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शहीद का पार्थिव शरीर पहुंचा: आज जगेंद्र को छुट्टी पर आना था घर, वो तिरंगे में लिपटकर आया
Sat, 26 Feb 2022 09:50 AM IST
रेनू सकलानी
संवाद न्यूज एजेंसी, डोईवाला
संवाद न्यूज एजेंसी, डोईवाला
Published by: रेनू सकलानी
Updated Sat, 26 Feb 2022 09:50 AM IST
सार
सियाचिन ग्लेशियर में लैंड स्लाइडिंग होने से कान्हरवाला निवासी 325 लाइट एडी हवलदार जगेंद्र सिंह चौहान शहीद हो गए थे।
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शहीद का पार्थिव शरीर पहुंचा
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
सियाचिन ग्लेशियर में पैट्रोलिंग के दौरान शहीद हुए हवलदार जगेंद्र सिंह चौहान का पार्थिव शरीर शुक्रवार सुबह कान्हरवाला स्थित उनके आवास पर पहुंचा। सेना के जवानों ने शहीद को गार्ड ऑफ ऑनर दिया। इस दौरान हजारों लोगों ने शहीद को श्रद्धासुमन अर्पित किए। हरिद्वार में शहीद जगेंद्र सिंह चौहान का अंतिम संस्कार किया गया।
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325 लाइट एडी बटालियन में हवलदार के पद पर तैनात भनस्वाड़ी टिहरी गढ़वाल में जन्मे और हाल कान्हरवाला निवासी जगेंद्र सिंह चौहान सियाचिन ग्लेशियर में पैट्रोलिंग के दौरान भूस्खलन होने से बीते मंगलवार को शहीद हो गए थे। खराब मौसम और अन्य कारणों से हुए विलंब के चलते शुक्रवार की सुबह आठ बजे शहीद जगेंद्र सिंह चौहान का पार्थिव शरीर कान्हरवाला स्थित उनके आवास पर लाया गया।
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लोगों की आंखें नम हो गईं
शहीद के आवास पर हजारों की संख्या में लोग पहले से ही मौजूद थे। शहीद का पार्थिव शरीर आवास पर पहुंचते ही घर में कोहराम मच गया। लोगों की आंखें नम हो गईं। कई लोगों ने शहीद को श्रद्धांजलि अर्पित की। इसके बाद शहीद का पार्थिव शरीर पूरे सम्मान के साथ भानियावाला तिराहा तक ले जाया गया। शहीद के सम्मान में व्यापारियों ने अपने प्रतिष्ठानों को बंद रखा।
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भानियावाला क्षेत्र के कई विद्यालयों के बच्चों ने शहीद के सम्मान में देशभक्ति के नारे लगाए। शहीद के पिता राजेंद्र सिंह चौहान, माता विमला चौहान, पत्नी किरन चौहान और भाई अजेंद्र और मनमोहन की आंखें नम थीं। गमगीन माहौल में शहीद जगेंद्र सिंह चौहान का पार्थिव शरीर को अंतिम संस्कार के लिए हरिद्वार ले जाया गया। हरिद्वार के चंडी घाट स्थित नमामि गंगे घाट पर सैन्य सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया।
शहीद के पिता सूबेदार मेजर सेवानिवृत्त राजेंद्र सिंह चौहान ने कहा कि मेरा बेटा देश की सेवा करते हुए शहीद हुआ है। इस पर हम सबको गर्व है। इस दौरान कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी, कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल, भाजपा नेता बृजभूषण गैरोला, कांग्रेस नेता गौरव चौधरी, मोहित उनियाल, सागर मनवाल, विनय कंडवाल, संपूर्ण सिंह रावत, रंजीत बॉबी, पूर्व प्रधान नरेंद्र सिंह नेगी, मनोज नौटियाल, हिमांशु राणा, मनीष यादव, सरोज भंडारी, मोहन चौहान, राजन गोयल, पुरुषोत्तम डोभाल, विक्रम नेगी, आनंद सिंह राणा, विनोद पाल, भगत सिंह राणा आदि मौजूद थे।
शहीद के परिवार के साथ खड़ी है सरकार
कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने कहा कि भाजपा सरकार ने शहीद जगेंद्र के परिवार के किसी एक व्यक्ति को सरकारी नौकरी देने का निर्णय लिया है। सरकार का प्रयास है कि शहीद के नाम से संपर्क मार्ग अथवा विद्यालय का नाम रखा जाए ताकि उनका नाम हमेशा अमर रहे। कहा कि भाजपा सरकार शहीद के परिवार के साथ खड़ी है।
कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने कहा कि उत्तराखंड वीरों की भूमि है। राज्य के बहादुर सैनिकों ने हमेशा राज्य का मान बढ़ाने का काम किया है। शहीद जगेंद्र सिंह की शहादत को याद रखा जाएगा। परमात्मा शहीद के परिवार को दुख सहन करने की शक्ति दे। ऐसी कामना करता हूं।