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बढ़ रहा कोरोना बंद हो रहे हेल्प डेस्क
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बढ़ रहा कोरोना बंद हो रहे हेल्प डेस्क-
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मैन पावर की कमी बन रही है बड़ी परेशानी
माई सिटी रिपोर्टर
गाजियाबाद। तेजी से बढ़ रहे कोरोना संक्रमण के बीच हेल्प डेस्क भी बंद होते जा रहे हैं। हेल्प डेस्क पर उपलब्ध करवाए गए थर्मल थर्मामीटर भी खराब हो चुके हैं, लेकिन उन्हें सही नहीं कराया जा रहा है। अब तक संचालित 206 में से 100 से ज्यादा हेल्प डेस्क बंद हो चुके हैं। आईडीएसपी लैब में बनाई गई हेल्प डेस्क केवल दो घंटे ही संचालित हो सकी थी। वह भी जब स्वास्थ्य सचिव आरटी-पीसीआर लैब के निर्माण कार्य का निरीक्षण करने आए थे। उनके आने से पहले हेल्प डेस्क लगाई गई और उनके जाने के तुरंत बाद डेस्क हटा दिया गया, जो अब तक दोबारा नहीं लगाई गई है। सीएमओ कार्यालय में भी केवल कागजों में ही हेल्प डेस्क चल रही है। इसके अलावा थानों में हेल्प डेस्क बनाने के निर्देश दिए गए थे लेकिन, किसी थाने में हेल्प डेस्क संचालित नहीं हो रही है। प्रशासनिक कार्यालयों, आरटीओ, विद्युत निगम कार्यालय आदि स्थानों पर भी बनाई गई हेल्प डेस्क नदारद हैं।
शासन के निर्देश पर सभी अस्पतालों एवं सरकारी विभागों में कोरोना हेल्प डेस्क बनाए गए थे। इन पर स्वास्थ्य कर्मियों को नियुक्त किया गया था, जो वहां पहुंचने वाले संदिग्धों का बुखार और ऑक्सीजन सैचुरेशन चेक करके उचित परामर्श देते थे। अस्पतालों में बनाई गई हेल्प डेस्क से संदिग्धों के लक्षणों के आधार पर उन्हें कोरोना टेस्ट करवाने के अलावा संबंधित डॉक्टर के पास भेजा जाता था। कागजों में जिले में 206 हेल्प डेस्क संचालित हो रही हैं। 100 से ज्याद हेल्प डेस्क कर्मचारियों की कमी के चलते या तो शुरु ही नहीं हो सकीं या फिर शुरु होने के बाद बंद हो गईं। इनमें सीएमओ कार्यालय, आईडीएसपी और प्रशासन के कई कार्यालयों में बनाई गई हैल्प डेस्क भी शामिल हैं। इस मामले में वरिष्ठ अधिकारियों का कहना है कि कर्मचारियों की कमी के चलते कई स्थानों पर हेल्प डेस्क संचालित नहीं हो पा रही हैं।
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आशुतोष यादव
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