उत्तराखंडः जिला पंचायत अध्यक्ष पद पर आरक्षण फाइनल, 15 आपत्तियां दरकिनार
- राज्य निर्वाचन आयोग को भी देर शाम भेजी सूचना
- आयोग ने भी की आरक्षण सूची मिलने की पुष्टि
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शासन ने जिला पंचायत अध्यक्ष पद पर आखिरकार देर शाम आरक्षण की अंतिम सूची भी जारी की। सात जिलों की 15 आपत्तियों को निपटाते हुए शासन ने किसी भी सीट पर कोई बदलाव नहीं किया।
अब देहरादून का जिला पंचायत अध्यक्ष पद अनुसूचित जनजाति महिला और पिथौरागढ़ का जिला पंचायत अध्यक्ष पद अन्य पिछड़ा वर्ग महिला के लिए आरक्षित हो गया है। राज्य निर्वाचन आयोग ने भी आरक्षण की अंतिम अधिसूचना मिलने की पुष्टि की है।
शासन की ओर से घोषित किए गए आरक्षण में शासन को सात दिन के अंतराल में कुल 15 आपत्तियां मिलीं। इनमें से देहरादून जिला पंचायत अध्यक्ष पद को अनुसूचित जनजाति महिला के लिए आरक्षित करने पर भी सवाल उठाया गया था।
यह भी कहा गया कि अनुसूचित जनजाति के लिए देहरादून की बजाय ऊधमसिंह नगर को आरक्षित किया जाना बेहतर होगा। इसी तरह पिथौरागढ़ को ओबीसी के लिए आरक्षित करने पर भी सवाल उठाया गया। शासन ने माना कि देहरादून में जिला पंचायत अध्यक्ष पद पर अनुसूचित जनजाति को प्रतिनिधित्व देने के लिए आरक्षण पूरी तरह से सही है।
देर रात राज्य निर्वाचन आयोग को भी यह अधिसूचना भेज दी गई। पंचायत सचिव रणजीत सिन्हा ने इसकी पुष्टि की। सचिव के मुताबिक आरक्षण की अंतिम अधिसूचना में कोई बदलाव नहीं किया गया है। राज्य निर्वाचन आयुक्त चंद्रशेखर भट्ट ने भी आरक्षण सूची मिलने की पुष्टि की।
यह है फाइनल आरक्षण
उत्तरकाशी - अनारक्षित
टिहरी - अनारक्षित
पौड़ी - अनुसूचित जाति
रुद्रप्रयाग - अनुसूचित जाति महिला
चमोली - अनारक्षित
देहरादून - अनुसूचित जनजाति महिला
ऊधमसिंह नगर - अन्य महिला
नैनीताल - अन्य महिला
अल्मोड़ा - अनारक्षित
चंपावत - अन्य महिला
बागेश्वर - अन्य महिला
पिथौरागढ़ - अन्य पिछड़ा वर्ग महिला