उत्तराखंड: बारिश से कोटद्वार में ढहा मकान, नैनीताल में भूस्खलन से रास्ता बंद, सिंगर जुबिन नौटियाल फंसे
कोटद्वार के जयहरीखाल ब्लॉक के अंतर्गत ग्रामसभा जडियाना के जिबलखाल तोक में बारिश से एक मकान धराशायी हो गया।
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उत्तराखंड में कई दिन बाद आज शनिवार को मौसम साफ बना रहा।दिन में हल्की बूंदाबांदी हुई। राज्य के अधिकतर इलाकों में बादल छाए रहे। यमुनोत्री हाईवे पालीगाड़-कुथनौर के पास शनिवार को भी बंद रहा। यहां हाईवे खरादी और झर्जरगाड़ में आवाजाही के लिए जोखिम भरा बना हुआ है। रुद्रप्रयाग में ऋषिकेश-बदरीनाथ, रुद्रप्रयाग-गौरीकुंड और कुंड-ऊखीमठ-चोपता-मंडल-गोपेश्वर हाईवे मलबा आने से अवरुद्ध रहा। जिले में दस से अधिक संपर्क मार्ग बंद हैं।
कोटद्वार के जयहरीखाल ब्लॉक के अंतर्गत ग्रामसभा जडियाना के जिबलखाल तोक में बारिश से एक मकान धराशायी हो गया। शुक्रवार शाम को मूसलाधार बारिश के दौरान जिबलखाल तोक निवासी श्रीचंद जुयाल पुत्र महानंद का मकान धराशायी हो गया। गनीमत रही कि घटना के वक्त भवन स्वामी परिवार समेत पालकोट स्थित मकान पर गए हुए थे। उन्होंने बताया कि इस संबंध में राजस्व उपनिरीक्षक को दे दी गई है।
पिथौरागढ़ में भारी बारिश से 15 सड़कें बंद, गायक जुबिन नौटियाल समेत कई लोग फंसे
पिथौरागढ़ जिले के विभिन्न हिस्सों में बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। पिथौरागढ़ जिले की 15 सड़कें बंद हैं। काली नदी का जल स्तर 888.60, सरयू का 447.80 और जौलजीबी में गोरी नदी का जलस्तर 604.80 पहुंच गया है। सीमांत के कनार गांव को जोड़ने वाला पैदल रास्ता भारी बारिश से जगह-जगह ध्वस्त हो गया है।
इधर, नैनीताल-पंगूट मार्ग पर शनिवार को पंगूट के पास भूस्खलन होने से यातायात ठप हो गया। इसी समय पंगूट से लौट रहे बालीवुड सिंगर जुबिन नौटियाल की गाड़ी के साथ कई वाहन भी रास्ते में फंस गए। चंपावत जिले में भारतोली के पास एनएच की स्थिति संवेदनशील बनी है। आठ दिन से भारतोली में मलबा आने से यातायात बंद है। शनिवार को आठवें दिन भारतोली में एनएच केवल एक घंटे के लिए ही खुला।
लामबगड़ में 13 घंटे बंद रहा बदरीनाथ हाईवे
मलबा आने से बदरीनाथ हाईवे लामबगड़ में करीब 13 घंटे तक बंद रहा। शनिवार दोपहर एक बजे के करीब मलबा हटाने के बाद हाईवे पर यातायात सुचारू हो पाया। शुक्रवार रात 12 बजे लामबगड़ में मलबा आने से हाईवे बंद हो गया था। शनिवार सुबह यहां दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लगी रही। बीआरओ ने जेसीबी लगाकर हाईवे खोलने का काम शुरू किया और शनिवार दोपहर करीब एक बजे हाईवे खोल दिया गया।
भूस्खलन की जद में आए होटल को खाली कराया
बदरीनाथ हाईवे पर झटकुला के समीप भूस्खलन से बीते दिनों एक होटल खतरे की जद में आ गया था। शनिवार को थाना जोशीमठ और एसडीआरएफ की टीम ने मौके पर जाकर स्थिति का जायजा लिया। टीम ने होटल को खतरा बताते हुए उसे खाली कराकर सुरक्षा घेरा बना दिया।
