उत्तराखंड: चीन सीमा से लगी नीती घाटी में इनर लाइन समाप्त, पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा
- पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज ने दिए मार्च 2021 से टिंबरसैंण महादेव यात्रा की तैयारी करने के निर्देश
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उत्तराखंड के चमोली जिले की नीती घाटी में इनर लाइन खत्म हो गई है। इससे दूरस्थ और सीमांत क्षेत्र में पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा। पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज ने विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि मार्च 2021 से टिंबरसैंण महादेव की यात्रा के साथ नीति घाटी में पर्यटन गतिविधियों को संचालित करने की तैयारी की जाए।
शुक्रवार को उत्तराखंड पर्यटन विकास परिषद में पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज ने विभागीय अधिकारियों के साथ बैठक कर पर्यटन योजनाओं की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि केंद्र ने नीती घाटी में इनर लाइन खत्म कर दी है। इससे नीती घाटी में साहसिक पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा।
उन्होंने कहा कि टिंबरसैंण महादेव में अमरनाथ की तरह प्राकृतिक रूप से विशाल शिवलिंग की रचना होती है। लेकिन अभी तक इनर लाइन के कारण यहां पर्यटन को बढ़ावा नहीं मिल पा रहा था। अब इनर लाइन समाप्त होने से टिंबरसैंण महादेव की यात्रा का संचालन हो पाएगा।
बैठक में पर्यटन सचिव दिलीप जावलकर, पर्यटन अपर सचिव सोनिका, प्रबंधक निदेशक गढ़वाल मंडल विकास निगम आशीष चौहान, प्रबंधक निदेशक केएमवीएन एवं अपर मुख्य कार्यकारी अधिकारी यूटीडीबी रोहित मीना समेत कई अधिकारी मौजूद रहे।
चौरासी कुटिया पर्यटन विभाग को सौंपने के लिए पीएम से करेंगे आग्रह
महाराज ने कहा कि प्रदेश में पर्यटन को संवारने के लिए सफारी पार्क को विकसित करने के साथ ऋषिकेश स्थित चौरासी कुटिया को पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित किया जाएगा। चौरासी कुटिया को पर्यटन विभाग को सौंपने के लिए पीएम से आग्रह करेंगे।
उन्होंने उत्तराखंड के आखिरी गांव माणा में कार्यक्रम कराने के भी दिशा निर्देश दिए। कहा कि जीएमवीएन व केएमवीएन के एकीकरण करने की प्रक्रिया पर गंभीरता से काम किया जाए। कहा कि पर्यटन को बढ़ावा देने के साथ ही हैरिटेज स्थलों के रख रखाव पर भी ध्यान देना चाहिए।
कहा कि राज्य में सफारी पार्क को विकसित करने की कार्य योजना पर काम शुरू करें। उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शवराज सिंह चौहान से वार्ता कर इस प्रयास में लगे हैं कि वहां से एक सफेद टाइगर उत्तराखंड लाया जाए।