फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Ghaziabad News ›   पशुओं के हेल्थ कार्ड पर दर्ज हो रहा यूआईडी नंबर

पशुओं के हेल्थ कार्ड पर दर्ज हो रहा यूआईडी नंबर

Amarujala Local Bureau अमर उजाला लोकल ब्यूरो
Updated Tue, 13 Oct 2020 05:01 PM IST
विज्ञापन
माई सिटी रिपोर्टर
विज्ञापन
गाजियाबाद। जिले के पालतू और आवारा पशुओं की कुंडली अब एक क्लिक पर स्क्रीन पर सामने होगी। जिले के हर पशु का अब 12 डिजिट का यूआईडी नंबर होगा। यूआईडी नंबर पशुओं के हेल्थ कार्ड पर दर्ज किया जाएगा। कोरोना से पहले पशुओं की ईयर टैगिंग का अभियान शुरू करना था लेकिन कोरोना की वजह से अभियान को अब फिर से शुरू किया गया है। ................................................... पशुओं में लगने वाले टैग करेंगे आधार का काम :— विशिष्ट पहचान पत्र आम आदमी का अधिकार 'आधार कार्ड' की तरह पशुओं में लगने वाला टैग आधार का काम करेगा। इससे पशुपालन विभाग के पास पशुओं सहित पशुपालकों की पूरी जानकारी रहेगी। जिले में पशुओं की टैगिग का लक्ष्या आगामी 31 मार्च 2021 रखा गया है। जिसमें जिले के लाखों पशुओं की टैगिग होगी। इसके लिए प्रत्येक ग्राम पंचायतों में एक सहायक और एक वैक्सीनेटर को तैनात किया गया है। पशुओं को यूआईडी पड़े टैग लगाने का काम जिले के चारों ब्लाकों में किया जा रहा है। पशुपालकों को योजनाओं का सीधे लाभ देने के लिए सरकार ने निराश्रित पशुओं के साथ ही पालतू पशुओं के टैगिग कराने की योजना चलाई है। आवारा और निराश्रित पशुओं की भी सभी प्रकार की जानकारी यूआईडी नंबर डालने पर उपलब्ध होगी।
विज्ञापन
............................................... नाम,पता और मोबाइल नंबर हो रहा फीड :— अभियान के तहत संबंधित चिकित्सक व पैरावेट गांव-गांव जाकर पशुओं की टैगिग कर रहे हैं। टैगिग के समय पशुपालक का नाम, पता व मोबाइल नंबर फीड किया जाता है। इससे पता चल जाएगा कि कौन पशु किस पशुपालक का है। जिला पशु चिकित्सा अधिकारी बिजेंद्र त्यागी ने बताया कि पशुपालन विभाग की योजनाओं के लाभ के लिए पशुओं की टैगिग अनिवार्य है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed