{"_id":"61fcb5ffe68e7953ed795872","slug":"uttarakhand-election-2022-bjp-expelled-six-rebels-from-the-party-for-six-years","type":"story","status":"publish","title_hn":"Uttarakhand Election 2022: बागियों को नहीं मना पाई भाजपा, छह बागी छह साल के लिए किए निष्कासित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Uttarakhand Election 2022: बागियों को नहीं मना पाई भाजपा, छह बागी छह साल के लिए किए निष्कासित
Fri, 04 Feb 2022 10:46 AM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
Published by: Nirmala Suyal Nirmala Suyal
Updated Fri, 04 Feb 2022 10:46 AM IST
सार
पार्टी का टिकट न मिलने पर 12 विधानसभा सीटों पर बागी भाजपा प्रत्याशी के खिलाफ चुनाव मैदान में उतरे हैं। पार्टी की ओर से उन्हें मनाने के लिए पूरी कोशिश की गई, लेकिन उन्होंने अपना नामांकन वापस नहीं लिया, जिसके बाद यह कार्रवाई की गई है।
विज्ञापन
पुष्कर सिंह धामी
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
भाजपा ने छह बागियों को पार्टी से छह साल के लिए निष्कासित कर दिया है। पार्टी प्रत्याशियों के खिलाफ चुनाव मैदान में उतरने पर भाजपा ने बागियों पर यह कार्रवाई की है। नामांकन वापसी के बाद भी पार्टी ने इन बागियों को मनाने की कोशिश की थी, लेकिन बात न बनने पर सख्त रुख अपना लिया। वहीं, छह अन्य बागियों पर भी पार्टी जल्द कार्रवाई कर सकती है।
विज्ञापन
जानकारी के अनुसार पूर्व विधायक व रुद्रपुर से चुनाव लड़ रहे राजकुमार ठुकराल, कर्णप्रयाग से लड़ रहे टीका प्रसाद मैखुरी, धनोल्टी से लड़ रहे महावीर सिंह रागंड़, डोईवाला से लड़ रहे जितेंद्र नेगी, कोटद्वार से लड़ रहे धीरेंद्र चौहान और भीमताल से लड़ रहे मनोज शाह को पार्टी ने छह साल के लिए निष्कासित किया है।
विज्ञापन
यह भी पढ़ें...Uttarakhand Election 2022: बागियों को निकालने से हिचक रही भाजपा, मनाने के लिए पार्टी नेताओं को झोंका
विज्ञापन
दरअसल, पार्टी का टिकट न मिलने पर 12 विधानसभा सीटों पर बागी भाजपा प्रत्याशी के खिलाफ चुनाव मैदान में उतरे हैं। पार्टी की ओर से उन्हें मनाने के लिए पूरी कोशिश की गई, लेकिन उन्होंने अपना नामांकन वापस नहीं लिया, जिसके बाद यह कार्रवाई की गई है। बता दें कि कांग्रेस की ओर से बागियों के खिलाफ कार्रवाई करने के बाद भाजपा पर भी बागियों को बाहर करने के लिए दबाव था।
भाजपा में अनुशासन सर्वोपरि है। जो लोग पार्टी की रीति नीति और सिद्धांतों के विपरीत आचरण करेंगे, पार्टी उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई करेगी। पार्टी ने बातचीत के माध्यम से बागियों को मनाने की पूरी कोशिश की। नामांकन वापसी के बाद भी कोशिश की। जो लोग पार्टी लाइन से बाहर जाकर चुनाव लड़ने की जिद पर अडिग रहे, उन्हें पार्टी से छह साल के लिए निष्कासित कर दिया गया है।
- मदन कौशिक, प्रदेश अध्यक्ष भाजपा
इन बागियों पर नहीं लिया अभी फैसला
धर्मपुर से वीर सिंह पंवार, चकराता से कमलेश भट्ट, यमुनोत्री से मनोज कोली, किच्छा से अजय तिवारी, लालकुआं से पवन चौहान चुनाव मैदान में हैं, लेकिन अभी तक भाजपा ने इन पर कोई फैसला नहीं लिया है।