फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   ugc net exam 2018 pattern change

पहली बार बदला यूजीसी नेट का पैटर्न, पहले पेपर ने उलझाया, दूसरे से मिली राहत

Mon, 09 Jul 2018 07:49 AM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून Updated Mon, 09 Jul 2018 07:49 AM IST
विज्ञापन
ugc net exam 2018 pattern change
परीक्षा देकर केंद्र से बाहर आते परीक्षार्थी - फोटो : amar ujala

असिस्टेंट प्रोफेसर और जूनियर रिसर्च फेलोशिप के लिए आयोजित हुए यूजीसी नेट के पहले पेपर ने अभ्यर्थियों को उलझा दिया तो दूसरे पेपर से राहत मिली। इस साल यूजीसी ने नेट (नेशनल एलिजिबिलिटी टेस्ट) का पैटर्न बदल दिया है। इस वजह से तीन के बजाय केवल दो पेपर ही आए। इनमें से पहले पेपर को अभ्यर्थियों ने मुश्किल बताया। उनका कहना था कि सवालों के हिसाब से समय थोड़ा अधिक देना चाहिए था।

विज्ञापन


राजधानी में रविवार को 21 केंद्रों पर यूजीसी नेट का आयोजन हुआ। पहली बार इस परीक्षा का पैटर्न बदला गया है, इसीलिए अभ्यर्थी असमंजस में थे। परीक्षा के बाद किसी ने नए पैटर्न को बढ़िया बताया तो किसी ने पुराने पैटर्न को ज्यादा आसान करार दिया। यूजीसी ने पहले पेपर में अभ्यर्थियों को रिसर्च मैथोडोलॉजी से लेकर हायर एजुकेशन सिस्टम के पैमानों पर परखा।
विज्ञापन


पहला पेपर टीचिंग एंड रिसर्च एप्टीट्यूड का हुआ। इसमें यूजीसी ने टीचिंग एप्टीट्यूड के अलावा, रीडिंग कांप्रिहेंसन, रीजनिंग, डाटा इंटरप्रेटेशन, इंफोर्मेशन एंड कम्यूनिकेशन टेक्नोलॉजी, पिपुल एंड एनवायरमेंट और हायर एजुकेशन सिस्टम से जुड़े 50 सवाल पूछे। पेपर-2 में संबंधित विषय से जुड़े कुल 100 प्रश्न पूछे गए। प्रत्येक प्रश्न के लिए दो अंक निर्धारित थे। पहले पेपर के लिए एक घंटा और दूसरे पेपर के लिए दो घंटे का समय दिया गया। राजधानी में 21 केंद्रों पर हुई परीक्षा में 12,632 अभ्यर्थी पंजीकृत थे। इनमें से 27 प्रतिशत अभ्यर्थी अनुपस्थित रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन


पेपर-1 के लिए मिला एक घंटे का समय कम था। यूजीसी को इस पेपर के लिए कम से कम डेढ़ घंटे का समय देना चाहिए था। वैसे बदला हुआ पैटर्न अच्छा है।
-संतोष शर्मा, विकासनगर

पेपर-1 और पेपर-2 दोनों ही बेहतर हैं। पेपर-1 के सिलेबस में कई बदलाव किए गए हैं जो कि अच्छा प्रयास है। पेपर-2 थोड़ा लंबा था लेकिन मुश्किल नहीं था।
-अंजना सैनी, रुड़की

नेट के दोनों ही पेपर का बदला हुआ पैटर्न बेहतर है। पेपर-1 थोड़ा लंबा लगा क्योंकि इसमें 60 मिनट में 50 सवाल हल करने थे। पेपर-2 के लिए दो घंटे पर्याप्त हैं।
-हरेंद्र मलिक, हरिद्वार

यूजीसी ने नेट का पैटर्न बदलकर दिनभर की थकाऊ परीक्षा से निजात दी है। पेपर-1 में कुछ और बदलाव करने की जरूरत है। पेपर-2 बेहतर रहा है। परीक्षा अच्छी रही।
-परमेंद्र सिंह, सहारनपुर

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed