{"_id":"6169b03f1a78b42e45564938","slug":"uttarakhand-news-two-year-plan-will-be-made-for-safety-and-strictness-for-roads","type":"story","status":"publish","title_hn":"उत्तराखंड: सड़कों पर सुरक्षा और सख्ती का बनेगा दो साल का प्लान, मुख्य सचिव ने दिए निर्देश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
उत्तराखंड: सड़कों पर सुरक्षा और सख्ती का बनेगा दो साल का प्लान, मुख्य सचिव ने दिए निर्देश
Fri, 15 Oct 2021 10:19 PM IST
अलका त्यागी
अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून
अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून
Published by: अलका त्यागी
Updated Fri, 15 Oct 2021 10:19 PM IST
सार
बैठक में एक ओर जहां इस वित्तीय वर्ष की तैयारियों पर चर्चा की गई तो दूसरी ओर मुख्य सचिव ने भविष्य की योजनाओं के निर्देश जारी किए।
विज्ञापन
मुख्य सचिव एसएस संधू
- फोटो : अमर उजाला फाइल फोटो
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
उत्तराखंड में सड़कों पर सुरक्षित सफर और सख्ती को लेकर दो साल का प्लान तैयार होगा। मुख्य सचिव डॉ. एसएस संधू ने इस संबंध में निर्देश जारी किए हैं। पिछले दिनों मुख्य सचिव की अध्यक्षता में सड़क सुरक्षा कोष प्रबंधन समिति की बैठक हुई। बैठक में एक ओर जहां लोक निर्माण विभाग ने करीब पांच करोड़ खर्च के लिए योजना पेश की, जिसमें प्रदेश की विभिन्न सड़कों के चौड़ीकरण और सुरक्षा मानक उपाय शामिल हैं।
विज्ञापन
वहीं शिक्षा विभाग भी करीब 15 लाख रुपये से जागरुकता अभियान चलाएगा। स्वास्थ्य विभाग सड़क हादसों में सही और पूरे उपचार के लिए ट्रामा सेंटर आदि विकसित करेगा। परिवहन और पुलिस विभाग अपने हिस्से के बजट से सड़क सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करेगा। मुख्य सचिव डॉ. एसएस संधू ने निर्देश दिए हैं कि आगामी दो साल का खाका तैयार किया जाए, जिसे आगामी बैठक में रखा जाए।
विज्ञापन
उत्तराखंड: मुख्य सचिव ने दिए निर्देश, पर्वतारोहियों की सेटेलाइट लोकेशन की हो व्यवस्था
विज्ञापन
परिवहन विभाग की यह योजना
- राज्य की सीमाओं पर 11 चेकपोस्टों (नौ स्थायी, दो अस्थायी) पर स्पीड रडार गन युक्त एएनपीआर कैमरे लगेंगे।
- प्रवर्तन दलों के लिए स्पीड रडार गन युक्त दो दुपहिया इंटरसेप्टर वाहन।
- टास्क फोर्स के लिए तीन बोलेरो खरीदी जाएंगी।
- सड़क सुरक्षा से संबंधित कार्यक्रम व प्रशिक्षण कार्यक्रम, फर्स्ट रिस्पांडर ट्रेनिंग।
पुलिस की यह है योजना
- हाईवे पेट्रोलिंग के लिए 15 बोलेरो की खरीद।
- सिटी पेट्रोलिंग के लिए 20 बुलेट मोटरसाइकिल की खरीद।
- हाईवे पेट्रोलिंग इंटरसेप्टर के लिए 20 मोटरसाइकिल की खरीद।
- पांच इंटरसेप्टर वाहन।