उत्तराखंड में आयुर्वेदिक शिक्षकों के रिटायरमेंट की उम्र बढ़ी, पढ़िए कैबिनेट के सभी फैसले
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उत्तराखंड मंत्रिमंडल की बैठक में मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने आयुष के आयुर्वेदिक शिक्षकों की रिटायरमेंट की उम्र 60 से बढ़ाकर 65 कर दी गई है। इसके साथ ही उत्तराखंड कैबिनेट में कई बड़े फैसले लिए गए हैं।
बुधवार को सचिवालय में दोपहर 12.30 बजे से शुरु हुई बैठक में कई विभागों के अहम प्रस्तावों पर चर्चा की गई।
बैठक में लिए गए फैसले:
- स्वतंत्रता संग्राम सेनानी के पौत्री और नातिन शादी अनुदान के लिए अब 4000 की जगह 50 हज़ार रुपए दिए जाएंगे।
- एसडीआरएफ में अब अर्धसैनिक बलों को प्रतिनियुक्ति में लिया जाएगा।
- खाद्य आपूर्ति विभाग नाम में परिवर्तन की खाद्य आपूर्ति नागरिक एवं उपभोक्ता विभाग कर दिया गया है।
- श्रम, सेवा योजन को एक कर श्रम, सेवायोजन रोजगार कौशल विकास रोजगार विभाग बनाया गया।
- कोषागार निदेशालय में तकनीकी सवर्ग में अब प्रतिनियुक्ति भी होगी।
ये प्रस्ताव भी हुए पास
- महिलाओं के नाम पर 20 लाख को बढ़ाकर 25 लाख रुपए की खरीद में स्टैंप ड्यूटी पर छूट दी जाएगी। लेकिन यह छूट 2 बार ही मिलेगी।
- आयुर्वेदिक शिक्षा में रिटारमेंट की उम्र 60 से 65 कर दिया गया।
- खनन के रेट अधिक होने पर कैबिनेट ने मुख्य सचिव को रेट कम करने के लिए समन्वय अधिकारी नियुक्त किया है।
- जनपदों में अब तहसील दिवस का आयोजन होगा। हर माह पहले मंगलवार को तहसील दिवस आयोजित होगा।
- डेढ़ महीने में एक बार प्रभारी मंत्री को अपने जिले में जाना होगा।
- प्रत्येक सोमवार को डीएम जनता की समस्या 10 बजे से 12 बजे तक अपने ऑफिस में सुनेंगे।