विपक्ष के तंज और सत्ता पक्ष के जवाब: 'भाजपा विधायक की सूखी दाढ़ी बता रही तेल की महंगाई' पढ़िए उत्तराखंड सदन की रोचक बातें
उत्तराखंड की पांचवीं विधानसभा के पहले सत्र के दौरान कुछ क्षण ऐसे आए जब सदन में हर कोई भावुक हो गया। वहीं कुछ पल ऐसे भी थे जहां विधायक अपनी हंसी नहीं रोक पाए। विपक्ष के तंज और पक्ष के जवाबों ने हंसी से लोटपोट किया।
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उत्तराखंड की पांचवीं विधानसभा का प्रथम सत्र बुधवार को अनिश्चितकाल के लिए स्थगित हो गया। सरकार ने 31 मार्च तक तीन दिवसीय सत्र तय किया था, लेकिन विधायी कामकाज न होने की वजह से दो दिन में ही सत्र संपन्न हो गया। सत्र में सदन की कार्यवाही कुल 7 घंटे 23 मिनट चली। जिसमें राज्यपाल अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव के साथ 21,116.81 करोड़ का उत्तराखंड विनियोग लेखानुदान विधेयक पारित किया गया।
राज्यपाल के अभिभाषण से 29 मार्च को विधानसभा सत्र शुरू हुआ था। इसी दिन सरकार सदन में लेखानुदान पेश किया था। बुधवार को सत्र के दूसरे दिन दिवंगत विधायक हरबंस कपूर और गोपाल दत्त ओझा के निधन पर पक्ष और विपक्ष ने शोक संवेदना प्रकट की। भोजनावकाश के बाद शुरू हुई सदन की कार्यवाही में विपक्ष की ओर से नियम 310 के तहत उठाए गए मुद्दों को नियम 58 में सुना गया।
दो दिवसीय सत्र में दो अध्यादेश और दो प्रतिवेदन रिपोर्ट सदन पटल रखे गए। सदन में महंगाई पर बोलते हुए विपक्ष के विधायक ने सामने बैठे भाजपा विधायक को अपनी बात साबित करने का आधार बनाया। उन्होंने कहा कि सामने बैठे विधायक जी की सूखी हुई दाढ़ी बयां कर रही है कि तेल कितना महंगा है। इस पर पूरे सदन में बैठे विधायक अपनी हंसी नहीं रोक पाए।
कपूर के संस्मरण सुनाते हुए फफक पड़े गणेश जोशी
कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी स्व. कपूर के संस्मरण सुनाते हुए भावुक होकर रो पड़े। उन्होंने कहा कि आज मैं जो हूं वह कपूर जी की बदौलत हूं। एक बार कपूर जी ने मुझसे कहा कि भाजपा के लिए काम करना है। जिस क्षेत्र से मैं था वहां भाजपा का बस्ता नहीं लगता था। उनके कहने पर ही मैंने भाजपा के लिए काम करना शुरू किया। उन्होंने सदन के माध्यम से सरकार से मांग की है कि कपूर जी के नाम पर देहरादून में किसी संस्थान का नामकरण किया जाए। साथ ही विधानसभा अध्यक्ष से आग्रह किया विधानसभा की गैलरी में कपूर जी का चित्र लगाया जाए।अच्छे नहीं बुरे दिल ही लौटा दो..
महंगाई पर बात करते हुए विपक्ष के विधायकों ने तंज कसा कि हमें अच्छे दिन नहीं बल्कि हमारे बुरे दिन ही लौटा दो। ऐसे दिन, जिनमें पेट्रोल 60 से 70 रुपये, डीजल 50 से 60 रुपये प्रति लीटर और गैस सिलिंडर 400 रुपये का था। इस पर पलटकर मंत्री ने कहा कि आप विपक्ष में बैठे हैं, यह आपके बुरे दिन ही तो हैं।
सबका वोट हमें मिला तो वह गया कहां
महंगाई पर बोलते हुए विपक्ष के विधायक ने नई सरकार को लेकर भी तंज कसा। उन्होंने कहा कि चुनाव के दौरान महंगाई मुद्दा था। सबकी भावनाएं कांग्रेस के साथ थी। माहौल भी हमारा था। सबने वोट भी हमें दिया तो वह वोट गया कहां। उन्होंने अप्रत्यक्ष तौर पर कहा कि ईवीएम बाबा की पूजा करने वालों को ही इसका लाभ मिला है। सत्ता पक्ष ने भी तुरंत प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि जो लोग आपकी तरफ जीतकर आए हैं, उन्होंने भी ईवीएम की ही पूजा की होगी।ये भी पढ़ें...उत्तराखंड: सीएम धामी की पत्नी का फर्जी ऑडियो वायरल होने से मची खलबली, दो लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज