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Uttarakhand: अमरूद के बगीचे में लगाए पिंजरे में कैद हुआ गुलदार, वन विभाग की टीम को मिली सफलता
Sun, 20 Feb 2022 06:11 PM IST
रेनू सकलानी
संवाद न्यूज एजेंसी, धनौरी
संवाद न्यूज एजेंसी, धनौरी
Published by: रेनू सकलानी
Updated Sun, 20 Feb 2022 06:11 PM IST
सार
धनौरी क्षेत्र में पिछले वर्ष मई माह में भी एक गुलदार वन विभाग के पिंजरे में फंस गया था।
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गुलदार
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
एक महीने से दहशत के पर्याप्त बना गुलदार वन विभाग के पिंजरे में कैद हो गया। गुलदार को चिड़ियापुर रेस्क्यू सेंटर भेज दिया गया है। गुलदार के पकड़े जाने से ग्रामीणों ने बड़ी राहत की सांस ली है। धनौरी क्षेत्र में एक गुलदार एक माह से ग्रामीणों को दिख रहा था।
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लदार कभी खेतों पर काम करने वाले किसानों के सामने आ जाता था तो कभी राहगीरों को नजर आ जाता था। गुलदार के क्षेत्र में लगातार दिखाई देने से ग्रामीणों में दहशत का माहौल बना हुआ था। खासकर जसवावाला गांव में गुलदार के दिखाई देने के कारण पिछले एक महीने से लोग भयभीत नजर आ रहे थे।
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ग्रामीणों ने वन विभाग से गुलदार को पकड़ने की गुहार लगाईं थी। वन विभाग की टीम ने करीब 15 दिन पहले गुलदार को पकड़ने के लिए गांव में पिंजरा लगाया था, लेकिन गुलदार पिंजरे में कैद नहीं हो रहा था। वन विभाग ने गुलदार को पकड़ने के लिए मुर्गे को पिंजरे में रखा था। रविवार सुबह गुलदार पिंजरे में फंसा देखकर ग्रामीणों ने इसकी सूचना वन विभाग को दी।
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रेंजर मयंक गर्ग ने बताया कि नर गुलदार की उम्र लगभग चार साल है। उसे फिलहाल रेस्क्यू सेंटर चिड़ियापुर में भेज दिया गया है। जहां पहले उसका चिकित्सीय परीक्षण किया जाएगा। चिकित्सीय परीक्षण में अगर गुलदार सही पाया गया तो उसे घने जंगल में ले जाकर छोड़ दिया जाएगा।