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Uttarakhand Cabinet: केदारनाथ धाम के पैदल मार्ग पर बनेंगे चार चिंतन शिविर, आराम कर सकेंगे श्रद्धालु
Wed, 31 May 2023 07:30 PM IST
अलका त्यागी
अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून
अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून
Published by: अलका त्यागी
Updated Wed, 31 May 2023 07:30 PM IST
सार
गौरीकुंड से केदारनाथ धाम तक लगभग 18 किमी. लंबे पैदल मार्ग पर अभी तक तीर्थयात्रियों को विश्राम करने के लिए पर्याप्त सुविधा नहीं है।
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केदारनाथ धाम
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
केदारनाथ धाम की यात्रा करने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए पैदल मार्ग पर चार चिंतन शिविर बनाए जाएंगे। इसके लिए केंद्रीय संस्कृति मंत्रालय ने योजना तैयार कर ली है। छोटी लिंचोली, बड़ी लिंचोली, भीमबली और रामबाड़ा में चिंतन शिविर के लिए जगह का चयन किया गया। जहां पर श्रद्धालु आराम कर सकेंगे।
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गौरीकुंड से केदारनाथ धाम तक लगभग 18 किमी. लंबे पैदल मार्ग पर अभी तक तीर्थयात्रियों को विश्राम करने के लिए पर्याप्त सुविधा नहीं है। जहां पर यात्री आराम कर थकान को दूर कर सकें। अब केदारनाथ पुनर्निर्माण के मास्टर प्लान के तहत संस्कृति मंत्रालय ने चार स्थानों पर चिंतन शिविर बनाने की योजना बनाई है, लेकिन केदारनाथ विकास प्राधिकरण की ओर से चिंतन शिविर के नक्शा स्वीकृति के लिए 75 लाख रुपये का शुल्क लिया जा रहा था।
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संस्कृति मंत्रालय ने भी चिंतन शिविर की योजना बनने के बाद शुल्क देने में असमर्थता जताई थी। इस पर सरकार ने प्राधिकरण की ओर से लिया जाने वाला शुल्क माफ कर दिया है। केदारनाथ धाम के पैदल मार्ग पर यात्री चिंतन शिविर में आराम कर सकेंगे। इससे उच्च हिमालयी क्षेत्रों के मौसम के अनुरूप यात्री अपने शरीर को ढाल सकेंगे। प्रदेश सरकार की ओर से शुल्क माफ करने से जल्द ही चिंतन शिविर का निर्माण कार्य शुरू होगा।