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Uttarakhand Cabinet: कुक्कुट विकास नीति मंजूर...लगेंगे बड़े पोल्ट्री फार्म, सस्ते होंगे अंडे और चिकन
Fri, 16 May 2025 11:52 PM IST
अलका त्यागी
अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून
अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून
Published by: अलका त्यागी
Updated Fri, 16 May 2025 11:52 PM IST
सार
प्रदेश सरकार हरियाणा की तर्ज पर उत्तराखंड में पोल्ट्री कारोबार को बढ़ावा देगी। राज्य में 15444 लाख अंडों व 395 लाख किलोग्राम पोल्ट्री मीट की प्रतिवर्ष कमी है।
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- फोटो : Istock(प्रतीकात्मक तस्वीर)
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विस्तार
उत्तराखंड में अब बड़े पोल्ट्री फार्म लगेंगे। इससे उत्पादन बढ़ने से अंडे और चिकन मीट सस्ता होने की संभावना है। पोल्ट्री क्षेत्र में बड़े निवेश के लिए कैबिनेट ने प्रदेश की पहली कुक्कुट विकास नीति को मंजूरी दे दी है। इस नीति से पांच साल में 85 करोड़ निवेश का लक्ष्य रखा गया है। पर्वतीय क्षेत्र में निवेश पर 40 प्रतिशत और मैदानी क्षेत्र में 20 प्रतिशत की सब्सिडी मिलेगी।
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प्रदेश सरकार हरियाणा की तर्ज पर उत्तराखंड में पोल्ट्री कारोबार को बढ़ावा देगी। राज्य में 15444 लाख अंडों व 395 लाख किलोग्राम पोल्ट्री मीट की प्रतिवर्ष कमी है। हरियाणा व अन्य राज्यों से अंडे और चिकन की सप्लाई होती है। प्रदेश सरकार ने अंडे व चिकन मीट की मांग को पूरा करने के साथ रोजगार के लिए कुक्कुट विकास नीति को लागू करने का निर्णय लिया है। वर्ष 2023 में आयोजित वैश्विक निवेशक सम्मेलन में कुछ निवेशकों ने राज्य में पोल्ट्री सेक्टर में निवेश करने की इच्छा जताई थी। इसके अलावा प्रदेश में अभी तक बड़े ब्रायलर और लेयर फार्म नहीं है।
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नीति लागू होने से राज्य को बड़े पोल्ट्री फार्म में 85 करोड़ रुपये का निवेश प्राप्त होगा। इस निवेश पर अनुदान पर 29 करोड़ खर्च होने का अनुमान है। सरकार का मानना है कि नीति से पोल्ट्री क्षेत्र को बढ़ावा मिलेगा। निवेश से पलायन रुकने के साथ ही राज्य को लगभग 50 लाख प्रति वर्ष जीएसटी प्राप्त होगा। इसके अलावा प्रदेश में प्रति वर्ष लगभग 32 करोड़ अंडों व 32 लाख टन चिकन मीट का उत्पादन होगा। इससे अंडे व चिकन का आयात नहीं करना पड़ेगा। नीति से राज्य में 1000 लोगों को प्रत्यक्ष और 3500 को अप्रत्यक्ष रूप में रोजगार प्राप्त होगा।