{"_id":"669e9dfcc3e89651ca015045","slug":"uttarakhand-news-samples-of-five-medicines-made-in-roorkee-and-kashipur-fail-license-suspended-2024-07-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"Uttarakhand: रुड़की और काशीपुर में बनीं पांच दवाइयों के सैंपल CDSCO की जांच में फेल, लाइसेंस निलंबित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Uttarakhand: रुड़की और काशीपुर में बनीं पांच दवाइयों के सैंपल CDSCO की जांच में फेल, लाइसेंस निलंबित
Mon, 22 Jul 2024 11:32 PM IST
अलका त्यागी
अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून
अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून
Published by: अलका त्यागी
Updated Mon, 22 Jul 2024 11:32 PM IST
सार
सीडीएसओ की ओर से देश में बन रही दवाइयों की गुणवत्ता की लगातार निगरानी की जा रही है। केंद्रीय टीम गुणवत्ता जांच के लिए दवाइयों के सैंपल ले रही है।
विज्ञापन
दवा
- फोटो : Istock(प्रतीकात्मक तस्वीर)
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
प्रदेश के रुड़की व काशीपुर में बनीं पांच दवाइयों के सैंपल केंद्रीय दवा मानक नियंत्रण संगठन (सीडीएससीओ) की जांच में फेल पाए गए। सीडीएससीओ की रिपोर्ट पर खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग ने दवा बनाने वाली कंपनियों के लाइसेंस निलंबित कर दिए हैं। साथ ही जांच में फेल पाए गए दवाइयों को बाजार से वापस मंगवाया जा रहा है।
विज्ञापन
केंद्रीय दवा मानक नियंत्रण संगठन की ओर से देश में बन रही दवाइयों की गुणवत्ता की लगातार निगरानी की जा रही है। केंद्रीय टीम गुणवत्ता जांच के लिए दवाइयों के सैंपल ले रही है। उत्तराखंड भी फार्मा विनिर्माण का बड़ा हब है। देश में निर्मित दवाइयों में उत्तराखंड का 20 से 25 फीसदी योगदान है। यहां से कई दवाइयां निर्यात की जाती है। केंद्रीय दवा मानक नियंत्रक संगठन ने जून माह की जांच रिपोर्ट जारी की है। जिसमें देशभर में निर्मित 31 दवाइयों की गुणवत्ता मानकों के अनुरूप नहीं मिली। इनमें उत्तराखंड में निर्मित पांच दवाएं भी शामिल हैं।
विज्ञापन
Uttarakhand: सीएम धामी ने की बैठक, 31 अगस्त तक UCC की तैयारी पूरी होने की रिपोर्ट होगी दाखिल
विज्ञापन
खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन के अपर आयुक्त एवं औषधि नियंत्रक ताजबर सिंह ने बताया कि दवाइयों की गुणवत्ता जांच के लिए सीडीएससीओ के माध्यम से सैंपलिंग की जाती है। सीडीएससीओ की रिपोर्ट के आधार पर संबंधित कंपनियों के उत्पाद लाइसेंस निलंबित करने की कार्रवाई की गई। पिछले चार माह उत्तराखंड में निर्मित 35 दवाओं के सैंपल फेल पाए गए। जिनके खिलाफ विभाग ने कार्रवाई की है। उन्होंने बताया कि स्काइमेप फार्मास्यूटिकल्स रुड़की की एसोप्रैज़ोल टैबलेट, फ्रान्सिस रेमेडीज रुड़की की रैनिटीडीन टैबलेट, ओमेगा फार्मा रुड़की ट्रेनेक्ज़ामिक एसिड टैबलेट, एग्रोन रेमेडीज काशीपुर की पैंटोप्राज़ोल टैबलेट और एप्पल फार्म्युलेशन रुड़की की एटोरिकाक्सीब टैबलेट के सैंपल जांच में फेल पाए गए।