‘शाम 7 बजे के बाद यात्रा न करें लोग’
श्रीनगर में बदरीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग पर चमधार में बार-बार भूस्खलन होने से यातायात अवरुद्ध होने और खतरे को देखते हुए पुलिस रात के समय यातायात वैकल्पिक रूटों पर डायवर्ट करने की योजना बना रही है। इसके लिए हाईवे की वर्तमान स्थिति की रिपोर्ट मांगी गई है। पीडब्लूडी से चर्चा के बाद पुलिस अंधेरा होने पर यातायात रोक सकती है। फिलहाल पुलिस ने वाहन चालकों से शाम 7 बजे के बाद यात्रा न करने की अपील की है।
चमोली जिले में भूस्खलन से 20 सड़कें बंद
चमोली जिले में कई दिनों से रुक-रुककर हो रही बारिश से सड़कें और पैदल रास्ते तहस-नहस हो गए हैं। जिले में अभी भी 20 सड़कें जगह-जगह बंद पड़ी हैं, जिससे ग्रामीण जान-जोखिम में डालकर आवाजाही कर रहे हैं। वहीं बदरीनाथ हाईवे क्षेत्रपाल और कौड़िया में खतरनाक बना हुआ है। पोखरी-गोपेश्वर सड़क भूस्खलन से जगह-जगह बंद पड़ी है।
मसूरी में जमकर हुई बारिश, जन जीवन अस्त व्यस्त
मसूरी शहर में शुक्रवार देर शाम जमकर बारिश हुई। भारी बारिश से जन-जीवन अस्त-व्यस्त हो गया। तेज बारिश के चलते मसूरी-देहरादून मार्ग पर जेपी मोड़, गलोगी धार सहित विभिन्न क्षेत्रों में मलबा आने से मार्ग बंद हो गया।
सड़क पर मलबा और बोल्डर आने से वाहनों की आवाजाही पर असर पड़ा। इससे लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। गलोगी धार के पास बार-बार पत्थर गिरने और मलबा आने से मसूरी-देहरादून आने जाने वाले वाहनों के लिए खतरा पैदा हो गया है।
टिहरी: छतियारा-खवाड़ा और चमियाला-बूढ़ाकेदार मार्ग बंद
भिलंगना ब्लॉक में छतियारा-खवाड़ा और चमियाला-बूढ़ाकेदार मोटर मार्ग गुरुवार की रात को बंद हो गए। इससे बूढ़ाकेदार और बासर पट्टी के गांवों का तहसील मुख्यालय से संपर्क पूरी तरह कट गया है। बोल्डर हटाने में जुटे लोनिवि ने कहा कि मार्ग शनिवार तक खोल दिया जाएगा।
भूस्खलन से दो मकानों को खतरा
चमोली जिले के पोखरी पीएमजीएसवाई की पोखरी-कुजासू पैणी सड़क पर भूस्खलन से कुजासू के कल्याण सिंह के मकान को खतरा पैदा हो गया है। इस संबंध में ग्राम प्रधान अनीता देवी, पूर्व प्रधान शिवराज सिंह राणा ने तहसीलदार को ज्ञापन सौंपकर पीड़ित परिवार को अन्यत्र शिफ्ट कराने की मांग की है। उन्होंने कहा कि मार्ग के तीन किमी तक कुजासू गांव के नीचे सड़क पर भूस्खलन हो रहा है, जिससे मकान को खतरा पैदा हो गया है। परिवार को अन्यत्र शिफ्ट नहीं किया गया तो भारी नुकसान हो सकता है।
वहीं बारिश से पोखरी-कर्णप्रयाग सड़क पर विनगढ़ में पुश्ता टूटने से अभिषेक खाली का मकान भी खतरे की जद में आ गया है। ग्राम प्रधान अनीता देवी और पूर्व प्रधान हर्षवर्द्धन चौहान ने लोनिवि के अधिशासी अभियंता को ज्ञापन सौंपकर पुश्ते की मरम्मत करने और प्रभावित को मुआवजा दिलाने की मांग की। वहीं लोनिवि के सहायक अभियंता अतुल शांडियाल ने बताया कि मौके पर जाकर पुश्ते का मुआयना करने के बाद तुरंत निर्माण करवा दिया जाएगा।