Uttarakhand: गोपीनाथ मंदिर पर मंडरा रहा खतरा! शिवलिंग की जलेरी में हुआ धंसाव, गुंबद भी हो रहा क्षतिग्रस्त
हक-हकूकधारी और स्थानीय लोगों ने कहा कि मंदिर के गर्भगृह में शिवलिंग की जलेरी अपने मूल स्थान से नीचे की ओर धंस रही है। वहीं, मंदिर के शीर्ष भाग में स्थापित गुंबद भी क्षतिग्रस्त हो रहा है और मंदिर का दक्षिण भाग झुक रहा है।
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प्राचीन गोपीनाथ मंदिर के गर्भगृह में पानी की निकासी बाधित होने से इसका प्रतिकूल प्रभाव शिवलिंग की जलेरी पर पड़ रहा है। मंदिर की जलेरी अपने मूल स्थान से नीचे की ओर धंस रही है। साथ ही मंदिर के शीर्ष भाग में स्थापित गुंबद भी क्षतिग्रस्त हो रहा है और मंदिर का दक्षिण भाग झुक रहा है, जिससे भविष्य में मंदिर को खतरा हो सकता है। हक-हकूकधारी व स्थानीय लोगों ने गोपीनाथ मंदिर के जीर्णोद्धार की मांग को लेकर जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा।
जिलाधिकारी से मिले हक-हकूकधारी और स्थानीय लोगों ने कहा कि मंदिर के गर्भगृह में शिवलिंग की जलेरी अपने मूल स्थान से नीचे की ओर धंस रही है। पुरातत्व विभाग की ओर से पूर्व से यहां मंदिर परिसर में निर्माण कार्य किए जा रहे रहे हैं वे उच्च अधिकारियों की देखरेख में नहीं हो रहे हैं जिससे अनुरक्षण कार्यों की गुणवत्ता पर सवाल उठ रहे हैं। साथ ही मंदिर परिसर में ऐसे निर्माण कार्य करवाए जा रहे हैं जो पुरातात्विक दृष्टिकोण से सही नहीं है।