फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Ghaziabad News ›   चिंगरावठी प्रकरण: गोकशी के आरोपियों को बनाया भाकियू का पदाधिकारी

चिंगरावठी प्रकरण: गोकशी के आरोपियों को बनाया भाकियू का पदाधिकारी

Amarujala Local Bureau अमर उजाला लोकल ब्यूरो
Updated Wed, 02 Sep 2020 01:18 AM IST
विज्ञापन
खानपुर। स्याना की चिंगरावठी चौकी में करीब डेढ़ वर्ष पूर्व गोकशी को लेकर बवाल हो गया था। वहीं, अब उक्त प्रकरण में गोकशी के आरोपी परवेज को भाकियू का तहसील स्याना का महासचिव बनाया गया है तो वहीं, आरोपी महबूब को जिला कार्यकारिणी का सदस्य नियुक्त किया गया है। जिसके विरोध में सोमवार को गांव भर्रा में क्षेत्र के ग्रामीणों ने पंचायत कर रोष व्यक्त किया है।
विज्ञापन
गौरतलब है कि तीन दिसंबर २०१८ को स्याना की चिंगरावठी चौकी पर क्षेत्र के ग्रामीण गौकशी के विरोध में प्रदर्शन कर रहे थे। यह प्रदर्शन कुछ देर बाद ही बवाल में बदल गया था। जिसमें तत्कालीन थाना स्याना प्रभारी सुबोध कुमार सिंह समेत चिंगरावठी निवासी युवक सुमित की मौत हो गई थी। मामले में पुलिस ने गोकशी प्रकरण में कुछ लोगों को नामजद करते हुए जेल भेज दिया था। वहीं, उक्त गोकशी के प्रकरण में जेल गए तीन आरोपियों को अब भाकियू में पदाधिकारी बनाए जाने का मामला प्रकाश में आया है। जिनमें से एक आरोपी परवेज को भाकियू का तहसील स्याना को महासचिव बनाया गया है तो वहीं, आरोपी महबूब को जिला कार्यकारिणी का सदस्य नियुक्त किया गया है। आरोपियों को संरक्षण दिए जाने की बात की जानकारी होते ही क्षेत्र के ग्रामीणों में भी रोष व्याप्त है। सोमवार को क्षेत्र के गांव भंवरा में राजेश चौहान के घर पर ग्रामीणों ने एक पंचायत का आयोजन किया। पंचायत में ग्रामीणों ने भाकियू के इस कार्य का विरोध किया। इसके अलावा पंचायत में नरेंद्र सिंह चौहान, रवि तोमर, धर्म सिंह राघव, जयराम सिंह राघव, गणेश सिंह, जितेंद्र सिंह, अरविंद सिंह, मूलचंद सिंह आदि दर्जनों ग्रामीण मौजूद रहे।
विज्ञापन
फिलहाल आरोपी जमानत पर हैं बाहर पुलिस ने चिंगरावठी कांड के दौरान गोकशी के मामले में सात आरोपियों को नामजद करते हुए न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया था। जिनमें मुख्य रुप से महबूब, हारुन व परवेज, अरविंद आदि शामिल थे। इन सभी पर रासुका की कार्रवाई भी की गई थी। हालांकि, फिलहाल ये आरोपी जिला कारागार से जमानत पर छूटे हुए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
शिखर अग्रवाल को मिला था पद, तो हुआ था बवाल बीते दिनों स्याना-चिंगरावठी हिंसा के आरोपी शिखर अग्रवाल को हिंदूवादी संगठन की एक ईकाई में पदभार सौंपा गया था। जिसका फोटो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हुआ था। जिसमें भाजपा के जिलाध्यक्ष समेत अन्य नेता भी मौजूद नजर आ रहे थे। हालांकि, फजीहत होने के बाद शिखर को पदमुक्त कर दिया गया था। हालांकि, शिखर भाजयुमो में पदाधिकारी रह चुका है।
कोट मुझे मामले की पूरी जानकारी नहीं है, जानकारी की जा रही है। यदि किसी ऐसे आरोपी को संगठन में जगह दी गई है तो उसको बाहर का रास्ता दिखाया जाएगा। - मांगेराम त्यागी, भाकियू एनसीआर महासचिव
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed