{"_id":"5fa140498ebc3e9b861cb1eb","slug":"ghaziabad1604403273","type":"story","status":"publish","title_hn":"ऑनलाइन मंगाया मोबाइल, निकला साबुन","category":{"title":"Local","title_hn":"लोकल","slug":"local"}}
ऑनलाइन मंगाया मोबाइल, निकला साबुन
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
माई सिटी रिपोर्टर
विज्ञापन
विज्ञापन
साहिबाबाद। इंदिरापुरम के शक्तिखंड चार निवासी महिला ने बच्चों की ऑनलाइन पढाई के लिए ऑनलाइन एक मोबाइल मंगाया। मोबाइल का पैकेट खोलकर देखा तो उसमें रिन साबुन निकला। पीडि़ता ने आनलाइन कंपनी में शिकायत की, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई।
इंदिरापुरम के शक्तिखंड चार में अनिल गुप्ता पत्नी और दो बच्चों के साथ रहते हैं। उनकी पत्नी सुनीता गुप्ता ने बताया कि उन्होंने २८ अक्तूबर को एक ऑनलाइन शॉपिंग कंपनी से मोबाइल आर्डर किया। उन्होंने इसकी सात हजार रुपये पेमेंट भी कर दी। डिलीवरी ब्वॉय पैकेट देकर बिना साइन कराए ही फरार हो गया। उन्होंने पैकेट खोलकर देखा तो उसमें मोबाइल की जगह रिन साबुन था। यह देख वह दंग रह गईं। उन्होंने ऑनलाइन शॉपिंग कंपनी को कॉल कर शिकायत दर्ज कराई। पांच दिन का समय कंपनी ने जांच के लिए मांगा। पीडि़ता का कहना है कि कंपनी ने जांच कर कहा कि उनके यहां से मोबाइल ही डिलीवर हुआ है। इस पर पीडि़ता ने डिलीवरी ब्वॉय की फोटो और मोबाइल नंबर देेने को कहा। आरोप है कि कंपनी ने सहयोग नहीं किया। उन्होंने इंदिरापुरम थाने में तहरीर देने की बात कही है। एसएचओ इंदिरापुरम संजीव शर्मा का कहना है कि शिकायत मिलने पर जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
बच्चों की पढ़ाई को मंगाया था मोबाइल
पीडि़ता का कहना है कि लॉकडाउन में उनके पति की नौकरी चली गई। बच्चे पढ रहे हैं। ऑनलाइन क्लास में दिक्कत होने के कारण उन्होंने जैसे तैसे ७ हजार रुपये की व्यवस्था कर मोबाइल खरीदा था। इसमें भी उनके साथ ठगी हो गई।
विज्ञापन
विज्ञापन