झील के बीच फ्लोटिंग मरीना में कैबिनेट बैठक, पर्यटन और रोजगार को लेकर सरकार ने लिए ये बड़े फैसले
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इस बार उत्तराखंड की कैबिनेट बैठक ने इतिहास बना दिया। झील के बीच फ्लोटिंग मरीना में बैठकर टिहरी झील के बीच में बैठक कर सरकार ने पर्यटन और रोजगार को लेकर कई महत्वपूर्ण फैसले लिए। उत्तराखंड सरकार ने पर्यटन गतिविधियों को उद्योग का दर्जा दे दिया है।
बुधवार को प्रदेश मंत्रिमंडल की बैठक में यह महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया। माना जा रहा है कि पर्यटन सेक्टर को बढ़ावा देकर सरकार रोजगार के नए अवसर पैदा करना चाहती है। इसी उद्देश्य के तहत राजधानी से दूर पर्यटन की असीम संभावनाओं से भरपूर टिहरी झील में पहली बार तैरते रेस्तरां (फ्लोटिंग मारीना) में कैबिनेट की बैठक की गई।
मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत की अध्यक्षता में हुई बैठक में लिए निर्णय के तहत प्रदेश में आयुर्वेद, योग, पंचकर्म, यूनानी चिकित्सा, नेचुरलोपैथी, होम्योपैथी, स्पा, पॉवर वोट, स्किल गेम, वोटर स्कीइंग, राफ्टिंग, बंजी जंपिंग, ज्वॉय राइडिंग सरीखी पर्यटन गतिविधियों को सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग (एमएसएमई) नीति दायरे में लाया गया है।
शासकीय प्रवक्ता मदन कौशिक ने बताया कि इस नीति के तहत पर्यटन गतिविधियों को वे सारी सुविधाएं प्राप्त होंगी, जो दूसरे उद्योगों को दी जा रही हैं। इतना ही नहीं कैबिनेट ने आयुष और वेलनेस सेंटर को मेगा इंडस्ट्री इन्वेस्टमेंट नीति के तहत लाने का भी निर्णय लिया है। इस फैसले से होटल, रिजार्ट, सी प्लेन, रोप-वे, आयुर्वेद, योग समेत कुल 22 गतिविधियों के संचालन में नीति के तहत कई लाभ मिलेंगे।
13 जिले 13 डेस्टिनेशन को हरी झंडी
सरकार ने युवाओं को स्वरोजगार से जोड़ने के लिए वीरचंद्र सिंह गढ़वाली ऋण योजना का दायरा बढ़ा दिया है। इसके तहत योजना में 11 और गतिविधियों को शामिल किया गया है। इसमें क्याकिंग, कैरा वैन, एंगलिंग, स्टार डेसिंग, लांड्री, बैकरी, म्यूजियम, क्रय-विक्रय केंद्र और ट्रैकिंग उपकरण शामिल हैं। इन सभी गतिविधियों को शुरू करने के लिए सरकार योजना के तहत ऋण उपलब्ध कराएगी।
13 जिले 13 डेस्टिनेशन को हरी झंडी
प्रदेश मंत्रिमंडल ने 13 जनपदों में 13 डेस्टिनेशन बनाए जाने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दे दी है। प्रस्ताव के तहत 13 नए पर्यटन स्थलों का चयन किया गया है। इन्हें मसूरी और नैनीताल की तर्ज पर विकसित किया जाएगा। अल्मोड़ा में कटारमल, नैनीताल में मुक्तेश्वर, पौड़ी में सतपुली व खैरासैंण, चमोली में गैरसैंण, भराड़ीसैंण, देहरादून में महाभारत सर्किट के रूप में लाखामंडल, हरिद्वार में शक्तिपीठ थीम पार्क, उत्तरकाशी में हरकी दून व मोरी
टिहरी में टिहरी झील, रुद्रप्रयाग में चिरबिटिया, ऊधमसिंह नगर में गूलरभोज, चंपावत में देवीधुरा, बागेश्वर में गरुड़ वैली और पिथौरागढ़ में मोस्ट मानू को टूरिस्ट डेस्टिनेशन के तौर पर चिन्हित किया गया है। शासकीय प्रवक्ता मदन कौशिक ने बताया कि चिन्हित पर्यटक स्थलों में पर्यटन गतिविधियों के विस्तार के लिए भूमि का लैंड यूज पर्यटन किया जाएगा। उन्हें टूरिस्ट हब के तौर पर अवस्थापना के संसाधन जुटाए जाएंगे।
कैबिनेट ने ये फैसले भी लिए
कैबिनेट ने ये फैसले भी लिए
-पंडित दीनदयाल सामाजिक सुरक्षा योजना के तहत गरीब और असहाय महिलाओं को एक प्रतिशत ब्याज पर एक लाख रुपये तक का ऋण मिलेगा।
- एससी, एसटी और ओबीसी आरक्षण की गणना 1.5 प्रतिशत से ऊपर की होगी। (रोस्टर में पदों की संख्या 0.5 होने पर उसे पूर्ण माना जाएगा।)
-उत्तराखंड राज्य अधीनस्थ सेवा वयैक्तिक सहायक की पदोन्नति और सीधी भर्ती को मंजूरी।
-भारतीय चिकित्सा परिषद (उत्तराखंड) के ढांचे का पुनर्गठन कर आठ नए पदों का सृजन।
-मेंथा प्रजाति के उत्पादों पर मंडी शुल्क हटाया।
-रुद्रप्रयाग जनपद के बेला कोटेश्वर स्थित ज्योतिष पीठाश्वर जगतगुरू स्वामी माधवाश्रम के चिकित्सालय को राजकीय चिकित्सालय का दर्जा, समायोजित कर्मचारी।
कैबिनेट के मुख्य आकर्षण
-राज्य के इतिहास में यह पहला अवसर है जब झील के ऊपर बैठक हुई । सीएम और मंत्रियों ने लाइफ जैकेट पहनकर कैबिनेट में चर्चा की।
-कैबिनेट ने 42 वर्ग किमी क्षेत्रफल में फैली झील को विकसित करने का भी महत्वपूर्ण निर्णय लिया।