाउनलोड कर उसमें पैसा निवेश किया। पता लगा कि चीनी नागरिकों के इशारे पर भारत में बैठे लोग इन एप के जरिए लोगों से ठगी कर रहे हैं। एसीपी आदित्य गौतम की देखरेख में इंस्पेक्टर ब्रह्म यादव की टीम ने पश्चिमी बंगाल और एनसीआर में दबिश दी।

 पुलिस ने पश्चिमी बंगाल में दबिश देकर दो जून को शेख रोबिन को गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद दो सीए समेत दस आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया। इनकी पहचान गुरूग्राम निवासी अविक काडिया, कटवारिया सराय निवासी रौनक बंसल, उमाकांत आकाश जोयस, वेद चंद्रा, हरीओम, अभिषेक, अरविंद, शशी बंसल, मिथलेश शर्मा व अन्य आरोपी के रूप में हुई।  इनमें अविक काडिया व रौनक बंसल सीए हैं। इनके पास से 30 मोबाइल बरामद किए गए हैं। पुलिस को 29 बैंक खातों को पता लगा है। इन खातों में मौजूद 97 लाख रुपये है। पुलिस चीनी सरकार की भूमिका की जांच कर रही है। 

खातों के अधिकार चीनी नागरिकों को रखे थे

गिरफ्तार आरोपियों ने फर्जी नामों से बैंक खाते व कंपनियां खोल रखी थीं और फर्जी नामों से ही रजिस्ट्रेशन बना रखा था। इन कंपनियों के डायरेक्टर आदि भी फर्जी बने हुए थे। इन कंपनियों के बैंक खातों के सारे अधिकार चीनी गिरोह के सरगना चीन में बैठे चीनी नागरिकों को दे रखे थे। शेख रोबिन 30 कंपनियां चला रहा था। जबकि गुरुग्राम से गिरफ्तार सीए  अविक काडिया 110 सेल कंपनियां चला रहा था। 

शुरू में कुछ रिर्टन देते थे
आरोपी शुरू में कुछ रिर्टन देते थे। किसी ने 300 रुपये निवेश किए हैं तो उसे 24 दिन में दो गुना पैसे दे देते थे। ये पीड़ित को और पैसा निवेश करवाते थे और अपने सर्किल के लोगों को निवेश करवाने के लिए कहते थे। कुछ समय बाद ये पीड़ित को पैसा देना बंद देते थे। ये पीड़ित के एप पर पैसा देने का मैसेज दिखा देते थे। जबकि पीड़ित के खाते में पैसे नहीं जाते थे। 
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