फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   whatsapp group for up and uttarakhand police

'बॉर्डर' नाम से बना वाट्सएप ग्रुप, बदमाशों की खैर नहीं

Sat, 20 Dec 2014 04:48 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, रुद्रपुर
ब्यूरो/अमर उजाला, रुद्रपुर Updated Sat, 20 Dec 2014 04:48 PM IST
विज्ञापन
whatsapp group for up and uttarakhand police

उत्तराखंड के यूपी में और यूपी के उत्तराखंड में रह रहे 100 से अधिक वांछित बदमाशों की धरपकड़ को दोनों राज्यों की पुलिस आपस में तालमेल बैठाएगी। साथ ही अधिकारी से लेकर कांस्टेबल स्तर पर यूपी और उत्तराखंड राज्य की पुलिस एक दूसरे को सूचनाओं का आदान प्रदान करेंगी।

विज्ञापन


निर्णय लिया गया कि यूपी के सीमावर्ती और कुमाऊं के सीमावर्ती जिलों के पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों का बॉर्डर नाम से वाट्सएप पर ग्रुप बनाया जाए। जिसके माध्यम से आसानी से सूचनाओं का आदान प्रदान किया जा सके। यह निर्णय शुक्रवार को एसएसपी कार्यालय में आयोजित बार्डर मीटिंग में लिया गया। डीआईजी कुमाऊं जीएस मर्तोलिया और डीआईजी मुरादाबाद गुलाब सिंह की अध्यक्षता में हुई बार्डर मीटिंग में चंपावत, पिथौरागढ़, अल्मोड़ा, बागेश्वर, नैनीताल जिले के एसएसपी के साथ ही पीलीभीत, बहेड़ी और बिलासपुर के पुलिस अधिकारी भी मौजूद थे।
विज्ञापन


इस दौरान दोनों राज्यों के बदमाशों की सूचियों का आदान प्रदान करने, जहरखुरानी गिरोह की धरपकड़ और अधिकारियों के साथ ही चौकी और बीट कांस्टेबल स्तर पर आपराधिक वारदातों की सूचनाओं का आदान प्रदान करने का निर्णय भी लिया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन

सूचनाओं का होगा आदान प्रदान

whatsapp group for up and uttarakhand police

डीआईजी कुमाऊं जीएस मर्तोलिया ने पत्रकारों को बताया कि चंपावत और ऊधमसिंहनगर क्षेत्र यूपी से लगते हुए हैं। ऐसे में आपराधिक वारदात होने पर बदमाश आसानी से यूपी की ओर फरार हो जाते हैं। इस पर लगाम लगाने के लिए बार्डर मीटिंग के जरिए बार्डर में ज्वाइंट पेट्रोलिंग के साथ ही बीट कांस्टेबल स्तर पर सूचनाओं के आदान प्रदान पर सहमति बनी।

सार्थक हुई बैठक: सिंह
मुरादाबाद के डीआईजी गुलाब सिंह ने कहा कि यूपी और कुमाऊं के पुलिस अधिकारियों की बार्डर मीटिंग सार्थक हुई है। दोनों ही राज्यों की पुलिस एक दूसरे के क्षेत्रों से फरार हुए बदमाशों को चिह्नित कर गिरफ्तार करेगी। ताकि उन्हें एक दूसरे को सौंपा जा सके।

बैठक में एसएसपी नीलेश आनंद भरणे, एसएसपी नैनीताल अबुदेई सैंथिल, एसएसपी अल्मोड़ा करन सिंह नगन्याल, एसएसपी चंपावत दलीप सिंह कुंवर, एसएसपी बागेश्वर एनएस नपच्याल सहित एसएसपी पीलीभीत सोनिया सिंह, सीओ बिलासपुर जोगेंद्र लाल, सीओ बहेड़ी अमर सिंह सहित तमाम पुलिस अधिकारी मौजूद थे।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed