Weather Today: मौसम में बदलाव से कम हुआ गर्मी का एहसास, भूस्खलन से यमुनोत्री हाईवे बंद
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उत्तराखंड के उच्च हिमालयी क्षेत्रों में बर्फबारी का असर मैदान तक दिखने लगा है। धूप में अब गर्मी का एहसास भी कम होने लगा है। रविवार को भी मौसम में हल्की ठंड का एहसास हुआ। वहीं, मौसम केंद्र हरिद्वार और ऊधमसिंह नगर जिलों के कुछ स्थानों पर कोहरा रहने के आसार जताए थे।
वहीं, यमुनोत्री हाईवे के छटांगाधार क्षेत्र में बीती देर रात को भारी भूस्खलन से यातायात ठप हो गया। हाईवे पर यातायात प्रभावित होने से वाहनों को करीब 30 किमी घूमकर जाना पड़ा। पहाड़ी से लगातार मलबा पत्थर गिरने के कारण एनएच विभाग हाईवे को खोलने के प्रयास में देर शाम तक जुटा रहा।
ऑल वेदर रोड निर्मण कार्य के चलते शनिवार रात को छटांगाधार क्षेत्र में पहाड़ी से भूस्खलन हो गया। इसे हटाने के लिए मौके पर मौजूद एनएच व निर्माण एजेंसी के कर्मचारियों ने तत्काल प्रयास शुरू किए, लेकिन पहाड़ी से रुक-रुककर मलबा पत्थर गिरने के कारण रविवार शाम 4.30 बजे तक कोई सफलता नहीं मिल सकी।
जिस कारण ठकराल, गीठ, बड़कोट, ओजरी, बडियार आदि क्षेत्रों के करीब 70-80 गांवों की आवाजाही प्रभावित हो गई है। निर्माण एजेंसी के परियोजना प्रबंधक कादिर अहमद ने बताया कि हाईवे के करीब बीस मीटर हिस्से पर लगातार भूस्खलन हो रहा है। इसके चलते हाईवे को खोलने में समय लग रहा है। हालांकि वाहनों की आवाजाही के लिए रूट को राजतर-गडोली मार्ग की तरफ से डायवर्ट किया गया है।
बदरीनाथ धाम की ऊंची चोटियों पर हुई बर्फबारी
शनिवार को बदरीनाथ धाम की ऊंची चोटियों पर सीजन की पहली बर्फबारी हुई। वहीं, बदरीनाथ धाम परिसर व आसपास बारिश हुई। बीते वर्ष नवंबर माह में धाम की चोटियों पर बर्फबारी हुई थी। इस बार एक माह पहले ही उच्च हिमालयी क्षेत्रों में बर्फबारी हुई। धाम में करीब दो घंटे तक हुई बारिश और ऊंची चोटियों में बर्फबारी से धाम में ठंड में इजाफा हो गया है।
पिछले एक माह से धाम में चटख धूप खिल रही थी, लेकिन शनिवार को दोपहर बाद अचानक मौसम ने करवट बदली और ऊंची चोटियों पर बर्फबारी शुरू हो गई। देश के अंतिम गांव माणा के समीप की ऊंची चोटियों के साथ ही चीन सीमा क्षेत्र की चोटियों पर भी बर्फबारी हुई, जिससे मौसम में ठंडक आ गई है।